Pappu Yadav Attack Case: पूर्णिया से सांसद राजेश रंजन उर्फ पप्पू यादव के खिलाफ उस व्यक्ति ने पुलिस में शिकायत दर्ज कराई है, जिसने हाल ही में उनके ऊपर चप्पल फेंकी थी। आरोपी सुमित कुमार ने दिल्ली के तिलक मार्ग थाने में लिखित शिकायत देकर पप्पू यादव, मुनाजिर आलम और उनके कुछ सहयोगियों पर कई गंभीर आरोप लगाए हैं। शिकायत में सुमित ने मारपीट, लूट और जान से मारने की धमकी जैसे आरोप लगाए हैं। उसने पुलिस से मामले की जांच कर उचित कानूनी कार्रवाई करने की मांग की है। शिकायतकर्ता ने यह भी कहा है कि यदि भविष्य में उसे या उसके दोस्त हैप्पी को किसी तरह का नुकसान पहुंचता है, तो इसके लिए पप्पू यादव और उनके सहयोगियों को जिम्मेदार माना जाए।
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घटना को लेकर शिकायत में किया गया दावा
सुमित कुमार के अनुसार, 3 अगस्त 2026 को वह अपने दोस्त हैप्पी के साथ पप्पू यादव के दिल्ली स्थित केजी मार्ग आवास पर पहुंचे थे। उनका कहना है कि उन्हें वहां संतों की सभा होने की जानकारी मिली थी, लेकिन मौके पर सांसद की प्रेस कॉन्फ्रेंस चल रही थी। शिकायत में दावा किया गया है कि प्रेस कॉन्फ्रेंस के दौरान सुमित ने 31 जुलाई की एक घटना को लेकर पप्पू यादव से सवाल किया था। यह मामला भगवान श्रीराम की तस्वीर और कथित दान पात्र से जुड़ा हुआ बताया गया है। शिकायत के मुताबिक, विरोध जताते हुए सुमित ने अपनी चप्पल पप्पू यादव की ओर फेंकी, जिसके बाद वहां मौजूद लोगों ने उसे पकड़ लिया।
मारपीट और सामान छीनने का लगाया आरोप
सुमित ने अपनी शिकायत में आरोप लगाया है कि घटना के बाद पप्पू यादव ने अपने कुछ सहयोगियों को बुलाया। शिकायतकर्ता का दावा है कि उनमें से कुछ लोगों के पास धारदार और अन्य खतरनाक हथियार थे। शिकायत में आरोप लगाया गया है कि उसके गले से करीब 20-22 ग्राम की सोने की चेन और टाइटन कंपनी की घड़ी छीन ली गई। इसके बाद उसे पास के पार्क में ले जाकर कथित रूप से गला दबाया गया, जिससे उसे गर्दन और आंखों में चोटें आईं।
दोस्त के साथ भी मारपीट का आरोप
शिकायतकर्ता का कहना है कि जब उसका दोस्त हैप्पी उसे बचाने पहुंचा तो उसके साथ भी मारपीट की गई। सुमित ने आरोप लगाया कि मौके पर करीब 100 से 150 लोग जमा हो गए और दोनों के साथ मुक्कों और लातों से हमला किया गया। उसने दावा किया कि इस घटना से उसे शारीरिक चोटों के साथ मानसिक परेशानी भी हुई है।
पुलिस से जांच और कार्रवाई की मांग
सुमित ने पुलिस से भारतीय न्याय संहिता (BNS) 2023 की संबंधित धाराओं के तहत एफआईआर दर्ज करने की मांग की है। इसके अलावा उसने कथित रूप से छीनी गई चेन और घड़ी बरामद करने, घटना स्थल के सीसीटीवी फुटेज जुटाने और प्रत्यक्षदर्शियों के बयान दर्ज करने की अपील की है। शिकायत में कथित हथियारों की जांच और उन्हें जब्त करने की मांग भी की गई है। साथ ही मुनाजिर आलम पर धमकी देने का आरोप लगाते हुए कार्रवाई की मांग की गई है। फिलहाल इस शिकायत के बाद मामला एक नए राजनीतिक विवाद में बदल गया है। अब पुलिस जांच के बाद ही यह स्पष्ट हो पाएगा कि शिकायत में लगाए गए आरोपों पर क्या कार्रवाई होती है।
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