Bengal Election 2026: पश्चिम बंगाल विधानसभा चुनाव 2026 की मतगणना के बीच राजनीतिक माहौल और अधिक गरमा गया है। 293 सीटों के लिए जारी काउंटिंग में शुरुआती रुझानों में तृणमूल कांग्रेस (TMC) और भारतीय जनता पार्टी (BJP) के बीच कड़ी टक्कर देखने को मिल रही है। इसी बीच मतगणना केंद्र से TMC की ओर से गंभीर आरोप सामने आए हैं, जिससे चुनाव प्रक्रिया पर सवाल उठने लगे हैं।
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TMC उम्मीदवार शशि पांजा का आरोप
श्यामपुकुर विधानसभा सीट से TMC उम्मीदवार शशि पांजा ने मतगणना केंद्र पर मौजूद व्यवस्था पर सवाल खड़े किए हैं। उन्होंने दावा किया कि काउंटिंग के दौरान उनके साथ लाए गए रिकॉर्ड रखने वाले कागजात उनसे छीनकर फेंक दिए गए।
उन्होंने कहा कि यह काम चुनाव आयोग का होना चाहिए, लेकिन उन्हें अपने दस्तावेज सुरक्षित रखने से रोका गया। शशि पांजा ने नाराजगी जताते हुए सवाल किया कि क्या वे यहां किसी तरह का विरोध या हिंसा करने आए हैं, या फिर उनके पास कोई हथियार हैं।
काउंटिंग प्रक्रिया पर गंभीर सवाल
TMC उम्मीदवार ने कहा कि चुनाव प्रक्रिया में पारदर्शिता जरूरी है, लेकिन कई घटनाएं संदेह पैदा कर रही हैं। उन्होंने आरोप लगाया कि काउंटिंग के दौरान उनके साथ सही व्यवहार नहीं किया गया और उन्हें रिकॉर्ड रखने से रोका गया। उन्होंने सवाल उठाते हुए कहा कि क्या वे यहां किसी तरह की गड़बड़ी करने आए हैं या फिर दंगा फैलाने की कोशिश कर रहे हैं, जैसा व्यवहार उनके साथ किया गया।
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चुनाव आयोग का बयान सामने आया
इस पूरे विवाद पर चुनाव आयोग की भी प्रतिक्रिया आई है। आयोग ने स्पष्ट किया है कि जिन वीवीपैट पेपर स्लिप्स को लेकर सवाल उठाए जा रहे हैं, वे असल मतदान से संबंधित नहीं हैं।आयोग के अनुसार ये स्लिप्स मॉक पोल यानी मतदान से पहले किए गए परीक्षण से जुड़ी हैं। चुनाव आयोग ने यह भी बताया कि इस मामले की विस्तृत जांच शुरू कर दी गई है और आवश्यक कार्रवाई के लिए औपचारिक शिकायत दर्ज कर ली गई है।
स्ट्रॉन्ग रूम को लेकर भी उठे सवाल
शशि पांजा ने इससे पहले भी नेताजी इंडोर स्टेडियम स्थित स्ट्रॉन्ग रूम का दौरा किया था, जहां उन्होंने कई अनियमितताओं का मुद्दा उठाया। उन्होंने दावा किया कि दक्षिण 24 परगना जिले में पुनर्मतदान के दौरान कई अधिकारियों का तबादला किया गया, जिनमें आईपीएस अधिकारी भी शामिल हैं। इसके अलावा माइक्रो-ऑब्जर्वर्स की असामान्य तैनाती पर भी सवाल उठाए गए हैं।
सुरक्षा और व्यवस्था पर संदेह
TMC नेता ने कहा कि इस बार चुनाव प्रक्रिया में कई ऐसे कदम उठाए गए हैं जो पहले कभी नहीं देखे गए। उन्होंने यह भी दावा किया कि स्ट्रॉन्ग रूम के निरीक्षण के दौरान कुछ अज्ञात लोग अंदर पाए गए थे, जिनकी पहचान स्पष्ट नहीं थी। इसके साथ ही उन्होंने वहां रखे गए गुलाबी रंग के लिफाफों पर भी सवाल उठाया, जिनका उपयोग आमतौर पर पोस्टल बैलेट के लिए किया जाता है।










