Haridwar: चलती बस बनी आग का गोला! हरिद्वार-देहरादून हाईवे पर बड़ा हादसा टला

हरिद्वार-रुड़की हाईवे पर एक दर्दनाक हादसा होते-होते टल गया, जहाँ चलती हुई बस में अचानक भीषण आग लग गई। हादसे के वक्त बस में 32 यात्री सवार थे, जिनमें राजस्थान के तीर्थयात्री शामिल थे।

Haridwar

Wrriten By :

Nivedita Kasaudhan

Published On :

जून 6, 2026

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Haridwar: उत्तराखंड के हरिद्वार-देहरादून हाईवे पर शनिवार देर शाम एक बड़ा हादसा होते-होते टल गया। गंगा दर्शन कर लौट रहे राजस्थान के कोटा से आए 30 यात्रियों से भरी एक डबल डेकर बस में अचानक भीषण आग लग गई। देखते ही देखते बस आग का गोला बन गई, जिससे हाईवे पर हड़कंप मच गया। गनीमत रही कि इस अग्निकांड में कोई जनहानि नहीं हुई और सभी यात्रियों को सुरक्षित बाहर निकाल लिया गया।

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क्या था पूरा घटनाक्रम?

प्राप्त जानकारी के अनुसार, राजस्थान के कोटा से तीर्थयात्रियों का एक जत्था गंगा दर्शन के लिए हरिद्वार आया हुआ था। शनिवार शाम को दर्शन करने के बाद ये सभी यात्री एक डबल डेकर बस में सवार होकर वापस कोटा के लिए निकले थे। जैसे ही बस हरिद्वार-देहरादून हाईवे पर सर्वानंद घाट के पास पहुँची, तभी अचानक इंजन के पास से धुआं उठने लगा और देखते ही देखते आग ने विकराल रूप धारण कर लिया।

बस में सवार यात्रियों को जब आग का आभास हुआ, तो बस के भीतर अफरा-तफरी और चीख-पुकार मच गई। आग की लपटें इतनी तेज थीं कि कुछ ही मिनटों में पूरी बस जलकर खाक होने लगी।

चालक की सूझ-बूझ और त्वरित रेस्क्यू

इस भयावह स्थिति के बीच, बस चालक ने अपनी सूझ-बूझ का परिचय देते हुए तत्काल बस को हाईवे के किनारे सुरक्षित तरीके से रोक दिया। उसने घबराए हुए यात्रियों को तुरंत नीचे उतरने का संकेत दिया। चालक की इस तत्परता और समझदारी ने यात्रियों को समय रहते बस से बाहर निकालने में मदद की।

जैसे ही घटना की सूचना आसपास के लोगों और राहगीरों को मिली, उन्होंने तुरंत पुलिस और फायर ब्रिगेड को सूचित किया। सूचना मिलते ही शहर कोतवाल कुंदन सिंह राणा के नेतृत्व में पुलिस बल और दमकल विभाग की टीम मौके पर पहुँची। रेस्क्यू टीम ने बहादुरी दिखाते हुए बस में फंसे यात्रियों को सुरक्षित बाहर निकाला। एसपी सिटी अभय प्रताप सिंह ने बताया कि सभी 30 यात्रियों को सकुशल बचा लिया गया है, जिससे एक बड़ा हादसा होने से टल गया।

आग का कारण और प्रशासनिक जांच

घटना के बाद प्रारंभिक जांच में आग लगने का मुख्य कारण डीजल लीक होना बताया जा रहा है। इंजन से डीजल का रिसाव होने के कारण अचानक आग भड़की, जिसने पूरी बस को अपनी चपेट में ले लिया। हालांकि बस जलकर पूरी तरह क्षतिग्रस्त हो गई है, लेकिन यात्रियों का सारा सामान और उनके दस्तावेज भी आग की भेंट चढ़ गए।

पुलिस ने मामले को संज्ञान में लिया है और आग लगने के वास्तविक कारणों की तकनीकी जांच शुरू कर दी है। यह घटना इस बात की ओर भी इशारा करती है कि लंबी दूरी की बसों के फिटनेस और रखरखाव में कोताही कितनी जानलेवा हो सकती है। फिलहाल, सभी यात्री सुरक्षित हैं और उन्हें वैकल्पिक व्यवस्था के माध्यम से उनके गंतव्य भेजने की तैयारी की जा रही है। यह हादसा यात्रियों के लिए एक डरावना अनुभव रहा, लेकिन समय रहते हुई त्वरित कार्रवाई ने उन्हें मौत के मुंह से खींच लिया।

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