
Delhi Pollution: देश के प्रमुख महानगरों में वायु प्रदूषण की स्थिति लगातार चिंता का विषय बनी हुई है। राजधानी दिल्ली और एनसीआर के शहरों में हवा की गुणवत्ता बेहद खराब स्तर पर पहुंच गई है। उपलब्ध आंकड़ों के अनुसार, 7 नवंबर को नई दिल्ली का वायु गुणवत्ता सूचकांक (AQI) 674 दर्ज किया गया, जबकि नोएडा में एक लाइव रीडिंग के दौरान AQI 788 तक पहुंच गया। वहीं, गुरुग्राम में AQI 808 दर्ज किए जाने की जानकारी सामने आई है। इन आंकड़ों ने दिल्ली-एनसीआर में रहने वाले लोगों की स्वास्थ्य संबंधी चिंताएं बढ़ा दी हैं।
नोएडा में AQI 788, हवा में जहरीले कणों की अधिकता
नोएडा में प्रदूषण की स्थिति विशेष रूप से गंभीर दिखाई दे रही है। उपलब्ध आंकड़ों के मुताबिक, यहां PM2.5 का स्तर 470 माइक्रोग्राम प्रति घनमीटर और PM10 का स्तर 513 माइक्रोग्राम प्रति घनमीटर दर्ज किया गया। हवा में मौजूद ये सूक्ष्म और मोटे कण सांस के जरिए शरीर में पहुंचकर स्वास्थ्य को प्रभावित कर सकते हैं। नोएडा में तापमान 28 डिग्री सेल्सियस, आर्द्रता 23 प्रतिशत और हवा की गति 10.1 किलोमीटर प्रति घंटा दर्ज की गई। मौसम के इन आंकड़ों के बावजूद प्रदूषण का ऊंचा स्तर लोगों के लिए परेशानी का कारण बना हुआ है।
दिल्ली की हवा भी खतरनाक श्रेणी में
राजधानी दिल्ली में भी वायु गुणवत्ता की स्थिति बेहद चिंताजनक है। यहां AQI 674 दर्ज किया गया है, जो सामान्य स्वास्थ्य परिस्थितियों के लिहाज से बेहद खराब स्थिति को दर्शाता है। दिल्ली के कई इलाकों में प्रदूषण का असर लोगों की दिनचर्या पर पड़ सकता है। खासतौर पर सुबह और शाम के समय बाहर निकलने वाले लोगों को अतिरिक्त सावधानी बरतने की जरूरत है। दिल्ली के साथ आसपास के शहरों में भी प्रदूषण का स्तर लगातार निगरानी की मांग कर रहा है।
मुंबई से कोलकाता तक जानिए महानगरों का AQI

देश के अन्य प्रमुख महानगरों में भी वायु गुणवत्ता के आंकड़े अलग-अलग स्थिति दिखा रहे हैं। उपलब्ध आंकड़ों के मुताबिक, कोलकाता का AQI 182, हैदराबाद का 172, पुणे का 167 और अहमदाबाद का 164 दर्ज किया गया। वहीं मुंबई में AQI 152 रहा। चेन्नई में 122 और बंगलूरू में 102 का स्तर सामने आया। इन आंकड़ों से स्पष्ट है कि दिल्ली-एनसीआर के मुकाबले इन महानगरों में प्रदूषण का स्तर कम दर्ज किया गया है। हालांकि, इन शहरों में भी स्थानीय परिस्थितियों के अनुसार हवा की गुणवत्ता बदल सकती है।
गुरुग्राम में 808 तक पहुंचा AQI

दिल्ली के आसपास स्थित गुरुग्राम में AQI 808 दर्ज किया गया है। वहीं नोएडा में 788 की लाइव रीडिंग सामने आई है। गाजियाबाद के लिए उपलब्ध जानकारी में अलग से कोई लाइव AQI आंकड़ा नहीं दिया गया है। दिल्ली, नोएडा और गुरुग्राम के ये आंकड़े पूरे एनसीआर में प्रदूषण की गंभीर स्थिति की ओर संकेत करते हैं। अलग-अलग स्थानों और समय पर दर्ज रीडिंग में अंतर हो सकता है, इसलिए स्थानीय स्तर पर वायु गुणवत्ता की निगरानी जरूरी है।
बच्चों और बुजुर्गों को विशेष सावधानी बरतने की जरूरत
AQI 301 से 500 के बीच होने पर भारतीय मानकों के अनुसार हवा गंभीर श्रेणी में मानी जाती है। 500 से अधिक की रीडिंग सामान्य AQI श्रेणियों से भी ऊपर है और बेहद चिंताजनक स्थिति दर्शाती है। ऐसे वातावरण में लंबे समय तक रहने से खांसी, सांस लेने में परेशानी और आंखों में जलन जैसी समस्याएं हो सकती हैं। बच्चों, बुजुर्गों और सांस संबंधी बीमारियों से परेशान लोगों को विशेष सावधानी बरतनी चाहिए। लोगों को स्थानीय AQI अपडेट पर नजर रखने और प्रदूषण के अधिक स्तर के दौरान बाहरी गतिविधियां सीमित रखने की सलाह दी जाती है।
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