Fete de la Musique: फ्रांस में म्यूजिक फेस्टिवल के दौरान हड़कंप, कई महिलाओं पर सिरिंज से हमला

फ्रांस में 'फेट डे ला म्यूजिक' उत्सव के दौरान पेरिस सहित कई शहरों में हिंसा, चाकूबाजी और अनियंत्रित भीड़ के कारण स्थिति बेहद तनावपूर्ण हो गई।

Fete de la Musique

Wrriten By :

Nivedita Kasaudhan

Published On :

जून 24, 2026

Fete de la Musique: फ्रांस का प्रसिद्ध ‘फेट डे ला म्यूजिक’ (Fête de la Musique) उत्सव, जो दुनिया भर में संगीत और उल्लास के लिए जाना जाता है, इस बार बेहद डरावने और शर्मनाक कारणों से सुर्खियों में है। देशभर में आयोजित इस बड़े स्ट्रीट म्यूजिक फेस्टिवल के दौरान हिंसा, यौन उत्पीड़न और सिरिंज अटैक जैसी घटनाओं ने न केवल प्रशासन की सुरक्षा व्यवस्था पर गंभीर सवाल खड़े किए हैं, बल्कि आम नागरिकों और पर्यटकों में दहशत का माहौल पैदा कर दिया है।

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रेप और यौन शोषण के मामले

उत्सव के दौरान सामने आई सबसे भयावह घटनाओं में महिलाओं के साथ हुआ यौन उत्पीड़न है। आधिकारिक रिपोर्टों के अनुसार, दो महिलाओं ने रेप की शिकायत दर्ज कराई है, जबकि कई अन्य मामलों में यौन उत्पीड़न की जांच की जा रही है। इन घटनाओं ने फ्रांस के सार्वजनिक सुरक्षा ढांचे की पोल खोल दी है। कुछ रिपोर्ट्स में यह आशंका भी जताई गई है कि पीड़ितों में नाबालिग भी हो सकते हैं, जिससे मामले की गंभीरता और बढ़ गई है। पुलिस ने फिलहाल सभी मामलों में जांच तेज कर दी है।

सिरिंज अटैक (नीडल स्पाइकिंग) का खौफ

इस फेस्टिवल के दौरान ‘नीडल स्पाइकिंग’ यानी अनजान लोगों द्वारा भीड़ में सिरिंज चुभोने की घटनाओं ने लोगों को हिला कर रख दिया है। बुलेवार्ड डे ला मेडेलीन इलाके में एक महिला को सिरिंज चुभने के बाद बेहोशी की हालत में अस्पताल ले जाना पड़ा। ऐसी कई अन्य शिकायतें भी मिली हैं जहां महिलाओं को अचानक सुई चुभने का अहसास हुआ। फोरेंसिक जांच की जा रही है कि क्या इन सिरिंजों के जरिए शरीर में कोई नशीला पदार्थ या अन्य घातक रसायन इंजेक्ट किया गया था। इस तरह की घटनाओं ने भीड़भाड़ वाले कार्यक्रमों में महिलाओं की सुरक्षा पर बड़ा प्रश्नचिह्न लगा दिया है।

पेरिस में चाकूबाजी और अराजकता

राजधानी पेरिस का हाल सबसे अधिक चिंताजनक रहा। शातले (Châtelet) जैसे केंद्रीय और भीड़भाड़ वाले इलाकों में आपसी झड़प, मारपीट और चाकूबाजी की खबरें मिलीं। प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार, स्थिति इतनी बेकाबू थी कि भगदड़ जैसी नौबत आ गई थी। ब्रिटेन के एक पर्यटक स्टीव ने अपने अनुभव साझा करते हुए बताया कि सड़कों पर हालात बेहद खतरनाक थे और कहीं भी सुरक्षित महसूस नहीं हो रहा था।

भारी गिरफ्तारी और पुलिस की तैनाती

इस अराजकता को रोकने के लिए प्रशासन ने व्यापक स्तर पर कार्रवाई की। पूरे देश में कुल 243 लोगों को गिरफ्तार किया गया है। स्थिति को संभालने के लिए हजारों पुलिसकर्मियों, दमकलकर्मियों के साथ-साथ निगरानी ड्रोन और हेलीकॉप्टरों को तैनात किया गया था, इसके बावजूद असामाजिक तत्वों ने सुरक्षा घेरे को धता बताते हुए हिंसा को अंजाम दिया।

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