PM Modi Kyrgyzstan Visit : ताशकंद में PM मोदी ने लाल बहादुर शास्त्री को दी श्रद्धांजलि, अब किर्गिस्तान के लिए रवाना

PM Modi Kyrgyzstan Visit: प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने ताशकंद में लाल बहादुर शास्त्री मेमोरियल पर श्रद्धांजलि अर्पित की। उज्बेकिस्तान दौरा पूरा करने के बाद अब वह किर्गिस्तान की राजधानी बिश्केक के लिए रवाना होंगे, जहां 26वें SCO शिखर सम्मेलन में सुरक्षा, कनेक्टिविटी और आतंकवाद समेत क्षेत्रीय मुद्दों पर भारत का पक्ष रखेंगे।

PM Modi Kyrgyzstan Visit

Wrriten By :

Chandan Das

Published On :

अगस्त 30, 2026

Advertisements
728x90 Uttar Pradesh Police Mission Shakti Digital.jpg

PM Modi Kyrgyzstan Visit : प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी इन दिनों उज्बेकिस्तान के दौरे पर हैं। रविवार को उन्होंने राजधानी ताशकंद में भारत के पूर्व प्रधानमंत्री लाल बहादुर शास्त्री को श्रद्धांजलि अर्पित की। पीएम मोदी ने शास्त्री मेमोरियल पहुंचकर पुष्प अर्पित किए और उनके राष्ट्र के प्रति योगदान को याद किया। इस दौरान उन्होंने शास्त्री के सादगीपूर्ण जीवन, साहस और देश के प्रति समर्पण को नमन किया।

‘जय जवान, जय किसान’ का नारा आज भी प्रेरणादायक

भारत के दूसरे प्रधानमंत्री लाल बहादुर शास्त्री का ताशकंद से ऐतिहासिक संबंध रहा है। विदेश मंत्रालय ने कहा कि उनका प्रसिद्ध नारा ‘जय जवान, जय किसान’ आज भी पीढ़ियों को प्रेरित करता है। मंत्रालय के मुताबिक, शास्त्री का जीवन सादगी, साहस और देश के प्रति अटूट समर्पण का प्रतीक था। प्रधानमंत्री मोदी ने शास्त्री मेमोरियल पर श्रद्धांजलि देकर उनके योगदान और विरासत को सम्मान दिया।

ताशकंद में हुआ था शास्त्री का निधन

लाल बहादुर शास्त्री का 11 जनवरी 1966 को उज्बेकिस्तान की राजधानी ताशकंद में अचानक निधन हो गया था। उनका निधन 1965 के भारत-पाकिस्तान युद्ध के बाद हुआ था। इससे कुछ घंटे पहले ही भारत और पाकिस्तान के बीच युद्ध समाप्त करने के उद्देश्य से ऐतिहासिक ताशकंद समझौते पर हस्ताक्षर किए गए थे। यही वजह है कि ताशकंद भारत के इतिहास में शास्त्री जी की स्मृति से विशेष रूप से जुड़ा हुआ है।

पीएम मोदी और मिर्जियोयेव ने साथ लगाया पौधा

प्रधानमंत्री मोदी ने उज्बेकिस्तान के राष्ट्रपति शौकत मिर्जियोयेव के साथ मिलकर राष्ट्रपति भवन के बगीचे में एक पौधा भी लगाया। विदेश मंत्रालय के अनुसार, यह कार्यक्रम भारत की ‘एक पेड़ मां के नाम’ पहल और उज्बेकिस्तान के ‘यशिल माकोन’ यानी हरित अभियान के तहत आयोजित किया गया। दोनों नेताओं का यह संयुक्त वृक्षारोपण पर्यावरण संरक्षण और टिकाऊ भविष्य के प्रति दोनों देशों की साझा प्रतिबद्धता को दर्शाता है।

