Shami 900 Wickets : मोहम्मद शमी ने दलीप ट्रॉफी में रचा इतिहास, 900 प्रोफेशनल विकेट लेने वाले छठे भारतीय

Shami 900 Wickets: मोहम्मद शमी ने दलीप ट्रॉफी 2026 के सेमीफाइनल में सेंट्रल जोन के खिलाफ दो विकेट लेकर इतिहास रच दिया। यश राठौड़ और अरशद खान को आउट करते ही उनके प्रोफेशनल क्रिकेट में 900 विकेट पूरे हो गए। शमी यह उपलब्धि हासिल करने वाले भारत के छठे गेंदबाज बने हैं।

Shami 900 Wickets

Wrriten By :

Chandan Das

Published On :

अगस्त 30, 2026

Shami 900 Wickets : दलीप ट्रॉफी 2026 के सेमीफाइनल मुकाबले के पहले ही दिन अनुभवी तेज गेंदबाज मोहम्मद शमी ने भारतीय क्रिकेट में खास मुकाम हासिल कर लिया। ईस्ट जोन की ओर से खेलते हुए शमी ने अपने प्रोफेशनल क्रिकेट करियर में 900 विकेट पूरे कर लिए। वह फर्स्ट क्लास, लिस्ट-ए और टी20 क्रिकेट को मिलाकर यह उपलब्धि हासिल करने वाले भारत के छठे गेंदबाज बन गए हैं। शमी ने यह रिकॉर्ड सेंट्रल जोन के खिलाफ सेमीफाइनल मुकाबले में बनाया।

ईस्ट जोन ने टॉस जीतकर चुनी गेंदबाजी

सेमीफाइनल मुकाबले में ईस्ट जोन ने टॉस जीतकर पहले गेंदबाजी करने का फैसला किया। सेंट्रल जोन की टीम पहली पारी में 266 रन बनाकर ऑलआउट हो गई। पारी का आखिरी विकेट गिरते ही पहले दिन का खेल भी समाप्त घोषित कर दिया गया। ईस्ट जोन के गेंदबाजों ने शुरुआत से ही दबाव बनाए रखा और नियमित अंतराल पर विकेट हासिल करते हुए विपक्षी टीम को बड़ा स्कोर बनाने से रोक दिया।

शमी ने दो अहम विकेट किए हासिल

मोहम्मद शमी ने सेंट्रल जोन की पारी में दो महत्वपूर्ण विकेट अपने नाम किए। उन्होंने सबसे पहले यश राठौड़ को आउट किया। इसके बाद अरशद खान को महज एक रन के निजी स्कोर पर पवेलियन भेजा। अरशद का विकेट हासिल करते ही शमी ने अपने प्रोफेशनल क्रिकेट करियर में 900 विकेट का आंकड़ा पार कर लिया। इस उपलब्धि के साथ उन्होंने भारतीय क्रिकेट के चुनिंदा गेंदबाजों की सूची में जगह बना ली।

900 विकेट क्लब में शामिल हुए शमी

शमी ने अब तक फर्स्ट क्लास क्रिकेट में 379 विकेट, लिस्ट-ए क्रिकेट में 283 विकेट और टी20 क्रिकेट में 280 विकेट हासिल किए हैं। इन तीनों प्रारूपों के आंकड़ों को जोड़ने पर उनके कुल प्रोफेशनल विकेटों की संख्या 900 हो जाती है। इस उपलब्धि के साथ वह भारत के उन चुनिंदा गेंदबाजों में शामिल हो गए हैं, जिन्होंने अपने करियर में इस आंकड़े को छुआ है।

मुकेश और अभिजीत ने भी दिखाया दम

सेंट्रल जोन को 266 रन पर रोकने में ईस्ट जोन के अन्य गेंदबाजों का भी महत्वपूर्ण योगदान रहा। मुकेश कुमार और अभिजीत सरकार ने शानदार गेंदबाजी करते हुए तीन-तीन विकेट हासिल किए। वहीं मोहम्मद शमी और कुनैन कुरैशी ने दो-दो बल्लेबाजों को पवेलियन भेजा। गेंदबाजों के सामूहिक प्रदर्शन की वजह से ईस्ट जोन ने सेंट्रल जोन की पारी को ज्यादा लंबा नहीं खिंचने दिया।

