Bankipur Bypoll LIVE: बिहार की चर्चित बांकीपुर विधानसभा सीट पर हुए उपचुनाव के नतीजों का इंतजार अब समाप्ति की ओर है। सोमवार सुबह से पटना के एएन कॉलेज स्थित मतगणना केंद्र में कड़ी सुरक्षा व्यवस्था के बीच वोटों की गिनती जारी है। इस सीट पर सबसे अधिक चर्चा जन सुराज पार्टी के संस्थापक प्रशांत किशोर की चुनावी परीक्षा को लेकर है। शुरुआती रुझानों में प्रशांत किशोर बढ़त बनाते हुए दिखाई दिए हैं, जिससे मुकाबला और दिलचस्प हो गया है। निर्वाचन आयोग के अनुसार इस उपचुनाव में कुल 34.30 प्रतिशत मतदान दर्ज किया गया, जिसे अपेक्षाकृत कम माना जा रहा है। इस चुनाव में कुल 25 उम्मीदवारों की किस्मत ईवीएम में कैद हुई है, जिनमें भाजपा, राजद और जन सुराज के प्रमुख चेहरे शामिल हैं।
दूसरे राउंड में भी प्रशांत किशोर की बढ़त बरकरार
मतगणना के शुरुआती दौर से ही जन सुराज के उम्मीदवार प्रशांत किशोर बढ़त बनाए हुए हैं। दूसरे राउंड की गिनती पूरी होने तक उन्हें भाजपा प्रत्याशी नीरज कुमार सिन्हा पर 797 वोटों की बढ़त मिल चुकी थी। उपलब्ध आंकड़ों के अनुसार नीरज कुमार सिन्हा को 1,423 वोट मिले, जबकि राष्ट्रीय जनता दल की उम्मीदवार रेखा गुप्ता को 501 मत प्राप्त हुए। शुरुआती रुझानों ने राजनीतिक दलों के बीच उत्सुकता बढ़ा दी है। हालांकि अंतिम परिणाम सभी राउंड की गिनती पूरी होने के बाद ही घोषित किया जाएगा।
1995 से भाजपा का मजबूत गढ़ रही है बांकीपुर सीट
बांकीपुर विधानसभा सीट लंबे समय से भारतीय जनता पार्टी का मजबूत गढ़ मानी जाती रही है। वर्ष 1995 से लगातार भाजपा इस सीट पर जीत दर्ज करती आई है। पहले इस विधानसभा क्षेत्र को पटना पश्चिम के नाम से जाना जाता था। भाजपा के राष्ट्रीय अध्यक्ष नितिन नवीन के इस्तीफे के बाद यह सीट खाली हुई, जिसके कारण यहां उपचुनाव कराया गया। इस बार जन सुराज के संस्थापक प्रशांत किशोर ने भाजपा के सामने मजबूत चुनौती पेश की है। वहीं कांग्रेस समर्थित राष्ट्रीय जनता दल ने रेखा गुप्ता को मैदान में उतारा है। पिछले विधानसभा चुनाव में रेखा गुप्ता को नितिन नवीन से 50 हजार से अधिक मतों से हार का सामना करना पड़ा था।
तीन प्रमुख दलों के बीच मुकाबला बना रोचक
इस उपचुनाव में मुख्य मुकाबला भाजपा, जन सुराज और राष्ट्रीय जनता दल के बीच माना जा रहा है। हालांकि मैदान में कुल 26 उम्मीदवार अपनी किस्मत आजमा रहे हैं, लेकिन राजनीतिक विश्लेषकों की नजर तीन प्रमुख दलों पर टिकी हुई है। जन सुराज के लिए यह चुनाव संगठन की राजनीतिक ताकत साबित करने का अवसर माना जा रहा है, जबकि भाजपा अपनी पारंपरिक सीट बचाने की कोशिश में जुटी है। दूसरी ओर राजद भी इस सीट पर बेहतर प्रदर्शन कर अपनी राजनीतिक मौजूदगी मजबूत करना चाहती है।
31 राउंड में पूरी होगी मतगणना प्रक्रिया
सहायक निर्वाचन पदाधिकारी राघवेंद्र प्रताप सिंह ने बताया कि मतगणना प्रक्रिया को पूरी तरह पारदर्शी और व्यवस्थित बनाया गया है। मतगणना केंद्र में कुल 16 टेबल लगाए गए हैं और प्रत्येक टेबल पर तीन-तीन कर्मचारियों की तैनाती की गई है। ईवीएम के मतों की गिनती कुल 31 राउंड में पूरी होगी। सबसे पहले डाक मतपत्रों की गिनती की गई, जिसके बाद ईवीएम के वोटों की गिनती शुरू हुई। सुरक्षा व्यवस्था को देखते हुए मतगणना केंद्र में मोबाइल फोन और अन्य प्रतिबंधित वस्तुओं के प्रवेश पर रोक लगाई गई है। प्रत्याशियों और उनके एजेंटों के लिए अलग प्रवेश द्वार निर्धारित किए गए हैं, जबकि मीडिया और मतगणना कर्मियों के लिए अलग व्यवस्था की गई है।
नतीजों पर पूरे बिहार की नजर
बांकीपुर उपचुनाव केवल एक विधानसभा सीट का चुनाव नहीं माना जा रहा, बल्कि इसे बिहार की बदलती राजनीतिक दिशा का संकेत भी समझा जा रहा है। खासतौर पर प्रशांत किशोर के लिए यह चुनाव उनकी राजनीतिक स्वीकार्यता की बड़ी परीक्षा है। वहीं भाजपा के लिए अपनी परंपरागत सीट बचाना प्रतिष्ठा का सवाल बन गया है। अंतिम परिणाम आने के बाद यह स्पष्ट होगा कि मतदाता किस दल और किस नेतृत्व पर सबसे अधिक भरोसा जता रहे हैं। पूरे राज्य की राजनीतिक नजरें अब मतगणना के अंतिम राउंड और आधिकारिक परिणाम पर टिकी हुई हैं।
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