हरित भविष्य के लिए दोनों देशों का साझा संकल्प

विदेश मंत्रालय ने सोशल मीडिया पोस्ट में कहा कि संयुक्त वृक्षारोपण भारत और उज्बेकिस्तान के बीच पर्यावरणीय सहयोग तथा हरित और टिकाऊ भविष्य के लिए साझा सोच को दर्शाता है। पीएम मोदी और राष्ट्रपति मिर्जियोयेव ने कुक्सारॉय राष्ट्रपति भवन में प्रतिनिधिमंडल स्तर की बातचीत के बाद इस कार्यक्रम में हिस्सा लिया। इससे दोनों देशों के बीच बढ़ते सहयोग के साथ पर्यावरण संरक्षण के मुद्दे पर भी साझेदारी का संदेश गया।

द्विपक्षीय रिश्तों को मजबूत करने पर हुई बातचीत

पीएम मोदी और राष्ट्रपति मिर्जियोयेव के बीच द्विपक्षीय रणनीतिक साझेदारी को मजबूत करने को लेकर व्यापक चर्चा हुई। बातचीत में व्यापार और निवेश, नवाचार, स्टार्टअप, डिजिटल सार्वजनिक बुनियादी ढांचे, यूपीआई, रक्षा और सुरक्षा जैसे कई महत्वपूर्ण विषय शामिल रहे। दोनों नेताओं ने भारत और उज्बेकिस्तान के बीच सहयोग के नए क्षेत्रों की संभावनाओं पर भी विचार किया।

स्वास्थ्य, कृषि और अंतरिक्ष समेत कई मुद्दों पर चर्चा

बैठक के दौरान स्वास्थ्य सेवा, फार्मास्यूटिकल्स, महत्वपूर्ण खनिज, कृषि, शिक्षा और पर्यटन जैसे क्षेत्रों में सहयोग बढ़ाने पर भी चर्चा हुई। इसके अलावा अंतरिक्ष क्षेत्र और दोनों देशों के नागरिकों के बीच संपर्क बढ़ाने के विषय को भी बातचीत में प्रमुखता मिली। दोनों पक्षों ने आर्थिक और रणनीतिक संबंधों को और व्यापक बनाने की दिशा में आगे बढ़ने पर सहमति जताई।

रणनीतिक साझेदारी अब व्यापक स्तर पर ले जाने का फैसला

भारत और उज्बेकिस्तान ने अपनी मौजूदा द्विपक्षीय रणनीतिक साझेदारी को ‘व्यापक रणनीतिक साझेदारी’ के स्तर तक ले जाने का निर्णय लिया। यह फैसला दोनों देशों के रिश्तों को नई दिशा देने वाला माना जा रहा है। दोनों पक्षों ने विभिन्न क्षेत्रों में सहयोग को बढ़ाने और आपसी संबंधों को अधिक मजबूत बनाने की प्रतिबद्धता भी दोहराई।

2030 तक पांच अरब डॉलर व्यापार का लक्ष्य

दोनों देशों ने वर्ष 2030 तक द्विपक्षीय व्यापार को पांच अरब अमेरिकी डॉलर तक पहुंचाने का लक्ष्य निर्धारित किया। इसके लिए आर्थिक और निवेश संबंधों को मजबूत करने पर जोर दिया गया। साथ ही दोनों देशों के बीच व्यापारिक अवसरों को बढ़ाने के उद्देश्य से एक व्यापार शिखर सम्मेलन आयोजित करने का आह्वान भी किया गया।

उज्बेकिस्तान दौरा पूरा कर किर्गिजस्तान रवाना हुए मोदी

उज्बेकिस्तान की यात्रा पूरी करने के बाद प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी अब किर्गिजस्तान के लिए रवाना हो गए हैं। वह वहां 26वें शंघाई सहयोग संगठन यानी SCO शिखर सम्मेलन में हिस्सा लेंगे। प्रधानमंत्री मोदी का किर्गिजस्तान दौरा 31 अगस्त से 1 सितंबर तक प्रस्तावित है। इस दौरान क्षेत्रीय सहयोग, सुरक्षा और आपसी संबंधों से जुड़े कई महत्वपूर्ण मुद्दों पर चर्चा होने की उम्मीद है।

Read More  :  Shami 900 Wickets : मोहम्मद शमी ने दलीप ट्रॉफी में रचा इतिहास, 900 प्रोफेशनल विकेट लेने वाले छठे भारतीय

2