Lucknow Fire Incident: सुरक्षित है आपका शहर? लखनऊ के 6 बड़े अग्निकांडों की खौफनाक दास्तान

अलीगंज कोचिंग अग्निकांड के बाद राजधानी लखनऊ में सुरक्षा मानकों की अनदेखी पर बड़े सवाल खड़े हो गए हैं। पिछले कुछ वर्षों में शहर ने लेवाना सुइट्स और चारबाग होटल अग्निकांड जैसी कई भयावह त्रासदियां देखी हैं। इन घटनाओं में सिस्टम की लापरवाही ने कई मासूमों की जान ली है। पढ़िए लखनऊ के 6 प्रमुख अग्निकांडों की दर्दनाक दास्तान।

Lucknow Fire Incident

Wrriten By :

Aanchal Singh

Published On :

जून 23, 2026

Lucknow Fire Incident: हाल ही में लखनऊ के अलीगंज में हुए कोचिंग अग्निकांड ने शहर की सुरक्षा व्यवस्था की पोल खोल दी है। रिहायशी इलाकों में नियमों को ताक पर रखकर संचालित हो रही कमर्शियल बिल्डिंगें अब ‘डेथ ट्रैप’ में तब्दील हो चुकी हैं। यह पहला मौका नहीं है जब लखनऊ आग की लपटों में घिरा हो; इससे पहले भी सिस्टम की ढिलाई के कारण शहर कई बार भीषण हादसों का गवाह बना है। इन त्रासदियों के बाद केवल पीछे छूटती है तो परिजनों की कराह और बेहिसाब पीड़ा, जिनका हिसाब आज तक कोई नहीं दे पाया है।

होटल एसएसजे इंटरनेशनल और विराट होटल अग्निकांड

बताते चले कि, 19 जून 2018 की वह काली रात शहर के इतिहास में दर्ज है। चारबाग रेलवे स्टेशन के पास स्थित होटल एसएसजे इंटरनेशनल में शॉर्ट-सर्किट से लगी आग ने देखते ही देखते बगल के होटल विराट को भी अपनी चपेट में ले लिया। दोनों ही होटलों में फायर सेफ्टी नियमों का नामो-निशान नहीं था। इस भीषण अग्निकांड में धुएं से दम घुटने और आग में झुलसने से कुल सात लोगों की जान चली गई, जबकि कई लोग गंभीर रूप से घायल हो गए।

विकासनगर झुग्गी बस्ती में तांडव

15 अप्रैल 2026 को विकासनगर के सेक्टर 11 में एक अवैध झुग्गी बस्ती राख हो गई। वहां रह रहे 280 से अधिक मजदूर परिवारों के बीच अचानक लगी आग ने विकराल रूप ले लिया। स्थिति तब बेकाबू हो गई जब बस्ती में रखे 50 से ज्यादा एलपीजी सिलिंडर धमाके के साथ फटने लगे। इस त्रासदी में दो बच्चों की मौत हो गई और एक हजार से अधिक लोग रातों-रात बेघर होकर दाने-दाने को मोहताज हो गए।

नगराम पटाखा फैक्ट्री विस्फोट

15 जून 2026 को नगराम के देवती गांव में संचालित एक अवैध पटाखा फैक्ट्री में जोरदार विस्फोट हुआ। सुरक्षा मानकों को ताक पर रखकर चलाई जा रही इस फैक्ट्री में लगी आग ने 16 वर्षीय मोहित को बुरी तरह घायल कर दिया, जबकि मारिया नामक किशोरी की मौके पर ही मौत हो गई। प्रशासन ने फैक्ट्री मालिक पर लापरवाही का मामला तो दर्ज किया, लेकिन ऐसे अवैध संचालन पर पूर्ण विराम अब भी एक बड़ा सवाल है।

होटल लेवाना सुइट्स त्रासदी

5 सितंबर 2022 की सुबह हजरतगंज स्थित लेवाना सुइट्स होटल में लगी आग ने व्यवस्था पर बड़े सवाल उठाए। होटल में इमरजेंसी एग्जिट का अभाव था और खिड़कियों पर लोहे की ग्रिल लगी थी, जिससे लोग अंदर ही फंस गए। दम घुटने और झुलसने से चार लोगों की जान गई। यह हादसा साबित करता है कि व्यावसायिक इमारतों में सुरक्षा मानकों की अनदेखी कितनी घातक हो सकती है।

अमीनाबाद मेडिसिन मार्केट और दिल्ली-बिहार बस हादसा

26 मार्च 2015 को अमीनाबाद की मेडिसिन मार्केट शॉर्ट-सर्किट से सुलग उठी। संकरी गलियां होने के कारण दमकल विभाग को भारी मशक्कत करनी पड़ी और 50 से अधिक दुकानें जलकर राख हो गईं। वहीं, 15 मई 2025 को लखनऊ बाईपास पर दिल्ली से बिहार जा रही बस में लगी आग में क्षमता से अधिक यात्रियों के सवार होने के कारण पांच लोगों की जिंदा जलकर मौत हो गई।

छात्रों की सुरक्षा के लिए हेल्पलाइन जारी

अलीगंज अग्निकांड के बाद अखिल भारतीय विद्यार्थी परिषद (एबीवीपी) ने शोक व्यक्त करते हुए दोषियों पर कठोर कार्रवाई की मांग की है। राष्ट्रीय मंत्री अभय प्रताप सिंह ने कहा कि छात्रों की सुरक्षा के साथ कोई समझौता नहीं होगा। सहायता के लिए परिषद ने 9455172336, 9616418823, 8887583224, 8577046002 एवं 9454595537 हेल्पलाइन नंबर जारी किए हैं।