Mumbai Local Train Crime: मुंबई लोकल ट्रेन में खूनी वारदात, विवाद के बाद शख्स की चाकू घोंपकर हत्या

चर्चगेट-नालासोपारा फास्ट लोकल में गेट बंद करने को लेकर हुए विवाद में मयंक लोहार नामक 22 वर्षीय युवक को एक अन्य यात्री ने चाकू घोंप दिया।

Mumbai Local Train Crime

Wrriten By :

Nivedita Kasaudhan

Published On :

जून 24, 2026

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Mumbai Local Train Crime: मुंबई की ‘लाइफलाइन’ कही जाने वाली लोकल ट्रेन एक बार फिर सुरक्षा के सवालों के घेरे में है। चर्चगेट-नालासोपारा फास्ट लोकल में गेट बंद करने को लेकर हुए एक मामूली विवाद ने एक 22 वर्षीय युवक की जान ले ली। इस दर्दनाक घटना ने यात्रियों के बीच दहशत पैदा कर दी है। रेलवे प्रशासन ने अब इस मामले में हुई कार्रवाई की विस्तृत टाइमलाइन जारी की है, जिससे पता चलता है कि ट्रेन में सुरक्षा के इंतजाम और आपातकालीन प्रतिक्रिया कितनी संवेदनशील स्थिति में है।

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विवाद और वारदात की भयावह रात

घटना 23 जून की रात की है। ट्रेन संख्या 90663 चर्चगेट से नालासोपारा की ओर जा रही थी। भारी बारिश के बीच ट्रेन जब अंधेरी और बोरीवली स्टेशनों के बीच दौड़ रही थी, तभी कोच में मयंक लोहार नामक युवक का एक अन्य यात्री से दरवाजा बंद करने को लेकर झगड़ा हो गया। बहस इतनी बढ़ गई कि आरोपी ने मयंक के पेट में चाकू घोंप दिया। यह हमला इतना घातक था कि मयंक गंभीर रूप से घायल हो गया। आरोपी की क्रूरता का अंदाजा इसी बात से लगाया जा सकता है कि ट्रेन बोरीवली स्टेशन पर रुकने से पहले ही वह मौके से फरार होने में कामयाब रहा।

रेलवे की त्वरित कार्रवाई और टाइमलाइन

पश्चिमी रेलवे द्वारा जारी किए गए आंकड़ों के अनुसार, घटना के बाद प्रशासन ने सक्रियता दिखाई। ट्रेन रात 11:04 बजे बोरीवली स्टेशन के प्लेटफॉर्म नंबर 6 पर पहुंची। महज तीन मिनट के भीतर (रात 11:07 बजे) जीआरपी और आरपीएफ के जवान घटनास्थल पर पहुंच गए। रात 11:10 बजे स्ट्रेचर और मेडिकल टीम वहां मौजूद थी।

11:12 बजे मयंक को ट्रेन से बाहर निकालकर 11:22 बजे स्टेशन स्थित इमरजेंसी मेडिकल रूम (EMR) में प्राथमिक उपचार के लिए ले जाया गया। डॉक्टरों की सलाह पर 11:42 बजे उसे एम्बुलेंस के जरिए कांदिवली के शताब्दी अस्पताल शिफ्ट किया गया, जहाँ टीम 11:52 बजे पहुंची। रेलवे का दावा है कि इस पूरी प्रक्रिया में कहीं कोई अनावश्यक देरी नहीं हुई। देर रात 1 बजे, वरिष्ठ अधिकारियों ने घटनास्थल का जायजा लेकर मामले की समीक्षा की।

जांच की दिशा और सुरक्षा पर सवाल

फिलहाल, इस पूरे मामले की जांच सरकारी रेलवे पुलिस (जीआरपी) कर रही है। घटनास्थल और कोच में मौजूद रहे अन्य यात्रियों के बयानों और सीसीटीवी फुटेज के आधार पर आरोपी की तलाश की जा रही है। जांच एजेंसियां घटना के हर पहलू को बारीकी से खंगाल रही हैं ताकि आरोपी को जल्द से जल्द पकड़ा जा सके।

यह घटना मुंबई लोकल में यात्रियों की सुरक्षा पर गंभीर प्रश्न चिह्न खड़े करती है। भीड़भाड़ वाली ट्रेनों में अचानक हुई यह हिंसा इस बात की याद दिलाती है कि लंबी दूरी और दैनिक यात्राओं के दौरान सुरक्षा के कड़े इंतजामों की कितनी आवश्यकता है। पुलिस अब फुटेज के जरिए आरोपी की पहचान कर उसे कानून के दायरे में लाने की कोशिश में जुटी है।

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