Lucknow News: उत्तर प्रदेश की राजधानी लखनऊ के किंग जॉर्ज मेडिकल यूनिवर्सिटी (KGMU) के आरोपी रेजीडेंट डॉक्टर रमीज मलिक के खिलाफ पुलिस ने कानूनी शिकंजा कस दिया है। यौन शोषण, जबरन गर्भपात और धर्म परिवर्तन के दबाव जैसे गंभीर आरोपों में घिरे डॉ. रमीज के खिलाफ जिला न्यायालय ने गैर जमानती वारंट (NBW) जारी कर दिया है। पुलिस की कई टीमें उसकी गिरफ्तारी के लिए लगातार दबिश दे रही हैं, लेकिन आरोपी अभी भी फरार है।
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अदालती कार्रवाई और वारंट
बताते चले कि, यौन अपराधों के आरोपी डॉक्टर के खिलाफ चौक थाना पुलिस ने जिला अदालत में गैर जमानती वारंट के लिए आवेदन किया था। डीसीपी पश्चिम विश्वजीत श्रीवास्तव के अनुसार, कोर्ट ने पुलिस के साक्ष्यों के आधार पर एनबीडब्ल्यू जारी कर दिया है। उधर, गुरुवार को पीड़ित महिला डॉक्टर का बयान मजिस्ट्रेट के समक्ष (धारा 164 के तहत) दर्ज कराया गया। सूत्रों का कहना है कि मजिस्ट्रेट के सामने भी पीड़िता ने एफआईआर में लगाए गए सभी आरोपों को दोहराते हुए न्याय की गुहार लगाई है।
पुलिसिया दबिश और लोकेशन ट्रैकिंग
आपको बता दे कि, फरार रेजीडेंट डॉक्टर की तलाश में लखनऊ पुलिस की तीन विशेष टीमें गठित की गई हैं। पुलिस ने उत्तराखंड के खटीमा, बरेली और उत्तर प्रदेश के कई अन्य संभावित ठिकानों पर छापेमारी की है, लेकिन आरोपी का मोबाइल स्विच ऑफ होने के कारण उसकी सटीक लोकेशन नहीं मिल पा रही है। पुलिस अब रमीज के करीबियों और परिवार के सदस्यों के मोबाइल फोन की निगरानी (सर्विलांस) कर रही है ताकि उसके छिपने के ठिकाने का पता लगाया जा सके।
पुलिस की गिरफ्त से बाहर रहने पर होगी कठोर कार्रवाई
चौक इंस्पेक्टर नागेश उपाध्याय ने स्पष्ट किया है कि यदि धर्मांतरण और ब्लैकमेलिंग का आरोपी जल्द ही आत्मसमर्पण नहीं करता या पकड़ा नहीं जाता, तो पुलिस माननीय न्यायालय से अनुमति लेकर उसकी संपत्ति की कुर्की (धारा 82/83) की प्रक्रिया शुरू करेगी। पुलिस प्रशासन इस मामले में कोई ढिलाई नहीं बरत रहा है और आरोपी को जल्द से जल्द सलाखों के पीछे भेजने का दावा कर रहा है।
केजीएमयू का शर्मनाक मामला
पूरे मामले की पृष्ठभूमि पर नजर डालें तो केजीएमयू महिला डॉक्टर के यौन शोषण का यह मामला बेहद संवेदनशील है। पीड़िता का आरोप है कि रमीज मलिक ने शादी का झांसा देकर उसका शारीरिक शोषण किया और गर्भवती होने पर धोखे से दवा देकर गर्भपात करा दिया। बाद में पता चला कि रमीज पहले से शादीशुदा है और उसने एक अन्य हिंदू युवती का धर्म बदलकर निकाह किया था। पीड़िता पर भी इस्लाम धर्म अपनाने का दबाव बनाने और ब्लैकमेल करने का आरोप है, जिससे आहत होकर पीड़िता ने दिसंबर में आत्महत्या का प्रयास भी किया था।










