Nepal Flood: 21 भारतीय दिल्ली पहुंचे, 315 से अब भी संपर्क क्यों नहीं?

Nepal Flood: नेपाल में आई भीषण बाढ़ के बीच रेस्क्यू कर भारत लाए गए 21 भारतीय नागरिकों से विदेश मंत्री एस जयशंकर ने शुक्रवार को दिल्ली एयरपोर्ट पर मुलाकात की। काठमांडू से भारत पहुंचे ये सभी नागरिक तमिलनाडु के बताए जा रहे हैं। दिल्ली एयरपोर्ट के टर्मिनल-3 पर विदेश मंत्री ने उनसे मुलाकात कर उनकी स्थिति जानी और नेपाल में बाढ़ के दौरान सामने आई मुश्किलों के बारे में जानकारी ली। जयशंकर ने कहा कि इन भारतीय नागरिकों को सुरक्षित देखकर उन्हें काफी राहत मिली। उन्होंने रेस्क्यू किए गए लोगों से बातचीत के दौरान यह भी जाना कि बाढ़ आने

Nepal Flood

Wrriten By :

Aanchal Singh

Published On :

अगस्त 28, 2026

Advertisements
728x90 Uttar Pradesh Police Mission Shakti Digital.jpg

Nepal Flood: नेपाल में आई भीषण बाढ़ के बीच रेस्क्यू कर भारत लाए गए 21 भारतीय नागरिकों से विदेश मंत्री एस जयशंकर ने शुक्रवार को दिल्ली एयरपोर्ट पर मुलाकात की। काठमांडू से भारत पहुंचे ये सभी नागरिक तमिलनाडु के बताए जा रहे हैं। दिल्ली एयरपोर्ट के टर्मिनल-3 पर विदेश मंत्री ने उनसे मुलाकात कर उनकी स्थिति जानी और नेपाल में बाढ़ के दौरान सामने आई मुश्किलों के बारे में जानकारी ली।

जयशंकर ने कहा कि इन भारतीय नागरिकों को सुरक्षित देखकर उन्हें काफी राहत मिली। उन्होंने रेस्क्यू किए गए लोगों से बातचीत के दौरान यह भी जाना कि बाढ़ आने के बाद उन्होंने किन परिस्थितियों का सामना किया और किस तरह वह सुरक्षित काठमांडू तक पहुंचे।

नेपाल बाढ़ में फंसे भारतीयों का रेस्क्यू

जानकारी के मुताबिक, नेपाल में बाढ़ के बीच फंसे इन 21 भारतीय नागरिकों को नेपाली सेना ने बेहद चुनौतीपूर्ण परिस्थितियों में रेस्क्यू किया था। सेना की टीम ने उन्हें प्रभावित क्षेत्र से निकालकर काठमांडू पहुंचाया। इसके बाद काठमांडू स्थित भारतीय दूतावास ने उनकी भारत वापसी की व्यवस्था की।

विदेश मंत्री एस जयशंकर ने नेपाली सेना के प्रयासों की सराहना करते हुए कहा कि इन नागरिकों ने उन्हें बताया कि बाढ़ किस तरह अचानक आई और उन्हें किन कठिन परिस्थितियों से गुजरना पड़ा। उन्होंने कहा कि नेपाली सेना ने जोखिम उठाकर इन लोगों तक पहुंच बनाई और उन्हें सुरक्षित बाहर निकाला।

रेस्क्यू अभियान जारी

एस जयशंकर ने बताया कि भारत सरकार का मुख्य ध्यान नेपाल में मौजूद सभी भारतीय नागरिकों से संपर्क स्थापित करने पर है। उन्होंने कहा कि फिलहाल अनुमान के मुताबिक करीब 315 भारतीय नागरिकों से संपर्क नहीं हो पाया है। हालांकि, यह संख्या लगातार बदल रही है और जैसे-जैसे नए लोगों से संपर्क हो रहा है, आंकड़े में बदलाव संभव है।

विदेश मंत्री ने बताया कि नेपाल के अलग-अलग हिस्सों से करीब 85 भारतीय नागरिकों को सुरक्षित निकाला जा चुका है। दिल्ली पहुंचे 21 भारतीय भी इसी रेस्क्यू किए गए समूह का हिस्सा हैं।

नेपाल बाढ़ राहत अभियान में भारत देगा हरसंभव मदद

एस जयशंकर ने बताया कि उन्होंने शुक्रवार सुबह अपने नेपाली समकक्ष से भी बातचीत की है। दोनों देशों के बीच नेपाल में जारी बाढ़ और राहत-बचाव अभियान को लेकर चर्चा हुई। भारत ने नेपाल को विभिन्न प्रकार की सहायता उपलब्ध कराने की पेशकश की है।

जयशंकर के मुताबिक, नेपाल सरकार भारत की ओर से दिए गए सहायता प्रस्तावों का आकलन कर रही है। नेपाल अपनी जरूरत और परिस्थितियों के अनुसार तय करेगा कि उसे किस प्रकार की सहायता की सबसे ज्यादा आवश्यकता है।

भारतीय नागरिकों की सुरक्षित वापसी और नेपाल को राहत सहायता प्राथमिकता

विदेश मंत्री ने कहा कि इस समय भारत का मुख्य फोकस नेपाल में राहत और बचाव अभियानों को हरसंभव समर्थन देने तथा वहां मौजूद भारतीय नागरिकों से संपर्क स्थापित करने पर है। भारत सरकार नेपाल की स्थिति पर लगातार नजर बनाए हुए है और जरूरत के अनुसार आगे भी सहायता उपलब्ध कराने के लिए तैयार है।

नेपाल में प्राकृतिक आपदा के बीच भारत और नेपाल के बीच राहत एवं बचाव को लेकर समन्वय जारी है। एक तरफ प्रभावित इलाकों में फंसे भारतीयों को निकालने की कोशिशें चल रही हैं, वहीं दूसरी ओर नेपाल को मानवीय सहायता

2