Google Layoff News:  गूगल में एक बार फिर नौकरी संकट, कर्मचारियों की छंटनी शुरू

टेक दिग्गज गूगल में एक बार फिर नौकरी संकट गहराता नजर आ रहा है, जहां क्लाउड और साइबर सिक्योरिटी टीमों में छंटनी ने कर्मचारियों को चौंका दिया है। आखिर क्यों कंपनी लगातार कर्मचारियों को बाहर कर रही है? क्या यह बड़े रणनीतिक बदलाव का हिस्सा है या आर्थिक दबाव का असर?

गूगल में एक बार फिर नौकरी संकट

Wrriten By :

Neha Mishra

Published On :

जून 5, 2026

Google Layoff News: दुनिया की सबसे बड़ी टेक कंपनियों में से एक गूगल ने एक बार फिर अपने कर्मचारियों की छटनी शुरू कर दी है। मौजूदा समय से जहां महंगाई, वैश्विक आर्थिक अनिश्चितता और अंतर्राष्ट्रीय तनाव का माहौल बना हुआ है, वहीं इस तरह की खबरों ने टेक सेक्टर में चिंता बढ़ा दी है। जानकारी के अनुसार, इस बार छटनी का असर खासतौर पर गूगल के क्लाउड डिवीजन और साइबर सिक्योरिटी से जुडी टीमों पर पड़ा है।

UPSC का सपना लेकर पहुंची छात्रा, कलेक्टर के एक वाक्य ने भर दी आंखें

क्लाउड डिवीजन में सबसे ज्यादा असर

जानकारी के अनुसार, गूगल ने अपने क्लाउड यूनिट में पिछले कुछ हफ्तों के दौरान कई टीमों में कर्मचारियों की संख्या में कटौती की है। यह छंटनी अचानक नहीं बल्कि चरणबद्ध तरीके से की जा रही है। बिजनेस इनसाइडर की एक रिपोर्ट में दावा किया गया है कि पिछले दो हफ्तों में कई विभागों से कर्मचारियों को हटाया गया है। क्लाउड डिवीजन, गूगल के सबसे तेजी से बढ़ते बिजनेस क्षेत्रों में से एक माना जाता है, लेकिन इसी क्षेत्र में हुई यह छंटनी कई सवाल खड़े कर रही है।

साइबर सिक्योरिटी टीम भी प्रभावित

इस छंटनी का असर केवल क्लाउड यूनिट तक सीमित नहीं रहा, बल्कि गूगल की महत्वपूर्ण साइबर सिक्योरिटी इकाइयों पर भी पड़ा है। प्रभावित टीमों में Google Threat Intelligence Group शामिल है, जो दुनिया भर में साइबर हमलों और हैकिंग गतिविधियों पर रिसर्च कर रिपोर्ट तैयार करती है। इसके अलावा, साइबर सिक्योरिटी से जुड़ी अन्य इकाइयों के कर्मचारियों पर भी इस कटौती का असर देखा गया है। यह टीम गूगल की सुरक्षा व्यवस्था और डिजिटल खतरों से बचाव में अहम भूमिका निभाती है।

Mandiant अधिग्रहण और उसका प्रभाव

रिपोर्ट में यह भी सामने आया है कि गूगल द्वारा 2022 में 5.4 अरब डॉलर में खरीदी गई साइबर सिक्योरिटी कंपनी Mandiant के कुछ कर्मचारियों पर भी इस छंटनी का प्रभाव पड़ा है। Mandiant को गूगल ने साइबर सुरक्षा क्षमताओं को मजबूत करने के उद्देश्य से अधिग्रहित किया था। हालांकि, इस छंटनी में कितने कर्मचारियों की नौकरी गई है, इस बारे में कंपनी ने आधिकारिक रूप से कोई आंकड़ा जारी नहीं किया है, जिससे स्थिति और अस्पष्ट बनी हुई है।

Amit Shah Tripura visit 2026: BSF जवानों से मिले अमित शाह, त्रिपुरा में पांच सितारा होटल की रखी आधारशिला

कंपनी की ओर से आधिकारिक जानकारी नहीं

गूगल की ओर से अब तक यह स्पष्ट नहीं किया गया है कि कुल कितने कर्मचारियों को इस छंटनी में शामिल किया गया है। कंपनी ने इस मुद्दे पर विस्तृत बयान देने से भी परहेज किया है। यही वजह है कि प्रभावित कर्मचारियों और मीडिया रिपोर्ट्स के आधार पर ही जानकारी सामने आ रही है।

कर्मचारी ने लिंक्डइन पर साझा किया अनुभव

छंटनी की पुष्टि तब और मजबूत हो गई जब गूगल के एक कर्मचारी ने लिंक्डइन पर पोस्ट साझा की। इस पोस्ट में उन्होंने बताया कि उनकी टीम से कई लोगों को नौकरी से हटाया गया है, जिसमें वह स्वयं भी शामिल हैं। इस कर्मचारी ने अपने पोस्ट में आगे की योजना का भी उल्लेख किया और बताया कि वह कुछ समय का ब्रेक लेकर फिर से नई नौकरी की तलाश शुरू करेंगे। इस पोस्ट के बाद अन्य प्रभावित कर्मचारियों की प्रतिक्रियाएं भी सामने आने लगी हैं।

वैश्विक आर्थिक माहौल में बढ़ती चिंता

विशेषज्ञों का मानना है कि वैश्विक आर्थिक अनिश्चितता, तकनीकी क्षेत्र में बढ़ती प्रतिस्पर्धा और लागत में कटौती की रणनीति के चलते बड़ी कंपनियां अपने कार्यबल को पुनर्गठित कर रही हैं। गूगल की यह छंटनी भी इसी व्यापक ट्रेंड का हिस्सा मानी जा रही है। हालांकि, यह कदम उन कर्मचारियों के लिए चुनौतीपूर्ण है जो इस अनिश्चित समय में स्थिर नौकरी की उम्मीद कर रहे थे।