Khatu-Shyam Temple: खाटू श्याम मंदिर में अचानक गिरा लिंटर, मलबे में कई लोगों के दबने की आशंका

उत्तर प्रदेश के आजमगढ़ में निर्माणाधीन खाटू श्याम मंदिर का लिंटर अचानक गिर गया। हादसे में कई लोगों के मलबे में दबने की आशंका है, जबकि दो की हालत गंभीर बताई जा रही है।

Khatu-Shyam Temple

Wrriten By :

Nivedita Kasaudhan

Published On :

नवम्बर 2, 2026

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Khatu-Shyam Temple: उत्तर प्रदेश के आजमगढ़ जिले से एक बेहद दर्दनाक और भयानक हादसे की खबर सामने आई है। यहाँ कंधरापुर कोतवाली थाना क्षेत्र के अंतर्गत आने वाले देवखरी भंवरनाथ मंदिर के पास एक नवनिर्मित खाटू श्याम मंदिर का निर्माण कार्य चल रहा था। सोमवार को जब मंदिर के ऊपरी हिस्से में लिंटर (छत ढलाई) का काम किया जा रहा था, तभी अचानक भारी वजन और तकनीकी खामी के कारण पूरा लिंटर भरभराकर नीचे आ गिरा। इस भयावह दुर्घटना से निर्माण स्थल पर चारों ओर चीख-पुकार मच गई और अफरा-तफरी का माहौल पैदा हो गया।

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अचानक ढहा लिंटर, मलबे के नीचे दबे मजदूर

Khatu-Shyam Temple
खाटू श्याम मंदिर में अचानक गिरा लिंटर

प्राप्त जानकारी के अनुसार, हादसे के वक्त कई मजदूर और कारीगर छत की ढलाई के काम में लगे हुए थे। जैसे ही लिंटर नीचे गिरा, वहां काम कर रहे लोग उसकी चपेट में आ गए। तेज आवाज और चीख-पुकार सुनकर आसपास के स्थानीय निवासी तुरंत मौके पर पहुंचे और अपनी स्तर पर राहत व बचाव कार्य शुरू किया।

शुरुआती रिपोर्ट्स के मुताबिक, इस भीषण हादसे में कई मजदूरों और निर्माण स्थल पर मौजूद अन्य लोगों के मलबे के नीचे दबे होने की आशंका जताई जा रही है। घटना के तुरंत बाद मलबे से निकाले गए लोगों में से कम से कम दो व्यक्तियों की हालत अत्यंत गंभीर बनी हुई है। उन्हें तत्काल एंबुलेंस की मदद से नजदीकी अस्पताल पहुंचाया गया, जहाँ डॉक्टरों की निगरानी में उनका इलाज जारी है।

मौके पर पहुंचा प्रशासनिक अमला, युद्धस्तर पर बचाव कार्य शुरू

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खाटू श्याम मंदिर में अचानक गिरा लिंटर

घटना की सूचना मिलते ही स्थानीय पुलिस, प्रशासनिक अधिकारी और दमकल विभाग की कई गाड़ियां तुरंत मौके पर पहुंच गईं। स्थिति की गंभीरता को देखते हुए राहत दल (रेस्क्यू टीम) को काम पर लगा दिया गया है। प्रशासन की देखरेख में युद्धस्तर पर बचाव अभियान चलाया जा रहा है। भारी मलबे को हटाने और नीचे फंसे लोगों को सुरक्षित बाहर निकालने के लिए जेसीबी और अन्य आवश्यक आधुनिक उपकरणों की मदद ली जा रही है।

हादसे की खबर फैलते ही घटनास्थल पर स्थानीय लोगों की भारी भीड़ जमा हो गई। निर्माण कार्य में लगे मजदूरों के परिजनों का रो-रोकर बुरा हाल है और वे अपने प्रियजनों की सलामती की दुआ कर रहे हैं। प्रशासनिक अधिकारियों ने प्राथमिकता के आधार पर बचाव कार्य पूरा करने के निर्देश दिए हैं, जिसके बाद निर्माण में हुई तकनीकी खामियों और लापरवाही की जांच की जाएगी।

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