Jharkhand Vidhan Sabha March : राजधानी रांची में विधानसभा का घेराव करने पहुंचे प्रदर्शनकारी छात्रों पर पुलिस ने कड़ा रुख अपनाते हुए लाठीचार्ज कर दिया है। विधानसभा कूच कर रहे इन छात्रों और सुरक्षा में तैनात पुलिसकर्मियों के बीच जमकर हाथापाई की भी खबरें सामने आई हैं। प्राप्त जानकारी के अनुसार, जब छात्रों ने सातवां और आखिरी बैरिकेड भी तोड़ दिया, जिसके बाद विधानसभा और प्रदर्शनकारियों के बीच कोई अन्य रुकावट नहीं बची थी, तब उग्र भीड़ को नियंत्रित करने और पीछे हटाने के लिए पुलिस को बल प्रयोग करना पड़ा।
पुलिस कार्रवाई में कुछ छात्रों को आई गंभीर चोटें
इस झड़प और लाठीचार्ज के दौरान कई प्रदर्शनकारी छात्रों को गंभीर चोटें लगने का दावा किया गया है। मौके पर मौजूद कुछ छात्रों ने आरोप लगाया कि पुलिसकर्मियों ने उन पर अत्यंत बर्बरतापूर्ण तरीके से लाठियां बरसाई हैं। छात्रों का कहना है कि वे पूरी तरह से शांतिपूर्ण तरीके से आगे बढ़ रहे थे और किसी भी तरह का उकसावा नहीं दिया था, फिर भी पुलिस ने नियमों को ताक पर रखकर कार्रवाई की।
लाठीचार्ज के बाद पुलिस प्रशासन के प्रति भड़के छात्र
पुलिस द्वारा किए गए बल प्रयोग के बाद छात्रों में प्रशासन के खिलाफ भारी नाराजगी देखने को मिली। नाराज छात्रों ने आरोप लगाया कि पुलिस की कार्रवाई का नियम होता है कि लाठी कमर के नीचे मारी जाए, लेकिन इस घटना के दौरान छात्रों के सिर, चेहरे और हाथों पर डंडे बरसाए गए। छात्रों ने इस कार्रवाई को अलोकतांत्रिक बताते हुए पुलिस और सरकार के खिलाफ जमकर अपनी भड़ास निकाली और रोष प्रकट किया।
वॉटर कैनन के सामने छात्रों ने गमछा लहराकर शुरू किया डांस
पुलिस प्रशासन द्वारा स्थिति को नियंत्रित करने के लिए छठे और आखिरी बैरिकेड के पास छात्रों पर वॉटर कैनन (पानी की बौछार) का इस्तेमाल किया गया। हालांकि, पुलिस की इस कार्रवाई से डरकर तितर-बितर होने के बजाय प्रदर्शनकारी छात्र और अधिक उत्साहित हो गए। वॉटर कैनन के ठंडे पानी के बीच ही छात्रों ने अपने गमछे लहराते हुए जश्न मनाना और नाचना शुरू कर दिया। छात्रों के इस अनोखे और अड़ियल रुख को देखकर कुछ ही देर में पुलिस को वॉटर कैनन बंद करनी पड़ी।
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