Lucknow News: राजधानी लखनऊ के महानगर थाना क्षेत्र के अंतर्गत आने वाले विज्ञानपुरी इलाके से एक बड़ी दुर्घटना की खबर सामने आ रही है। यहां स्थित ‘शालीमार गैलेंट वेस्ट’ की एक निर्माणाधीन बहुमंजिला इमारत में गुरुवार सुबह निर्माण कार्य के दौरान एक बड़ा हादसा हो गया। बहुमंजिला भवन में काम चलने के दौरान अचानक एक अस्थायी लिफ्ट तकनीकी खराबी के चलते टूट गई और सीधे धड़ाम से बेसमेंट में जा गिरी। इस भयानक लिफ्ट हादसे के वक्त उसमें चार मजदूर सवार थे, जो लिफ्ट के साथ ही नीचे गिरकर गंभीर रूप से चोटिल हो गए। घटना के तुरंत बाद कंस्ट्रक्शन साइट (निर्माण स्थल) पर चीख-पुकार मच गई और वहां काम कर रहे अन्य श्रमिकों के बीच भारी दहशत और अफरा-तफरी का माहौल पैदा हो गया।
महानगर पुलिस ने घायलों को कराया नीरा हॉस्पिटल में भर्ती
महानगर थाना पुलिस के मुताबिक, गुरुवार सुबह करीब 11:30 बजे पुलिस कंट्रोल रूम को इस औद्योगिक दुर्घटना की सूचना मिली थी। जानकारी मिलते ही स्थानीय पुलिस प्रशासन बिना वक्त गंवाए तुरंत एक्शन में आया और भारी पुलिस बल के साथ मौके पर पहुंच गया। पुलिस कर्मियों ने स्थानीय लोगों और साथी मजदूरों की मदद से मलबे व टूटी लिफ्ट के बीच से चारों घायल श्रमिकों को बाहर निकाला। त्वरित रेस्क्यू ऑपरेशन चलाते हुए सभी घायलों को तुरंत नजदीकी ‘नीरा हॉस्पिटल’, लखनऊ में आपातकालीन इलाज के लिए भर्ती कराया गया। अस्पताल में डॉक्टरों की एक विशेष टीम घायल मजदूरों की देखरेख और उपचार में जुटी हुई है।
3 मजदूरों को आई गंभीर चोटें, सभी खतरे से बाहर
आपको बता दे कि, पुलिस और तकनीकी टीम द्वारा की गई शुरुआती प्रशासनिक जांच में यह तथ्य प्रकाश में आया है कि चारों मजदूर लिफ्ट के भीतर खड़े होकर दीवार पर प्लास्टर करने का कार्य कर रहे थे। इसी दौरान अचानक कोई बड़ी यांत्रिक या तकनीकी खराबी आई और लिफ्ट का सपोर्टिंग केबल लोड नहीं सह सका, जिससे वह सीधे बेसमेंट में जा गिरी। इस दुर्घटना में लिफ्ट में सवार चारों कामगारों को चोटें आईं, जिनमें से तीन श्रमिक बेहद गंभीर रूप से घायल हुए हैं, जबकि एक अन्य मजदूर को आंशिक (मामूली) चोटें आई हैं। अस्पताल प्रशासन और चिकित्सकों के अनुसार, राहत और संतोष की बात यह है कि प्राथमिक उपचार के बाद सभी घायल मजदूर फिलहाल खतरे से पूरी तरह बाहर बताए जा रहे हैं।
घायल श्रमिकों की आधिकारिक पहचान
इस पूरे घटनाक्रम पर आधिकारिक बयान जारी करते हुए एसीपी (ACP) महानगर अंकित कुमार ने बताया कि हादसे का शिकार हुए चारों श्रमिक मूल रूप से बिहार राज्य के समस्तीपुर जिले के रहने वाले हैं, जो यहां लखनऊ में रोजी-रोटी के सिलसिले में काम कर रहे थे। पुलिस रिकॉर्ड के अनुसार, लिफ्ट हादसे में घायल हुए श्रमिकों की पहचान छोटू कुमार (उम्र 28 वर्ष), सुरेंद्र कुमार (उम्र 45 वर्ष), निक्कू (उम्र 24 वर्ष) और मोनू (उम्र 25 वर्ष) के रूप में की गई है। पुलिस ने पीड़ितों के परिजनों को इस अनहोनी की सूचना दे दी है।
सुरक्षा मानकों की सघन जांच
महानगर पुलिस प्रशासन से मिली जानकारी के मुताबिक, इस हादसे के वक्त कंस्ट्रक्शन साइट पर मौजूद अन्य सभी कामगार और कर्मचारी पूरी तरह सुरक्षित हैं और उन्हें कोई नुकसान नहीं पहुंचा है। पुलिस और फोरेंसिक विशेषज्ञों की टीम अब इस गंभीर हादसे के असली कारणों की विस्तृत और सघन जांच कर रही है। पुलिस इस मुख्य बिंदु की भी गहराई से पड़ताल कर रही है कि क्या शालीमार गैलेंट वेस्ट के इस निर्माण स्थल पर लेबर सेफ्टी रूल्स (मजदूर सुरक्षा मानकों) का कड़ाई से पालन किया जा रहा था या नहीं? पुलिस अधिकारियों का कहना है कि लिफ्ट के समय-समय पर होने वाले रखरखाव (मैंटेनेंस), तकनीकी खराबी और बिल्डर द्वारा की गई सुरक्षा व्यवस्था के सभी कानूनी पहलुओं की जांच पूरी होने के बाद, दोषियों के खिलाफ सख्त विधिक और दंडात्मक कार्रवाई अमल में लाई जाएगी।










