CM Yogi Action: खराब सड़क बनाने वालों पर FIR, ठेकेदारों के खिलाफ होगी कड़ी कार्रवाई

उत्तर प्रदेश में खराब सड़क निर्माण को लेकर मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने सख्त रुख अपनाया है। लापरवाही करने वाले ठेकेदारों के खिलाफ FIR दर्ज करने और कड़ी कार्रवाई के निर्देश दिए गए हैं। सरकार का कहना है कि सड़क निर्माण की गुणवत्ता से समझौता करने वालों को बख्शा नहीं जाएगा। जानिए इस बड़े फैसले का असर।

Wrriten By :

Chandan Das

Published On :

जुलाई 26, 2026

CM Yogi Action:  उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने आगरा दौरे के दौरान विकास कार्यों में लापरवाही बरतने वाले अधिकारियों और ठेकेदारों को कड़ा संदेश दिया। शनिवार को अपने दो दिवसीय आगरा दौरे के पहले दिन उन्होंने कमिश्नरी सभागार में जनप्रतिनिधियों और वरिष्ठ अधिकारियों के साथ समीक्षा बैठक की। बैठक में विभिन्न विकास परियोजनाओं, जनकल्याणकारी योजनाओं और कानून-व्यवस्था की स्थिति का विस्तृत आकलन किया गया। मुख्यमंत्री ने स्पष्ट कहा कि जनता से जुड़े कार्यों में किसी भी प्रकार की लापरवाही स्वीकार नहीं की जाएगी और जिम्मेदार लोगों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी।

उखड़ी सड़कों की मरम्मत नहीं होने पर एफआईआर के निर्देश

बैठक के दौरान मुख्यमंत्री ने जल जीवन मिशन के तहत पेयजल पाइपलाइन बिछाने के लिए खोदी गई सड़कों की खराब स्थिति पर गहरी नाराजगी जताई। उन्होंने कहा कि जिन स्थानों पर पाइपलाइन डालने के लिए सड़कें तोड़ी गई हैं, वहां समयबद्ध तरीके से उनकी मरम्मत कराना संबंधित ठेकेदार की जिम्मेदारी है। यदि सड़कों का पुनर्निर्माण संतोषजनक गुणवत्ता के साथ नहीं किया गया, तो संबंधित अधिकारियों के खिलाफ प्राथमिकी दर्ज कराई जाएगी। साथ ही लापरवाह ठेकेदारों को ब्लैकलिस्ट करने के भी निर्देश दिए गए, ताकि भविष्य में ऐसी अनियमितताओं को रोका जा सके।

जल निगम अधिकारियों को लगाई फटकार

मुख्यमंत्री ने जल निगम के अधिकारियों से स्पष्ट शब्दों में कहा कि विकास कार्यों के नाम पर आम लोगों को लंबे समय तक असुविधा नहीं होनी चाहिए। उन्होंने अधिकारियों को निर्देश दिया कि निर्माण कार्य पूरा होने के तुरंत बाद सड़कों की मरम्मत सुनिश्चित की जाए। उन्होंने यह भी कहा कि गुणवत्ता से किसी प्रकार का समझौता नहीं होना चाहिए। यदि जांच में लापरवाही या अनियमितता सामने आती है तो संबंधित अधिकारियों और एजेंसियों के खिलाफ नियमानुसार कार्रवाई की जाएगी।

रेहड़ी-पटरी दुकानदारों के हितों का रखें ध्यान

बैठक में मुख्यमंत्री ने शहरी व्यवस्थाओं को लेकर भी महत्वपूर्ण निर्देश दिए। उन्होंने अधिकारियों से कहा कि फुटपाथों पर कारोबार करने वाले रेहड़ी-पटरी दुकानदारों के साथ संवेदनशील व्यवहार किया जाए। बिना वैकल्पिक व्यवस्था किए उन्हें हटाने की कार्रवाई न की जाए। उन्होंने निर्देश दिया कि ऐसे दुकानदारों को व्यवस्थित तरीके से निर्धारित वेंडिंग जोन में स्थान उपलब्ध कराया जाए, ताकि उनका रोजगार भी सुरक्षित रहे और शहर की यातायात व्यवस्था भी सुचारु बनी रहे।

स्वास्थ्य और शिक्षा योजनाओं की भी हुई समीक्षा

मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने स्वास्थ्य विभाग की समीक्षा करते हुए आयुष्मान भारत योजना से जुड़े मामलों पर विशेष ध्यान देने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि आयुष्मान कार्ड बनाने की प्रक्रिया तेज की जाए और सूचीबद्ध अस्पतालों के लंबित भुगतान का सत्यापन कर समय पर निपटारा किया जाए। इसके साथ ही उन्होंने यह सुनिश्चित करने पर जोर दिया कि पात्र लाभार्थियों को सरकारी स्वास्थ्य योजनाओं का पूरा लाभ मिल सके। बैठक में स्वास्थ्य सेवाओं की गुणवत्ता सुधारने पर भी चर्चा की गई।

डीबीटी योजना के प्रभावी क्रियान्वयन पर दिया जोर

बेसिक शिक्षा विभाग की समीक्षा के दौरान मुख्यमंत्री ने प्रत्यक्ष लाभ अंतरण (डीबीटी) योजना के प्रभावी क्रियान्वयन के निर्देश दिए। उन्होंने अधिकारियों से कहा कि अभिभावकों के साथ नियमित बैठकें आयोजित कर यह सुनिश्चित किया जाए कि डीबीटी के माध्यम से भेजी गई राशि का उपयोग बच्चों की शिक्षा संबंधी आवश्यकताओं पर ही हो। मुख्यमंत्री ने कहा कि सरकार की सभी जनकल्याणकारी योजनाओं का उद्देश्य आम नागरिकों तक सीधे लाभ पहुंचाना है, इसलिए इनके क्रियान्वयन में पारदर्शिता, जवाबदेही और समयबद्धता सुनिश्चित की जानी चाहिए। उन्होंने अधिकारियों को निर्देश दिया कि जनता की समस्याओं का त्वरित समाधान प्राथमिकता के आधार पर किया जाए और विकास कार्यों की गुणवत्ता पर लगातार निगरानी रखी जाए।

Read More  :  Russia Ukraine War: दोनों देशों ने एक-दूसरे के ठिकानों पर किया हमला, 15 लोगों की मौत