Haryana News: अब किराना दुकान से भी मिलेगा फ्री Wi-Fi, PM-WANI योजना से बदलेंगे ग्रामीण बाजार

गांवों में किराना दुकानों, साइबर कैफे और कॉमन सर्विस सेंटर के जरिए अब सार्वजनिक इंटरनेट कनेक्टिविटी को बढ़ावा मिलेगा। PM-WANI योजना के तहत स्थानीय कारोबारी ग्रामीण इलाकों में लोगों को आसान और सुलभ Wi-Fi सुविधा उपलब्ध कराने में अहम भूमिका निभाएंगे।

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Wrriten By :

Nivedita Kasaudhan

Published On :

अगस्त 16, 2026

Haryana News: डिजिटल इंडिया के सपने को साकार करने की दिशा में केंद्र सरकार की ‘पीएम-वाणी’ (PM-WANI) योजना ग्रामीण भारत के लिए एक गेम-चेंजर साबित हो रही है। अब तक इंटरनेट कनेक्टिविटी के लिए बड़े शहरों या सरकारी संस्थानों पर निर्भर रहने वाले गांवों के लिए एक नई उम्मीद जगी है। इस योजना के तहत अब गांव के छोटे दुकानदार, किराना स्टोर संचालक, साइबर कैफे और कॉमन सर्विस सेंटर (CSC) केवल अपना पारंपरिक व्यवसाय ही नहीं करेंगे, बल्कि वे सार्वजनिक इंटरनेट कनेक्टिविटी के मुख्य केंद्र यानी ‘पब्लिक डेटा ऑफिस’ (PDO) के रूप में अपनी सेवाएं दे सकेंगे। यह पहल न केवल डिजिटल पहुंच को आसान बनाएगी, बल्कि स्थानीय स्तर पर डिजिटल उद्यमिता को एक नया आयाम भी देगी।

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कैसे काम करेगा पीएम-वाणी का यह मॉडल?

पीएम-वाणी व्यवस्था पूरी तरह से स्थानीय भागीदारी पर आधारित है। इस मॉडल में दो मुख्य भूमिकाएं होती हैं:

पब्लिक डेटा ऑफिस (PDO): स्थानीय दुकानदार या व्यवसायी जो अपने प्रतिष्ठान पर वाई-फाई हॉटस्पॉट स्थापित करता है।

पब्लिक डेटा ऑफिस एग्रीगेटर (PDOA): जो दुकानदार के हॉटस्पॉट को मुख्य इंटरनेट नेटवर्क से जोड़ने और तकनीकी प्रबंधन का कार्य देखता है।

सरकार के इस नए मॉडल में दुकानदार इंटरनेट के केवल उपभोक्ता नहीं, बल्कि ‘सेवा प्रदाता’ होंगे। इससे एक छोटा दुकानदार अपने ग्राहक को सामान के साथ-साथ हाई-स्पीड इंटरनेट की सुविधा भी उपलब्ध करा सकेगा।

विस्तार की नई तकनीकी राहें

पीएम-वाणी को जमीनी स्तर पर आसान बनाने के लिए सरकार ने तकनीकी नियमों में भी व्यापक बदलाव किए हैं। अब एक सामान्य फाइबर-टू-द-होम (FTTH) कनेक्शन और एक ही बैकहॉल के जरिए कई एक्सेस पॉइंट जोड़ने की अनुमति मिल गई है। इससे एक ही कनेक्शन से पूरे बाजार या गांव के अलग-अलग हिस्सों तक वाई-फाई सेवा पहुंचाना सरल हो गया है। इसके अलावा, क्यूआर (QR) कोड आधारित प्रमाणीकरण ने उपयोगकर्ताओं के लिए नेटवर्क से जुड़ने की प्रक्रिया को बेहद आसान और सुरक्षित बना दिया है।

लागत नियंत्रण और आर्थिक सुगमता

छोटे दुकानदारों के लिए इसे आर्थिक रूप से व्यवहारिक बनाने के उद्देश्य से दूरसंचार नियामक प्राधिकरण (TRAI) ने विशेष प्रावधान किए हैं। 200 एमबीपीएस तक की स्पीड वाले रिटेल एफटीटीएच प्लान पीडीओ को बहुत ही किफायती दरों पर उपलब्ध कराने का निर्देश दिया गया है। कनेक्टिविटी की कम लागत छोटे दुकानदारों के लिए इस व्यवसाय को मुनाफे का सौदा बना सकती है।

हरियाणा में पीएम-वाणी की स्थिति और भविष्य

हरियाणा में इस योजना की नींव पहले से ही मजबूत होती दिख रही है। 30 जून के आंकड़ों के अनुसार, भिवानी और महेंद्रगढ़ जिले में कुल 279 सक्रिय हॉटस्पॉट पंजीकृत हैं (भिवानी में 228 और महेंद्रगढ़ में 51)। भिवानी-महेंद्रगढ़ के सांसद धर्मबीर सिंह ने भी संसद में इस विस्तार की महत्ता को रेखांकित किया है, जिस पर संचार राज्य मंत्री डॉ. पेम्मासानी चंद्रशेखर ने स्पष्ट किया कि सरकार का मुख्य लक्ष्य ग्रामीण क्षेत्रों में डिजिटल अर्थव्यवस्था को घर-घर तक पहुंचाना है।

पीएम-वाणी का यह विस्तार गांवों को डिजिटल भुगतान, ऑनलाइन शिक्षा, ई-गवर्नेंस और डिजिटल सेवाओं से जोड़ने का एक सशक्त माध्यम है। यदि स्थानीय स्तर पर यह भागीदारी का मॉडल सफल रहता है, तो आने वाले समय में हरियाणा का हर छोटा गांव एक ‘स्मार्ट डिजिटल विलेज’ के रूप में अपनी पहचान बना सकेगा।

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