हिमाचल प्रदेश के नालागढ़ इलाके में नए साल के पहले दिन एक जोरदार धमाके से हड़कंप मच गया। यह विस्फोट सुबह करीब 10 बजे नालागढ़ पुलिस स्टेशन के पास हुआ, जहां आसपास रिहायशी और सरकारी इमारतें मौजूद हैं। धमाके की आवाज इतनी तेज थी कि कुछ ही पलों में इलाके में दहशत फैल गई और लोग अपने घरों व दुकानों से बाहर निकल आए।
प्रत्यक्षदर्शी का दावा: मोटे शीशे भी टूट गए
घटना के एक प्रत्यक्षदर्शी ने पुलिस को बताया कि धमाके की गूंज बेहद तेज थी। उनके अनुसार, 16 मिलीमीटर मोटाई के शीशे तक टूट गए। इतना ही नहीं, पास में स्थित आर्मी अस्पताल परिसर में बनी सेना की कैंटीन की खिड़कियों को भी नुकसान पहुंचा है। प्रत्यक्षदर्शियों का कहना है कि उन्होंने पहले तेज आवाज सुनी और उसके बाद शीशे टूटने की आवाजें आईं।
400–500 मीटर तक सुनाई दी धमाके की आवाज
स्थानीय लोगों के अनुसार, विस्फोट की आवाज करीब 400 से 500 मीटर के दायरे तक सुनाई दी। आसपास की कई इमारतों, दुकानों और कार्यालयों के शीशे चटक गए। आर्मी अस्पताल के अलावा अन्य भवनों को भी हल्का नुकसान होने की बात सामने आई है। हालांकि, राहत की बात यह रही कि इस घटना में किसी के घायल होने या जानमाल के नुकसान की सूचना नहीं मिली।
सूचना मिलते ही मौके पर पहुंचे एसपी
धमाके की जानकारी मिलते ही बद्दी जिले के पुलिस अधीक्षक विनोद धीमान अपनी टीम के साथ तुरंत घटनास्थल पर पहुंचे। पुलिस ने इलाके को बैरिकेड लगाकर घेर लिया और आम लोगों की आवाजाही पर अस्थायी रोक लगा दी गई। एसपी ने घटनास्थल का निरीक्षण कर स्थिति का जायजा लिया और जांच के निर्देश दिए।
फोरेंसिक टीम ने जुटाए अहम नमूने
एसपी विनोद धीमान ने बताया कि फोरेंसिक टीम को मौके पर बुलाया गया, जिसने अलग-अलग स्थानों से नमूने एकत्र किए हैं। उन्होंने कहा कि जांच रिपोर्ट आने के बाद ही यह स्पष्ट हो पाएगा कि धमाका किस कारण से हुआ और इसमें किस तरह के रसायन या पदार्थ का इस्तेमाल हुआ। फिलहाल किसी भी निष्कर्ष पर पहुंचना जल्दबाजी होगी।
कोई धमकी या विस्फोटक साजिश के संकेत नहीं
मीडिया से बातचीत में एसपी ने स्पष्ट किया कि इस घटना से पहले उन्हें न तो कोई धमकी भरा फोन कॉल मिला और न ही कोई संदिग्ध ईमेल प्राप्त हुआ। प्रारंभिक जांच में विस्फोटकों से जुड़ी किसी साजिश या आतंकी गतिविधि के संकेत भी नहीं मिले हैं। उन्होंने कहा कि फिलहाल मामला संदिग्ध जरूर है, लेकिन घबराने जैसी स्थिति नहीं है।
कबाड़ और रसायन से धमाके की संभावना
एसपी विनोद धीमान ने यह भी बताया कि जिस इलाके में धमाका हुआ, वहां काफी मात्रा में कबाड़ जमा रहता है। उन्होंने आशंका जताई कि पेंट, केमिकल या अन्य ज्वलनशील सामग्री के कारण भी यह विस्फोट हो सकता है। इस संबंध में कबाड़ व्यापारियों को सख्त हिदायत दी गई है कि वे सुरक्षा मानकों का पालन करें और लापरवाही न बरतें।
लोगों से सतर्क रहने की अपील
पुलिस अधीक्षक ने स्थानीय लोगों से अपील की है कि यदि उन्हें किसी संदिग्ध व्यक्ति या गतिविधि की जानकारी मिले तो तुरंत पुलिस को सूचित करें। उन्होंने भरोसा दिलाया कि इलाके में किसी तरह का भय या आतंक का माहौल नहीं है और स्थिति पूरी तरह नियंत्रण में है। एसपी ने कहा, “चिंता करने की कोई बात नहीं है, पुलिस हर पहलू से जांच कर रही है।”
जांच रिपोर्ट का इंतजार
फिलहाल नालागढ़ धमाके के कारणों को लेकर कई संभावनाओं पर जांच जारी है। पुलिस और फोरेंसिक टीम की रिपोर्ट आने के बाद ही यह साफ हो पाएगा कि धमाका दुर्घटनावश हुआ या इसके पीछे कोई अन्य वजह थी। तब तक सुरक्षा एजेंसियां सतर्क हैं और इलाके पर नजर बनाए हुए हैं।
Read More: Akhilesh Yadav: माघ मेले में मूर्ति विवाद से एसआईआर तक, अखिलेश यादव का योगी सरकार पर तीखा हमला










