Jantar Mantar Case: कॉकरोच जनता पार्टी (CJP) के प्रदर्शन के दौरान जंतर-मंतर पर निशु आजाद के पिता संजय कुमार के साथ हुई मारपीट का मामला एक बार फिर सुर्खियों में है। इस मामले को लेकर निशु आजाद ने अब लोकसभा में नेता प्रतिपक्ष राहुल गांधी से मदद की गुहार लगाई है। निशु का आरोप है कि उनके पिता पर हमला करने वाले व्यक्ति ने खुद वायरल वीडियो में हमले की बात स्वीकार की है, इसके बावजूद अब तक उन्हें न्याय नहीं मिला है।
निशु आजाद ने राहुल गांधी से लगाई न्याय की गुहार
बताते चले कि, निशु आजाद ने सोशल मीडिया पर एक वीडियो पोस्ट करते हुए घटना को लेकर अपनी नाराजगी जाहिर की। उन्होंने दावा किया कि वायरल वीडियो में एक व्यक्ति कथित तौर पर यह स्वीकार करता नजर आ रहा है कि उसी ने उनके पिता संजय कुमार के सिर पर हमला किया था। निशु के मुताबिक, घटना के समय ही आरोपी के खिलाफ FIR दर्ज कराई गई थी, लेकिन पुलिस की कार्रवाई से उनका भरोसा उठ गया है।
निशु ने कहा कि उन्हें अब दिल्ली पुलिस से उम्मीद नहीं रह गई है और वह राहुल गांधी से न्याय दिलाने की अपील कर रही हैं। उनका कहना है कि वह लगातार इस मामले में कार्रवाई की मांग कर रही हैं, लेकिन उन्हें अभी तक अपेक्षित न्याय नहीं मिला है।
राहुल गांधी ने निशु आजाद को दिया मदद का भरोसा
निशु आजाद की अपील के बाद राहुल गांधी ने भी इस मामले पर प्रतिक्रिया दी। उन्होंने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर निशु को भरोसा दिलाते हुए कहा कि उन्हें घबराने की जरूरत नहीं है और वह उनके साथ हैं। राहुल गांधी ने आरोप लगाया कि निशु को इसलिए निशाना बनाया गया क्योंकि वह अपने समुदाय और छात्रों के अधिकारों की आवाज उठा रही हैं।
राहुल गांधी ने दिल्ली पुलिस की कार्यप्रणाली पर भी सवाल खड़े किए। उन्होंने आरोप लगाया कि एक तरफ छात्रों के खिलाफ कथित तौर पर कठोर कार्रवाई की जा रही है, जबकि दूसरी तरफ एक दलित लड़की के पिता पर हमला करने वाला आरोपी खुलेआम घूम रहा है।
दिल्ली पुलिस और सरकार से राहुल गांधी के तीखे सवाल
संजय कुमार हमला मामले में राहुल गांधी ने केंद्र सरकार और दिल्ली पुलिस पर सवाल उठाए। उन्होंने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह से पूछा कि कथित आरोपी के खिलाफ कार्रवाई क्यों नहीं हुई और क्या किसी को राजनीतिक संरक्षण दिया जा रहा है। राहुल गांधी ने कहा कि निशु की लड़ाई अकेली नहीं है। उन्होंने न्याय मिलने तक उनके साथ खड़े रहने की बात कही। इस बयान के बाद जंतर-मंतर पर हुई कथित मारपीट का मामला एक बार फिर राजनीतिक बहस के केंद्र में आ गया है।
23 जून को CJP प्रदर्शन के दौरान हुई थी हाथापाई
पुलिस के अनुसार, 23 जून 2026 को जंतर-मंतर पर CJP के प्रदर्शन के दौरान हाथापाई हुई थी। इसी दौरान गाजियाबाद निवासी संजय कुमार के सिर में चोट लगने की बात सामने आई थी। घटना के बाद उन्हें इलाज के लिए राम मनोहर लोहिया अस्पताल ले जाया गया था। RML अस्पताल में डॉक्टरों ने जांच के बाद चोट को मामूली बताया था। पुलिस के मुताबिक, संजय कुमार के सिर पर लगी चोट किसी हथियार से नहीं, बल्कि कड़े से लगी थी। घटना के बाद मामले की जांच शुरू की गई।
संजय कुमार की शिकायत पर दर्ज हुआ BNS के तहत केस
डीसीपी न्यू दिल्ली के अनुसार, संजय कुमार के बयान के आधार पर पार्लियामेंट स्ट्रीट थाने में मामला दर्ज किया गया है। पुलिस ने भारतीय न्याय संहिता यानी BNS की संबंधित धाराओं के तहत केस दर्ज कर जांच आगे बढ़ाई। पुलिस के मुताबिक, मामले में सूरज कुमार और स्वतंत्र भारद्वाज को मौके से हिरासत में लिया गया था। दोनों से पूछताछ की जा चुकी है। पुलिस का कहना है कि जांच की प्रक्रिया आगे बढ़ रही है और जल्द ही अदालत में चार्जशीट दाखिल की जाएगी।
जंतर-मंतर हमला मामला अब सियासी मुद्दा बना
जंतर-मंतर पर संजय कुमार से मारपीट का मामला अब केवल पुलिस जांच तक सीमित नहीं रह गया है। निशु आजाद की राहुल गांधी से मदद की अपील और उसके बाद राहुल गांधी की प्रतिक्रिया ने इसे राजनीतिक मुद्दा बना दिया है। एक ओर निशु पुलिस कार्रवाई पर सवाल उठा रही हैं, तो दूसरी ओर पुलिस का कहना है कि केस दर्ज कर जांच की जा रही है और आरोपियों से पूछताछ भी हो चुकी है।
अब सबसे बड़ा सवाल यही है कि इस मामले में पुलिस की जांच किस नतीजे तक पहुंचती है और अदालत में चार्जशीट कब दाखिल होती है। फिलहाल, संजय कुमार हमला मामले को लेकर आरोप-प्रत्यारोप का दौर तेज हो गया है।










