Sugar Price: केंद्रीय विदेश राज्य मंत्री तथा पर्यावरण, वन एवं जलवायु परिवर्तन राज्य मंत्री कीर्तिवर्धन सिंह बुधवार को गोंडा पहुंचे। अपने दौरे के दौरान उन्होंने चीनी की बढ़ती कीमतों, आरक्षण, छुआछूत और इलाहाबाद हाई कोर्ट के हिजाब से जुड़े फैसले जैसे कई मुद्दों पर विस्तार से अपनी बात रखी। उन्होंने कहा कि सरकार का उद्देश्य समाज के हर वर्ग को साथ लेकर देश को आगे बढ़ाना है।
चीनी की बढ़ती कीमतों पर केंद्रीय मंत्री का बड़ा बयान
बताते चले कि, चीनी की कीमतों में लगातार बढ़ोतरी को लेकर पूछे गए सवाल पर केंद्रीय मंत्री कीर्तिवर्धन सिंह ने कहा कि सरकार महंगाई को नियंत्रित करने के लिए कदम उठा रही है। उन्होंने बताया कि घरेलू बाजार में चीनी की उपलब्धता बढ़ाने के उद्देश्य से चीनी के आयात की अनुमति दी गई है।
चीनी महंगाई रोकने के लिए इंपोर्ट बढ़ाने पर जोर
केंद्रीय मंत्री ने कहा कि चीनी की कीमतों को नियंत्रित करने के लिए उठाए गए कदमों का असर जल्द दिखाई देगा। उन्होंने उम्मीद जताई कि आने वाले समय में बाजार में चीनी की उपलब्धता बढ़ेगी और कीमतों पर नियंत्रण आएगा। कीर्तिवर्धन सिंह ने उत्तर प्रदेश में चीनी मिलों के जल्द शुरू होने की उम्मीद भी जताई। उन्होंने कहा कि मुख्यमंत्री की कोशिश है कि शुगर मिलें जल्द से जल्द शुरू हों, जिससे किसानों को भी अपनी उपज बेचने और नई चीनी के बाजार में आने का रास्ता साफ हो सके।
आरक्षण के मुद्दे पर कीर्तिवर्धन सिंह ने क्या कहा?
आरक्षण को लेकर चल रही राजनीतिक बहस पर केंद्रीय मंत्री ने कहा कि आरक्षण के कई आधार हो सकते हैं। उन्होंने आर्थिक आधार का भी जिक्र किया और कहा कि सरकार का उद्देश्य समाज के सभी वर्गों को साथ लेकर आगे बढ़ना है।
आरक्षण नीति पर बोले मंत्री- समाज का हर वर्ग आगे बढ़े
कीर्तिवर्धन सिंह ने कहा कि देश की प्रगति तभी संभव है, जब समाज का कोई भी हिस्सा पीछे न छूटे। उन्होंने कहा कि सरकार की कोशिश है कि समाज के सभी वर्गों को विकास की मुख्यधारा में शामिल किया जाए। उन्होंने यह भी कहा कि समय के साथ परिस्थितियां बदलती हैं और नई जरूरतें सामने आती हैं। ऐसे में सरकार की नीतियों में भी आवश्यकता के अनुसार बदलाव किया जा सकता है। उनके मुताबिक, सरकार की नीतियां हमेशा स्थिर नहीं रहतीं, बल्कि देश की बदलती जरूरतों और विकास के साथ उनमें सुधार किया जाता है।
राजनीतिक मुद्दों पर मंत्री का विपक्ष को जवाब
विभिन्न मुद्दों को लेकर होने वाली राजनीतिक बयानबाजी पर केंद्रीय मंत्री ने कहा कि जिसे राजनीति करनी है और देश के व्यापक हित के बारे में नहीं सोचना है, वह किसी भी मुद्दे को उठा सकता है। उन्होंने कहा कि सरकार की सोच समाज को एक साथ आगे बढ़ाने की है।
समाज के किसी हिस्से को पीछे नहीं छोड़ना सरकार की जिम्मेदारी
कीर्तिवर्धन सिंह ने कहा कि देश की सबसे बड़ी जिम्मेदारी यही है कि समाज का कोई वर्ग विकास से वंचित न रहे। उन्होंने सामाजिक समानता और सभी वर्गों की प्रगति को देश के विकास से जोड़ते हुए कहा कि सामूहिक उन्नति के बिना भारत को आगे ले जाना मुश्किल होगा।
छुआछूत के मुद्दे पर केंद्रीय मंत्री ने जताई चिंता
छुआछूत को लेकर पूछे गए सवाल पर कीर्तिवर्धन सिंह ने कहा कि अगर देश की करीब 140 करोड़ आबादी के बीच कहीं इक्का-दुक्का घटना सामने आती है, तो उसे पूरे समाज में छुआछूत की स्थिति के तौर पर नहीं देखा जाना चाहिए। हालांकि उन्होंने स्पष्ट किया कि जहां भी ऐसी घटनाएं होती हैं, उन्हें खत्म करना बेहद जरूरी है।
छुआछूत समाज को तोड़ने वाली गंभीर बीमारी: कीर्तिवर्धन सिंह
केंद्रीय मंत्री ने छुआछूत को समाज के लिए गंभीर समस्या बताते हुए कहा कि यह लोगों को अलग करती है और सामाजिक एकता को कमजोर करती है। उन्होंने कहा कि इस तरह की सामाजिक बुराइयों को पूरी तरह समाप्त किया जाना चाहिए, ताकि समाज में बराबरी और भाईचारे की भावना मजबूत हो।
इलाहाबाद हाई कोर्ट के हिजाब से जुड़े फैसले के बाद AIMIM प्रमुख असदुद्दीन ओवैसी की टिप्पणी को लेकर भी केंद्रीय मंत्री से सवाल पूछा गया। ओवैसी ने कथित तौर पर फैसले पर प्रतिक्रिया देते हुए कहा था कि यह इस्लाम को स्वीकार्य नहीं है।
ओवैसी के बयान पर टिप्पणी से कीर्तिवर्धन सिंह ने किया इनकार
इस सवाल पर कीर्तिवर्धन सिंह ने कहा कि वह लोगों की निजी टिप्पणियों और व्यक्तिगत विचारों पर कोई टिप्पणी नहीं करना चाहते। उन्होंने कहा कि अलग-अलग लोगों की अपनी सोच और अपने विचार होते हैं और वह उन पर कुछ नहीं कहेंगे।
गोंडा दौरे में कई अहम मुद्दों पर सरकार का पक्ष सामने आया
केंद्रीय मंत्री के गोंडा दौरे के दौरान चीनी की महंगाई से लेकर आरक्षण, सामाजिक भेदभाव और हिजाब विवाद तक कई महत्वपूर्ण मुद्दे चर्चा में रहे। चीनी की कीमतों को नियंत्रित करने के लिए आयात और शुगर मिलों के संचालन पर जोर दिया गया, जबकि आरक्षण के मुद्दे पर बदलती परिस्थितियों के अनुरूप नीतियों में बदलाव की बात कही गई।
वहीं, छुआछूत को खत्म करने और समाज के हर वर्ग को विकास की मुख्यधारा में शामिल करने पर भी मंत्री ने जोर दिया। हिजाब से जुड़े हाई कोर्ट के फैसले और उस पर राजनीतिक प्रतिक्रियाओं को लेकर उन्होंने व्यक्तिगत टिप्पणियों पर प्रतिक्रिया देने से दूरी बनाए रखी।










