Mumbai Vijay Rally: ‘अंधभक्तों के खिलाफ देशभक्तों की जीत…’ मुंबई रैली में सरकार पर बरसे उद्धव ठाकरे

मुंबई के ऐतिहासिक शिवाजी पार्क में शिवसेना (UBT) और मनसे के संयुक्त नेतृत्व में तिरंगा विजय रैली का आयोजन किया गया। छात्र आंदोलन की सफलता का जश्न मनाने के लिए जेन-जी की भारी भीड़ उमड़ी, जहां उद्धव ठाकरे और राज ठाकरे एक मंच पर नजर आए और सरकार पर जमकर निशाना साधा।

बई रैली में सरकार पर बरसे उद्धव ठाकरे

Wrriten By :

Aanchal Singh

Published On :

जुलाई 26, 2026

Mumbai Vijay Rally: महाराष्ट्र की आर्थिक राजधानी मुंबई के ऐतिहासिक छत्रपति शिवाजी महाराज पार्क में आज शिवसेना (UBT) और मनसे (MNS) के संयुक्त नेतृत्व में ‘तिरंगा विजय रैली’ का भव्य आयोजन किया गया। इस सभा में ‘जेनरेशन जेड’ (Gen-Z) और देश भर से आए युवाओं का ऐसा सैलाब उमड़ा, जिसने राजनीतिक गलियारों में हलचल पैदा कर दी है। दशकों बाद उद्धव ठाकरे और राज ठाकरे को एक ही मंच पर एक साथ देखने के लिए भारी भीड़ जुटी, जो वर्तमान समय में देश के युवाओं की एकजुटता और उनकी ताकत का एक अनूठा और ऐतिहासिक प्रदर्शन साबित हुई है।

उद्धव ठाकरे का तंज

विशाल जनसमूह को संबोधित करते हुए शिवसेना (UBT) प्रमुख उद्धव ठाकरे ने ‘कॉकरोच जनता पार्टी’ (CJP) और उसके कार्यकर्ताओं के संघर्ष का जिक्र करते हुए एक बड़ा और चर्चित बयान दिया। उन्होंने कहा, “एक कॉकरोच, जिसने इस घमंडी सरकार को सही सबक सिखाया, वह असल में विष्णु का अवतार है।” इसके साथ ही उन्होंने इसे अंधभक्तों के खिलाफ सच्चे देशभक्तों की जीत बताया। केंद्रीय रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह के उस पुराने बयान पर तंज कसते हुए कि ‘एनडीए में इस्तीफे नहीं होते हैं’, उद्धव ठाकरे ने करारा प्रहार किया और पूछा कि आखिर रक्षा मंत्री अपने ही साथी मंत्री धर्मेंद्र प्रधान की कुर्सी की रक्षा करने में क्यों नाकाम साबित हुए?

राज ठाकरे का संक्षिप्त संबोधन

इस विजय सभा के दौरान महाराष्ट्र नवनिर्माण सेना (मनसे) प्रमुख राज ठाकरे ने कोई लंबा राजनीतिक भाषण देने के बजाय मुख्य रूप से मुंबई पुलिस और दिल्ली पुलिस की कार्यशैली के बीच का अंतर स्पष्ट किया। हालांकि उन्होंने सरकार और बीजेपी पर सीधा राजनीतिक हमला बोलने से परहेज किया, लेकिन पुलिसिया दमन के मामलों पर अपनी बात जरूर रखी। भारी संख्या में उमड़ने वाली भीड़ की आशंका के चलते शिवाजी पार्क और उसके आसपास के पूरे इलाके को छावनी में तब्दील कर दिया गया था। सुरक्षा के पुख्ता इंतजामों के तहत कई रास्तों को ब्लॉक कर दिया गया था, वाहनों की आवाजाही रोक दी गई थी और सादे कपड़ों में पुलिसकर्मियों के साथ-साथ विशेष मॉनिटरिंग वैन भी तैनात की गई थीं।

रोहित पवार की प्रतिक्रिया और जश्न मनाते छात्रों की हुंकार

धर्मेंद्र प्रधान के इस्तीफे और इस पूरी छात्र सफलता पर एनसीपी-एसपी विधायक रोहित पवार ने अपनी प्रतिक्रिया देते हुए कहा कि पहले शायद ही कभी लोग इस तरह एकजुट हुए हों, लेकिन छात्रों पर हुए अन्याय ने ग्रामीण और शहरी युवाओं को एक मजबूत सामूहिक पहचान में बांध दिया है। इस एकता ने यह साबित कर दिया है कि यदि हम सब साथ खड़े हैं तो कोई भी लक्ष्य असंभव नहीं है। वहीं, रैली में शामिल एक युवा समर्थक ने जोश भरते हुए कहा कि सरकार पहले सवालों के जवाब देने से बचती थी, लेकिन इस मजबूत आंदोलन ने उसे यह सिखा दिया है कि देश की जनता अब उन्हें पूरी तरह जवाबदेह ठहराना जानती है और छात्र हर गलत नीति के खिलाफ लगातार सवाल पूछते रहेंगे।