Bengal Election 2026: संतों के श्राप से जाएगी Mamata सरकार, Hindu Voters पलटेंगे पूरा खेल

बंगाल चुनाव 2026 में ममता सरकार पर संतों के कथित श्राप और हिंदू मतदाताओं के रुझान राजनीतिक माहौल में नया मोड़ ला सकते हैं। जानिए कैसे धार्मिक आस्था और वोटिंग पैटर्न इस बार चुनावी परिणाम को प्रभावित कर सकते हैं, और ममता सरकार की स्थिति कितनी चुनौतीपूर्ण हो सकती है।

Wrriten By :

Neha Mishra

Published On :

मार्च 26, 2026

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Bengal Election 2026: पश्चिम बंगाल के चुनावी परिदृश्य में इस बार लड़ाई सिर्फ सत्ता तक सीमित नहीं है, बल्कि आस्था, पहचान और भावनाओं के मुद्दे भी प्रमुख रूप से उभर रहे हैं। Mamata Banerjee को लेकर संत समाज के कथित “श्राप” की चर्चा जोरों पर है और यह अब चुनावी बहस का हिस्सा बन गया है। कहा जाता है कि सालों पहले एक संत ने बंगाल में हिंदुओं के कथित उत्पीड़न को लेकर चेतावनी दी थी कि जहाँ सनातन धर्म को दबाया जाएगा, वहां सत्ता लंबे समय तक टिक नहीं पाएगी। वर्तमान राजनीतिक परिस्थितियों को इसी दृष्टिकोण से देखा जा रहा है।

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