जैविक खेती के लिये अध्ययन दल भेजे दंतेवाड़ा

भोपाल  मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने कहा है कि प्रदेश के जनजातीय क्षेत्रों में जैविक खेती को प्रोत्साहन दिया जाये। छत्तीसगढ़ के दंतेवाड़ा जिले में भी जनजातीय कृषकों द्वारा जैविक खेती की जा रही है। इसका अध्ययन करने के लिए मध्यप्रदेश से दल भेजा जाए। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने गुरूवार को जनजातीय कार्य विभाग की समीक्षा बैठक में यह बात कही। बैठक में जनजातीय कार्य मंत्री डॉ. विजय शाह, मुख्य सचिव  अनुराग जैन, मुख्यमंत्री के अतिरिक्त मुख्य सचिव  नीरज मंडलोई, अतिरिक्त मुख्य सचिव वित्त  मनीष रस्तोगी, जनजातीय कार्य विभाग के प्रमुख सचिव  गुलशन बामरा सहित अन्य अधिकारी उपस्थित थे। मुख्यमंत्री

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Published On :

मई 21, 2026

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भोपाल 

मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने कहा है कि प्रदेश के जनजातीय क्षेत्रों में जैविक खेती को प्रोत्साहन दिया जाये। छत्तीसगढ़ के दंतेवाड़ा जिले में भी जनजातीय कृषकों द्वारा जैविक खेती की जा रही है। इसका अध्ययन करने के लिए मध्यप्रदेश से दल भेजा जाए। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने गुरूवार को जनजातीय कार्य विभाग की समीक्षा बैठक में यह बात कही। बैठक में जनजातीय कार्य मंत्री डॉ. विजय शाह, मुख्य सचिव  अनुराग जैन, मुख्यमंत्री के अतिरिक्त मुख्य सचिव  नीरज मंडलोई, अतिरिक्त मुख्य सचिव वित्त  मनीष रस्तोगी, जनजातीय कार्य विभाग के प्रमुख सचिव  गुलशन बामरा सहित अन्य अधिकारी उपस्थित थे।

मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि जनजातीय कार्य विभाग द्वारा संचालित विद्यालयों, आश्रम और छात्रावासों में शिक्षा और रहन सहन की गुणवत्ता बेहतर करें। जनजातीय क्षेत्रों में परंपरागत सामाजिक मूल्यों के संरक्षण और समग्र विकास के लिए समाज सेवी संगठनों का भी सहयोग लें। जनजातीय क्षेत्र में शासन के विभिन्न विभाग मिलकर कार्य करें। कन्वर्जेंस से जन सुविधाओं का विकास सुनिश्चित किया जाये। जनजातीय समाज में पशुपालन को बढ़ावा दें और दुग्ध उत्पादन बढ़ाने में इनका सहयोग ले। बैठक में मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने प्रदेश की विशेष पिछड़ी जनजातियों बैगा, भारिया और सहारिया के समग्र विकास के लिए सतत् कार्य करने के निर्देश दिए।

मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने विभाग द्वारा शिक्षा की गुणवत्ता में सुधार के लिये आवश्यक कार्य करने के निर्देश दिए। बैठक में बताया गया है कि हाई स्कूल एवं हायर सेकंडरी परीक्षा परिणाम 2026 में सर्वश्रेष्ठ 10 ज़िलों में से 7 जनजातीय जिले शामिल हैं। दिसम्बर 2023 से अब तक जनजातीय वर्ग के कक्षा 9 एवं 10 के कुल 3 लाख 65 हज़ार विद्यार्थियों को 137 करोड़ 52 लाख रुपये की छात्रवृत्ति का भुगतान किया गया है। इसी अवधि में पोस्ट मैट्रिक छात्रवृत्ति योजना के तहत 4 लाख 28 हज़ार विद्यार्थियों को 673 करोड़ 64 लाख रुपये की राशि भुगतान की गई है। विभाग द्वारा 2671 छात्रावास और आश्रम शालाओं का संचालन किया जा रहा है।

मंत्री डॉ. शाह ने बताया कि विशेष पिछड़ी जनजातियों की महिला मुखिया के बैंक खाते में प्रतिमाह 15 सौ रुपये की राशि शासन की आहार अनुदान योजना में प्रदान की जा रही है। दिसम्बर 2023 से अभी तक में 2 लाख 37 हजार 550 महिलाओं को कुल 432 करोड़ रुपये प्रदान किए गए हैं।

 

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