Nitish Kumar Oath: नीतीश कुमार ने ली राज्यसभा की शपथ, सत्ता में बड़ा बदलाव तय

मुख्यमंत्री नीतीश कुमार ने राज्यसभा सदस्य के रूप में शपथ लेकर दिल्ली की नई पारी की शुरुआत कर दी है, जिससे पटना में नेतृत्व परिवर्तन की हलचल तेज हो गई है। उनके इस कदम पर आरजेडी ने कड़ा हमला करते हुए कहा है कि तेजस्वी यादव की 'नीतीश के फिनिश होने' की भविष्यवाणी अब सच साबित हो गई है।

Nitish Kumar Oath

Wrriten By :

Nivedita Kasaudhan

Published On :

अप्रैल 10, 2026

Nitish Kumar Oath: बिहार के मुख्यमंत्री नीतीश कुमार ने शुक्रवार, 10 अप्रैल 2026 को दिल्ली स्थित संसद भवन में राज्यसभा सदस्य के रूप में शपथ ली। उपराष्ट्रपति ने उन्हें शपथ दिलाई। इस शपथ के साथ ही नीतीश कुमार का एक नया राजनीतिक सफर शुरू हो गया है। माना जा रहा है कि वे अब मुख्यमंत्री पद से इस्तीफा देंगे। सूत्रों के अनुसार, वे 14 अप्रैल को पटना लौटकर इस्तीफा दे सकते हैं।

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इस्तीफे से पहले बैठक

इस्तीफा देने से पहले जेडीयू विधानमंडल दल की बैठक होने की संभावना है। इस बैठक में नए नेता का चयन किया जाएगा। अनुमान है कि 15 अप्रैल को बिहार में नई सरकार का गठन हो सकता है। अब यह देखना दिलचस्प होगा कि मुख्यमंत्री पद किसे मिलता है।

चारों सदनों के सदस्य बने नीतीश

राज्यसभा सदस्य के रूप में शपथ लेने के बाद नीतीश कुमार बिहार के उन नेताओं में शामिल हो गए हैं जिन्होंने चारों सदनों—विधानसभा, विधान परिषद, लोकसभा और राज्यसभा—में सदस्यता हासिल की है। वे बिहार के पांचवें नेता बने हैं जिन्होंने यह उपलब्धि हासिल की है। उनसे पहले आरजेडी प्रमुख लालू प्रसाद यादव, रालोमो प्रमुख उपेंद्र कुशवाहा, पूर्व केंद्रीय मंत्री नागमणि और पूर्व उप मुख्यमंत्री सुशील कुमार मोदी भी चारों सदनों के सदस्य रह चुके हैं।

आरजेडी की प्रतिक्रिया

नीतीश कुमार के शपथ ग्रहण पर आरजेडी ने तीखी प्रतिक्रिया दी है। आरजेडी नेता शक्ति सिंह यादव ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर लिखा कि विपक्ष के नेता तेजस्वी यादव की भविष्यवाणी सच साबित हुई है। उन्होंने कहा कि भाजपा और जेडीयू सत्ता की लालच में सुशासन का ढोंग रचते रहे, लेकिन तेजस्वी यादव ने पहले ही कहा था कि “25 से 30 नीतीश हो जाएंगे फिनिश।”

आरजेडी नेता ने आगे कहा कि भाजपा के षड्यंत्र ने अपना रंग दिखा दिया है और नीतीश कुमार का राजनीतिक अध्याय समाप्त हो गया है। उन्होंने जेडीयू को “रसातल में जा चुकी पार्टी” बताते हुए कहा कि बिहार की राजनीति से अवसरवादियों का सफाया तय है।

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