NMACC 3rd Anniversary: नीता मुकेश अंबानी कल्चरल सेंटर (NMACC) ने 3 अप्रैल, 2026 को अपनी सफलता के तीन शानदार वर्ष पूरे किए। इस ऐतिहासिक अवसर पर संस्था की संस्थापक, नीता मुकेश अंबानी ने न केवल अपनी उपस्थिति से, बल्कि अपने विशेष परिधान से भी भारतीय कला और आधुनिकता के संगम को परिभाषित किया।
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‘मोल्टन गोल्ड’ साड़ी: परंपरा और आधुनिकता का संगम
इस वर्षगांठ समारोह का सबसे बड़ा आकर्षण नीता अंबानी का परिधान रहा। उन्होंने विशेष रूप से तैयार की गई ‘पिघले सोने’ (Molten Gold) जैसी चमक वाली सिल्क साड़ी पहनी थी।
- कलात्मक बनावट: इस साड़ी में सुनहरे और गहरे लाल रंगों का एक अद्भुत सामंजस्य था, जो प्रकाश में एक तरल (liquid) चमक पैदा कर रहा था।
- बारीक कारीगरी: साड़ी के चौड़े बॉर्डर पर पारंपरिक ‘पेज़ली’ (आम की आकृति) के डिज़ाइन बने थे, जो भारत की प्राचीन बुनाई कला का प्रतिनिधित्व कर रहे थे।
- ड्रेसिंग स्टाइल: उन्होंने इस साड़ी को पारंपरिक ‘निवी’ शैली में ड्रेप किया था, जिसे एक गहरे लाल और सुनहरे रंग के स्ट्रक्चर्ड ब्लाउज़ के साथ पेयर किया गया था।
आभूषण और शृंगार: एक राजसी स्पर्श

नीता अंबानी के इस लुक को उनके बहुमूल्य रत्नों ने और भी भव्य बना दिया। उन्होंने पन्ने और माणिक से जड़ा हुआ एक बहु-परतीय (multi-layered) हार पहना था। इसके साथ मेल खाते झुमके, सोने की चूड़ियाँ और एक बड़ी अंगूठी उनके शाही व्यक्तित्व को निखार रही थी। उनके सौंदर्य को संतुलित करने के लिए:
- बालों का एक सलीकेदार जूड़ा बनाया गया था, जिसे ताज़े सफेद गजरे से सजाया गया था।
- चेहरे पर हल्की बिंदी और सादगी भरे मेकअप ने उनके लुक में एक सौम्यता जोड़ी।
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सांस्कृतिक प्रतीकों का महत्व और ‘त्रिमूर्ति’ का संदेश
अपने संबोधन के दौरान नीता अंबानी ने ‘तीन’ अंक के आध्यात्मिक और सांस्कृतिक महत्व पर प्रकाश डाला। उन्होंने NMACC के तीन वर्षों की यात्रा को भारत की पवित्र मान्यताओं से जोड़ा:
- देवता: उन्होंने ‘त्रिमूर्ति’ (ब्रह्मा, विष्णु, महेश) और तीन देवियों (सरस्वती, लक्ष्मी, काली) का आह्वान किया।
- प्रकृति: उन्होंने गंगा, यमुना और सरस्वती की ‘त्रिवेणी’ का उदाहरण देते हुए परंपरा और प्रगति के मिलन की बात की। उन्होंने दोहराया कि NMACC का लक्ष्य हमेशा से भारत की सर्वश्रेष्ठ कला को विश्व पटल पर लाना और वैश्विक कला को भारतीय दर्शकों तक पहुँचाना रहा है।










