Maharashtra News: पाखंडी बाबा खरात के राजदार की सड़क हादसे में मौत, क्या गवाह को रास्ते से हटाया गया?

नाशिक के कुख्यात तांत्रिक अशोक खरात के करीबी सहयोगी जितेंद्र शेलके की समृद्धि महामार्ग पर एक भीषण सड़क हादसे में मौत हो गई। संभाजीनगर से शिर्डी जाते समय उनकी कार खड़े कंटेनर से टकरा गई। पुलिस जांच में जुटी है कि खरात स्कैंडल के इस मुख्य गवाह की मौत महज एक हादसा है या कोई बड़ी साजिश।

Wrriten By :

Aanchal Singh

Published On :

अप्रैल 17, 2026

Maharashtra News: महाराष्ट्र के नाशिक जिले से एक बड़ी और चौंकाने वाली खबर सामने आई है। खुद को महादेव का अवतार बताने वाले पाखंडी बाबा अशोक खरात के सबसे करीबी सहयोगी और उसके काले साम्राज्य के राजदार जितेंद्र शेलके की समृद्धि महामार्ग पर एक दर्दनाक सड़क दुर्घटना में मौत हो गई है। यह घटना तब हुई जब शेलके का परिवार संभाजीनगर से शिरडी की ओर जा रहा था।

अनियंत्रित कार और कंटेनर की भिड़ंत

बताते चले कि, हादसा उस समय हुआ जब जितेंद्र शेलके अपनी पत्नी और बेटे के साथ कार से यात्रा कर रहे थे। समृद्धि हाईवे पर खड़ी एक ट्रक/कंटेनर से उनकी तेज रफ्तार कार जा टकराई। टक्कर इतनी भीषण थी कि कार के परखच्चे उड़ गए और जितेंद्र शेलके की मौके पर ही मौत हो गई। सूचना मिलते ही स्थानीय पुलिस प्रशासन की टीम घटनास्थल पर पहुँची और राहत कार्य शुरू किया।

शिवानिका ट्रस्ट के उपाध्यक्ष की मौत

जितेंद्र शेलके केवल खरात का अनुयायी नहीं था, बल्कि वह उसके ‘शिवानिका ट्रस्ट’ का उपाध्यक्ष भी था। पुलिस सूत्रों के अनुसार, खरात के जेल जाने के बाद से शेलके काफी दबाव में था। सबसे महत्वपूर्ण बात यह है कि पुलिस ने उसे अशोक खरात के खिलाफ दर्ज मामलों में ‘मुख्य गवाह’ बनाया था। मुख्य गवाह की अचानक इस तरह मौत हो जाने से अब इस दुर्घटना को ‘नियोजित साजिश’ के नजरिए से भी देखा जा रहा है।

कैप्टन खरात का काला साम्राज्य

अशोक खरात, जो खुद को ‘कैप्टन खरात’ और ‘कॉस्मोलॉजी एक्सपर्ट’ कहता था, मार्च 2026 में अपनी काली करतूतों के कारण सलाखों के पीछे पहुँचा। उस पर अब तक 10 एफआईआर (FIR) दर्ज हो चुकी हैं, जिनमें 8 मामले दुष्कर्म और यौन उत्पीड़न के हैं, जबकि 2 मामले करोड़ों की आर्थिक धोखाधड़ी और हवाला रैकेट से जुड़े हैं। पुलिस को जांच के दौरान उसके पास से आपत्तिजनक वीडियो, हथियार और भारी मात्रा में डिजिटल सबूत मिले थे।

क्या यह एक सुनियोजित हत्या है?

इस दुर्भाग्यपूर्ण घटना में जितेंद्र की पत्नी और बेटा गंभीर रूप से घायल हुए हैं, जिनका उपचार नजदीकी अस्पताल में चल रहा है। पुलिस अब इस कोण से जांच कर रही है कि क्या यह वास्तव में एक दुर्घटना थी या खरात के राज दफन करने के लिए रची गई कोई साजिश। चूंकि शेलके के पास खरात के हवाला कारोबार और अनैतिक गतिविधियों की गहरी जानकारी थी, इसलिए उसकी मौत ने केस की दिशा बदल दी है।