US-Iran War: ईरान में फंसे भारतीय छात्रों की सुरक्षा को लेकर चिंता,आर्मेनिया के रास्ते वापसी का बना प्लान

ईरान और इजरायल के बीच बढ़ते तनाव को देखते हुए वहां पढ़ रहे भारतीय छात्रों ने वतन वापसी शुरू कर दी है। तेहरान और शिराज यूनिवर्सिटी के छात्रों के लिए आर्मेनिया और अजरबैजान के रास्ते सुरक्षित निकासी की योजना बनाई गई है। कई छात्र Flydubai की उड़ानों से भारत लौट रहे हैं, जबकि प्रशासन छात्रों की सुरक्षा सुनिश्चित करने में जुटा है।

US-Iran War

Wrriten By :

Aanchal Singh

Published On :

मार्च 11, 2026

US-Iran War: ईरान-इजरायल के मध्य छिड़ी जंग के बीच ईरान में पढ़ रहे भारतीय छात्रों ने सुरक्षा को लेकर चिंतित होते हुए देश छोड़ने की व्यवस्था करनी शुरू कर दी है।जैसे-जैसे निकासी की योजनाएं धीरे-धीरे आकार ले रही हैं छात्रों का पहला जत्था गुरुवार को आर्मेनिया सीमा के लिए रवाना होने की उम्मीद है।

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ईरान से भारतीय छात्रों की वापसी की तैयारी

छात्रों के साथ साझा की गई जानकारी के अनुसार,तेहरान यूनिवर्सिटी ऑफ मेडिकल साइंसेज (TUMS),ईरान यूनिवर्सिटी ऑफ मेडिकल साइंसेज (IUMS), और शहीद बेहेश्ती यूनिवर्सिटी ऑफ मेडिकल साइंसेज (SBUMS) में नामांकित छात्रों को निकासी के दो रास्ते सुझाए गए हैं — या तो आर्मेनिया के रास्ते या फिर अजरबैजान के रास्ते।

कई छात्रों ने भारत लौटने का चुना विकल्प

हालांकि,कई छात्रों ने जमीनी सीमाओं को तुरंत पार करने के बजाय कमर्शियल उड़ानों से भारत लौटने का विकल्प चुना है।उनमें से बड़ी संख्या में छात्रों ने 15 मार्च,16 मार्च और उसके बाद के दिनों के लिए Flydubai की उड़ानें बुक की हैं, जिससे वे पास के अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डों पर पहुंचने के बाद अपने घर वापस जा सकेंगे।

अजरबैजान के रास्ते छात्रों को भारत लाने की तैयारी

शिराज यूनिवर्सिटी ऑफ मेडिकल साइंसेज में,जहां 86 भारतीय मेडिकल छात्र वर्तमान में अपनी पढ़ाई कर रहे हैं,स्थानीय अधिकारियों ने उनकी आवाजाही को आसान बनाने के लिए एक अलग निकासी मार्ग का सुझाव दिया है।इस योजना के तहत,छात्र शिराज – कोम – बाकू (अजरबैजान) हवाई अड्डे के रास्ते यात्रा कर सकते हैं, जहां से वे भारत के लिए अंतरराष्ट्रीय उड़ानें पकड़ सकते हैं।

भारतीय छात्रों की ओर से मदद की गुहार

ऑल इंडिया मेडिकल स्टूडेंट्स एसोसिएशन (AIMSA) J&K के अध्यक्ष मोहम्मद मोमिन खान ने बताया कि,उन्हें गोलेस्तान यूनिवर्सिटी ऑफ मेडिकल साइंसेज, केरमान यूनिवर्सिटी ऑफ मेडिकल साइंसेज और इस्फहान यूनिवर्सिटी ऑफ मेडिकल साइंसेज में नामांकित भारतीय छात्रों से लगातार मदद के लिए फोन आ रहे हैं।खान ने छात्रों और उनके परिवारों द्वारा घर पर व्यक्त की जा रही चिंताओं को उजागर करते हुए कहा,”छात्र लगातार फोन कर रहे हैं और निकासी का अनुरोध कर रहे हैं क्योंकि उनका मानना है कि,ईरान का कोई भी हिस्सा इस समय सुरक्षित नहीं है।

भारतीय छात्रों के सुरक्षित वापसी का प्रयास

डॉ.खान ने संसद सदस्य आगा सैयद रूहुल्लाह मेहदी का भी आभार व्यक्त किया।उन्होंने भारतीय छात्रों की चिंताओं को दूर करने और उनकी सुरक्षित वापसी के प्रयासों में लगातार सहयोग और समन्वय बनाए रखा।आने वाले दिनों में कई जत्थे रवाना होने की तैयारी में हैं।ऐसे में छात्रों और उनके परिवारों को उम्मीद है कि,जैसे-जैसे और लोग भारत लौटने की कोशिश करेंगे,उनके सुरक्षित मार्ग और यात्रा की व्यवस्थाओं में और सुधार होगा।

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