Parliament Protest: खरगे का PM मोदी के वीडियो पर जवाब, विपक्ष बोला- इस शर्त पर होगी चर्चा

संसद में जारी विरोध प्रदर्शन के बीच कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खरगे ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के वीडियो पर प्रतिक्रिया दी है। विपक्ष ने चर्चा के लिए एक शर्त रखी है। आखिर सरकार और विपक्ष के बीच सहमति क्यों नहीं बन पा रही, क्या संसद में बहस होगी और आगे क्या घटनाक्रम होगा? जानिए पूरी खबर।

Parliament Protest

Wrriten By :

Chandan Das

Published On :

जुलाई 24, 2026

Parliament Protest : देश भर में नीट (NEET) पेपर लीक का मामला और जंतर-मंतर पर चल रहे छात्रों के उग्र आंदोलन इन दिनों राजनीतिक गलियारों में चर्चा का मुख्य केंद्र बने हुए हैं। इस पूरे प्रकरण के बीच विभिन्न राजनीतिक दलों के बीच बयानबाजी अपने चरम पर पहुंच चुकी है। स्थिति की गंभीरता को देखते हुए अब विपक्ष ने भी सरकार के खिलाफ मोर्चा पूरी तरह से खोल दिया है, जिससे संसद से लेकर सड़क तक सियासी पारा लगातार बढ़ता जा रहा है।

पीएम मोदी के वीडियो संदेश पर कांग्रेस अध्यक्ष का तीखा हमला

शुक्रवार देर रात प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी द्वारा जारी किए गए एक वीडियो संदेश के बाद राजनीतिक सरगर्मी और तेज हो गई, जिस पर कांग्रेस पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खरगे ने कड़ा पलटवार किया है। खरगे ने स्पष्ट कर दिया है कि पूरा विपक्ष संसद के भीतर शिक्षा व्यवस्था पर सार्थक चर्चा करने के लिए पूरी तरह से तैयार है, लेकिन इसके लिए सरकार को सबसे पहले कुछ कड़े और निर्णायक कदम उठाने होंगे।

संसद के पटल पर बयान दें प्रधानमंत्री, न करें मन की बात

सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म ‘एक्स’ पर अपनी तीखी प्रतिक्रिया साझा करते हुए कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खरगे ने प्रधानमंत्री पर जमकर निशाना साधा। उन्होंने लिखा कि जब देश की संसद सत्र में चल रही होती है, तब प्रधानमंत्री का यह दायित्व बनता है कि वे संसद के पटल पर आकर अपना बयान दें, न कि देर रात एकतरफा वीडियो बनाकर ‘मन की बात’ करें। खरगे ने मांग की कि प्रधानमंत्री मोदी को संसद में आने से पहले केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान को उनके पद से बर्खास्त करना चाहिए।

छात्रों से माफी और दोषियों पर कड़ी कार्रवाई की मांग

अपने कड़े संदेश को आगे बढ़ाते हुए मल्लिकार्जुन खरगे ने कहा कि सरकार को सबसे पहले देश के छात्रों से सार्वजनिक रूप से माफी मांगनी चाहिए। इसके साथ ही उन्होंने यह भी मांग उठाई कि जिन लोगों के इशारे पर शांतिपूर्ण प्रदर्शन कर रहे छात्रों की आवाज को दबाने के लिए लाठी-डंडों और पेलेट गन का इस्तेमाल किया गया, उन सभी जिम्मेदार अधिकारियों और लोगों पर सख्त कानूनी कार्रवाई की जानी चाहिए। तभी विपक्ष शिक्षा व्यवस्था को लेकर विस्तृत चर्चा में भाग लेगा।

पीएम मोदी का वीडियो संदेश और कैबिनेट बैठक का बड़ा ऐलान

इससे पहले, शुक्रवार की देर रात जारी अपने वीडियो संदेश में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने जंतर-मंतर पर जारी विरोध प्रदर्शनों के बीच देश के युवाओं और छात्रों को पूरा भरोसा दिलाया कि पेपर लीक का मामला बेहद गंभीर है और इसमें और भी कड़ी कार्रवाई की जाएगी। पीएम ने जानकारी दी थी कि केंद्रीय कैबिनेट की बैठक में पेपर लीक के खिलाफ बेहद सख्त कानूनों और दंडात्मक उपायों पर गहन चर्चा की जाएगी।

प्रशासनिक फेरबदल और सोनम वांगचुक का अनशन समाप्त

इस पूरे विवाद के बीच केंद्र सरकार ने शिक्षा मंत्रालय में एक बड़ा प्रशासनिक फेरबदल करते हुए उच्च शिक्षा विभाग के सचिव विनीत जोशी को उनके पद से हटाकर पंचायती राज मंत्रालय का सचिव नियुक्त कर दिया है, और उनकी जगह नरेश पाल गंगवार को नया सचिव बनाया गया है। दूसरी ओर, पिछले 26 दिनों से लद्दाख के मुद्दों और छात्रों के समर्थन में अनशन पर बैठे सामाजिक कार्यकर्ता सोनम वांगचुक ने आखिरकार अपनी भूख हड़ताल समाप्त कर दी है। मेदांता अस्पताल में केंद्रीय मंत्रियों जेपी नड्डा और डॉ. जितेंद्र सिंह ने उन्हें जूस पिलाकर उनका अनशन तुड़वाया।

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