Haryana News: हरियाणा में जल क्रांति की तैयारी, टेंडर स्टेज पर पहुंचे बड़े डैम प्रोजेक्ट

Haryana News में बड़ा अपडेट सामने आया है जहां सरस्वती नदी और आदिबद्री डैम प्रोजेक्ट टेंडर स्टेज तक पहुंच चुके हैं। हरियाणा सरकार की यह जल क्रांति किसानों के लिए बड़ा बदलाव ला सकती है, लेकिन क्या ये परियोजनाएं समय पर पूरी होंगी और इससे कितना लाभ मिलेगा, जानें पूरी जानकारी।

हरियाणा में जल क्रांति की तैयारी

Wrriten By :

Neha Mishra

Published On :

जून 12, 2026

Haryana News: हरियाणा सरकार प्रदेश के किसानों के हित में एक महत्वपूर्ण परियोजना पर तेजी से काम कर रही है। सरस्वती नदीं प्रोजक्स को जल्द पूरा करने की दिशा में सरकार गंभीर प्रयास कर रही है। इस योजना के पूरा होने के बाद क्षेत्र में जल उपलब्धता बढ़ने की उम्मीद है, जिससे किसानों की कृषि गतिविधियों को बड़ा लाभ मिलेगा। इसके साथ ही आदिबद्री डैम प्रोजेक्ट और रेणुका डैम परियोजना पर भी तेजी से काम आगे बढ़ाया जा रहा है, ताकि सिंचाई और जल प्रबंधन को और मजबूत किया जा सके।

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परियोजनाओं की प्रगति की उच्च स्तरीय समीक्षा

आपको बता दें कि, सरस्वती नदी बोर्ड के अधिकारियों ने हाल ही में डिप्टी चेयरमैन धूमन सिंह किरमच के नेतृत्व में एचपीसीएल ड्रैल प्रोजेस्ट अथॉरिटी के महाप्रबंधक अनूप कुमार शर्मा के साथ एक अहम बैठक की। इस बैठक में आदिबद्री डैम और रेणुका डैम से जुड़ी परियोजनाओं की प्रगति की विस्तार से समीक्षा की गई। अधिकारियों ने परियोजनाओं के विभिन्न चरणों पर चर्चा करते हुए काम को समय पर पूरा करने की रणनीति पर विचार किया।

आदिबद्री डैम पर कार्य जल्द शुरू होने की संभावना

बैठक में एचपीपीसीएल अधिकारियों ने जानकारी दी कि आदिबद्री डैम का निर्माण कार्य जल्द शुरू किया जाएगा। इसके साथ ही डैम के साथ एक बैराज बनाने की योजना पर भी काम तेजी से आगे बढ़ रहा है। सरकार का उद्देश्य इन परियोजनाओं को समयबद्ध तरीके से पूरा करना है, ताकि जल संसाधनों का बेहतर उपयोग सुनिश्चित किया जा सके और किसानों को पर्याप्त सिंचाई सुविधा मिल सके।

टेंडर प्रक्रिया अंतिम चरण में

डिप्टी चेयरमैन धूमन सिंह किरमच ने बताया कि मुख्यमंत्री एवं सरस्वती नदी बोर्ड के चेयरमैन नायब सिंह सैनी के निर्देशों के अनुसार दोनों प्रमुख परियोजनाएं अब टेंडर प्रक्रिया के अंतिम चरण में पहुंच चुकी हैं। जल्द ही इस प्रक्रिया को पूरा कर निर्माण कार्य को औपचारिक रूप से आगे बढ़ाया जाएगा। सरकार का लक्ष्य है कि इन परियोजनाओं के माध्यम से प्रदेश में जल संकट की समस्या को काफी हद तक कम किया जाए।

किसानों के लिए बढ़ी पानी की उपलब्धता

सरकार के प्रयासों के कारण राज्य में पानी की उपलब्धता में सुधार देखने को मिला है। सरस्वती नदी में जल प्रवाह शुरू होने से आसपास के क्षेत्रों के किसानों को सीधा लाभ मिल रहा है। किसानों के खेतों में सिंचाई की सुविधा बेहतर होने से उनकी फसल उत्पादन क्षमता में भी सुधार आने की उम्मीद है।

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भविष्य की रणनीति पर जोर

सरस्वती नदी प्रोजेक्ट को केवल वर्तमान की आवश्यकता नहीं बल्कि भविष्य की रणनीति के रूप में देखा जा रहा है। सरकार इस परियोजना को लेकर गंभीर है और इसे हरियाणा के जल प्रबंधन मॉडल का महत्वपूर्ण हिस्सा बनाने की दिशा में काम कर रही है। इन परियोजनाओं के पूरा होने के बाद राज्य में सिंचाई व्यवस्था और मजबूत होने के साथ-साथ किसानों की आर्थिक स्थिति में भी सुधार की संभावना जताई जा रही है।