हर कॉलेज का होगा एक जैसा आधुनिक डिजाइन, बिहार में शुरू हुई भवन निर्माण की तैयारी

 पटना  राज्य के नए 211 राजकीय डिग्री महाविद्यालयों में पढ़ाई की शुरुआत हो चुकी है। अब इनके भवनों का निर्माण को लेकर सरकार की सक्रियता बढ़ गई है। उच्च शिक्षा विभाग के मुताबिक सभी डिग्री महाविद्यालयों का भवन एक ही स्टैंडर्ड (मानकीकृत) डिजाइन के आधार पर बनाया जाएगा। इससे निर्माण में तेजी आएगी और सभी महाविद्यालयों में एक समान अत्याधुनिक सुविधाएं उपलब्ध होंगी। भवनों में सभी प्रमुख संकायों के लिए स्मार्ट क्लासरूम, आधुनिक प्रयोगशालाएं, पुस्तकालय, प्रशासनिक कार्यालय और शिक्षक कक्ष शामिल होंगे। प्रत्येक काॅलेज भवन निर्माण पर पांच करोड़ का खर्च का प्रस्ताव 15 अगस्त तक जिलों से जमीन की

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Published On :

जुलाई 18, 2026

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 पटना
 राज्य के नए 211 राजकीय डिग्री महाविद्यालयों में पढ़ाई की शुरुआत हो चुकी है। अब इनके भवनों का निर्माण को लेकर सरकार की सक्रियता बढ़ गई है।

उच्च शिक्षा विभाग के मुताबिक सभी डिग्री महाविद्यालयों का भवन एक ही स्टैंडर्ड (मानकीकृत) डिजाइन के आधार पर बनाया जाएगा। इससे निर्माण में तेजी आएगी और सभी महाविद्यालयों में एक समान अत्याधुनिक सुविधाएं उपलब्ध होंगी।

भवनों में सभी प्रमुख संकायों के लिए स्मार्ट क्लासरूम, आधुनिक प्रयोगशालाएं, पुस्तकालय, प्रशासनिक कार्यालय और शिक्षक कक्ष शामिल होंगे।

प्रत्येक काॅलेज भवन निर्माण पर पांच करोड़ का खर्च का प्रस्ताव
15 अगस्त तक जिलों से जमीन की उपलब्धता की रिपोर्ट मांगी गई है। सभी जिलाधिकारियों को ढाई एकड़ से पांच एकड़ जमीन उपलब्ध कराने के निर्देश दिया गया हैं।

प्रत्येक काॅलेज भवन निर्माण पर पांच करोड़ रुपये का खर्च का प्रस्ताव है। उच्च शिक्षा निदेशक प्रो.एनके अग्रवाल के मुताबिक पूर्व में प्रखंड मुख्यालयों में कम से कम ढाई एकड़ जमीन उपलब्ध कराने का निर्देश दिया गया था।

दो दर्जन जिलों में जमीन च‍िह्न‍ित किए जाने की सूचना प्राप्त है। हालांकि डिग्री काॅलेज के लिए ढाई एकड़ से लेकर पांच एकड़ जमीन तक उपलब्ध कराने का निर्देश सभी जिलाधिकारियों को दिया गया है।

निर्देश में कहा गया है कि सुरक्षा व्यवस्था के मद्देनजर प्रखंड मुख्यालयों के आसपास जमीन की उपलब्धता सुनिश्चित करें। जमीन उपलब्ध होने के बाद उच्च शिक्षा विभाग द्वारा कालेजों के भवन निर्माण के लिए आवश्यक कार्रवाई की सुनिश्चित जाएगी।

भूमि‍ दाता या उनके बताए नाम पर होगा काॅलेज
अगर नए डिग्री काॅलेजों के लिए भूमि दान में उपलब्ध होती है, तो दानदाताओं (या उनके द्वारा अनुशंसित व्यक्ति) के नाम पर काॅलेज का नामकरण किया जाएगा।

उच्च शिक्षा विभाग को यह स्पष्ट निर्देश दिया गया है कि वर्ष 2027 से जुलाई का शैक्षणिक सत्र नये डिग्री कॉलेजों के अपने भवनों में संचालित होना चाहिए।

नए भवनों का निर्माण का कार्य राज्य सरकार की कई एजेंसियों को दिया जाण्गा ताकि समय से भवनों का निर्माण पूरा कराया जा सके।

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