रिंकू सिंह ने खेली उपयोगी पारी

सेंट्रल जोन की ओर से रिंकू सिंह ने 60 रन की महत्वपूर्ण पारी खेली। उनकी बल्लेबाजी ने टीम को मुश्किल परिस्थितियों से उबारने में अहम भूमिका निभाई। इसके अलावा आर्यन जुयाल ने 46 रन बनाए। हालांकि, जुयाल का विकेट एक दिलचस्प फैसले के बाद गिरा। अंपायर ने उन्हें नॉट आउट दिया था, लेकिन ईस्ट जोन की कमान संभाल रहे वैभव सूर्यवंशी ने रिव्यू लेने का फैसला किया।

15 साल के वैभव ने संभाली कप्तानी

इस मुकाबले में ईस्ट जोन की कप्तानी को लेकर भी खास चर्चा रही। टीम के नियमित कप्तान ईशान किशन हैं, लेकिन चोट के कारण पहले दिन उन्हें मैदान से बाहर जाना पड़ा। उनकी गैरमौजूदगी में 15 वर्षीय वैभव सूर्यवंशी ने टीम की कप्तानी संभाली। वैभव को इस टीम में उपकप्तान चुना गया था। कप्तान के रूप में उनके फैसलों में सबसे अहम रिव्यू का निर्णय रहा, जिससे आर्यन जुयाल का विकेट हासिल हुआ।

शमी के अंतरराष्ट्रीय आंकड़े भी शानदार

मोहम्मद शमी भारतीय क्रिकेट के अनुभवी तेज गेंदबाजों में शामिल हैं। उन्होंने भारत के लिए अब तक 64 टेस्ट, 108 वनडे और 25 टी20 अंतरराष्ट्रीय मुकाबले खेले हैं। इन मैचों में उन्होंने क्रमशः 229, 206 और 27 विकेट अपने नाम किए हैं। लंबे समय तक भारतीय टीम की तेज गेंदबाजी की अगुवाई करने वाले शमी ने घरेलू क्रिकेट में भी अपनी प्रभावशाली गेंदबाजी का सिलसिला जारी रखा है।

जन्मदिन से पहले मिला खास तोहफा

मोहम्मद शमी जल्द ही अपना 36वां जन्मदिन मनाने वाले हैं। सितंबर की शुरुआत में जन्मदिन से पहले 900 प्रोफेशनल विकेट का आंकड़ा उनके करियर की एक और बड़ी उपलब्धि बन गया है। चोट और फिटनेस से जुड़ी चुनौतियों के बावजूद शमी ने मैदान पर अपनी उपयोगिता साबित की है। दलीप ट्रॉफी के सेमीफाइनल में हासिल किया गया यह रिकॉर्ड उनके लंबे और सफल क्रिकेट करियर में एक और महत्वपूर्ण अध्याय जोड़ता है।

भारतीय गेंदबाजों के खास क्लब में शमी

900 प्रोफेशनल विकेट पूरे करना किसी भी गेंदबाज के लिए बड़ी उपलब्धि है। शमी ने फर्स्ट क्लास, लिस्ट-ए और टी20 क्रिकेट में लगातार प्रभाव छोड़ते हुए यह मुकाम हासिल किया। दलीप ट्रॉफी के सेमीफाइनल में दो विकेट लेकर उन्होंने न केवल ईस्ट जोन को मजबूत स्थिति में पहुंचाया, बल्कि अपने नाम एक ऐसा रिकॉर्ड भी दर्ज कराया, जिसे इससे पहले केवल पांच भारतीय गेंदबाज ही हासिल कर सके थे।

Read More  :  राजनाथ सिंह बोले- केंद्र और यूपी सरकार की सोच एक दिशा में, कई गुना बढ़ी विकास की रफ्तार