Bangladesh Violence: बांग्लादेश में आम चुनावों के मुहाने पर खड़ी शांति व्यवस्था एक बार फिर चरमरा गई है। मतदान से ठीक एक दिन पहले, यानी 11 फरवरी को मौलवीबाजार जिले में एक हिंदू युवक का शव मिलने से सनसनी फैल गई है। इससे पहले 9 फरवरी को मैमनसिंह में भी एक हिंदू व्यापारी की बेरहमी से जान ले ली गई थी। चुनाव के ठीक पहले हुई इन टारगेटेड हत्याओं ने देश में रह रहे अल्पसंख्यक समुदाय के भीतर असुरक्षा और भय का माहौल पैदा कर दिया है।
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मौलवीबाजार के चाय बागान में मिला रतन साहूकार का शव
बताते चले कि, मौलवीबाजार जिले के कमालगंज उपजिला में एक हृदयविदारक घटना सामने आई है। एक रिपोर्ट के मुताबिक, पुलिस ने 11 फरवरी की सुबह करीब 10 बजे एक चाय बागान से 28 वर्षीय हिंदू युवक, रतन साहूकार का शव बरामद किया। चम्पारा चाय बागान में काम करने वाले रतन का शव जिस हालत में मिला, उसने क्रूरता की सारी हदें पार कर दी थी। पुलिस के अनुसार, युवक के हाथ और पैर बंधे हुए थे और शरीर पर चोट के गहरे निशान थे।
स्थानीय लोगों में आक्रोश
कमालगंज पुलिस थाना प्रभारी अब्दुल अवल ने पुष्टि की कि रतन का शव खून से लथपथ था। स्थानीय प्रत्यक्षदर्शियों और चाय बागान के कर्मचारियों का मानना है कि रतन की हत्या किसी अन्य स्थान पर की गई और साक्ष्य छिपाने के उद्देश्य से शव को यहां फेंका गया। हालांकि पुलिस अभी जांच की बात कह रही है, लेकिन स्थानीय निवासियों ने इस घटना को आगामी चुनावों से जुड़ी हिंसा का हिस्सा बताया है। रतन के भाई लक्ष्मण कर ने बताया कि उनका परिवार रात भर से रतन की तलाश कर रहा था, लेकिन सुबह उसकी मौत की खबर ने सब कुछ उजाड़ दिया।
9 फरवरी का हत्याकांड
सांप्रदायिक हिंसा और आपराधिक घटनाओं की कड़ी में दूसरा मामला मैमनसिंह जिले के त्रिशाल से सामने आया है। यहां 9 फरवरी की रात अज्ञात बदमाशों ने 62 वर्षीय हिंदू व्यापारी सुशेन चंद्र सरकार को अपना निशाना बनाया। सुशेन “भाई भाई एंटरप्राइज” नामक दुकान के मालिक थे। अपराधियों ने न केवल उनकी बेरहमी से हत्या की, बल्कि दुकान से लाखों रुपये लूटकर फरार हो गए।
लूट और कत्ल की साजिश
रिपोर्ट के अनुसार, हमलावरों ने इस वारदात को बेहद शातिर तरीके से अंजाम दिया। त्रिशाल पुलिस स्टेशन प्रमुख मुहम्मद फिरोज हुसैन ने बताया कि हत्यारों ने सुशेन को मरणासन्न स्थिति में दुकान के भीतर छोड़ दिया और बाहर से शटर बंद कर दिया ताकि किसी को भनक न लग सके। साउथकांडा गांव के निवासी सुशेन की इस मौत ने पूरे व्यापारिक समुदाय को हिलाकर रख दिया है।
शवों को पोस्टमार्टम के लिए भेजा गया
इन दोनों ही मामलों में बांग्लादेश पुलिस ने जांच शुरू कर दी है। रतन साहूकार के शव को पोस्टमार्टम के लिए मौलवीबाजार सदर अस्पताल भेजा गया है, वहीं मैमनसिंह पुलिस भी सुशेन हत्याकांड के संदिग्धों की तलाश में छापेमारी कर रही है। अल्पसंख्यक संगठनों ने इन हत्याओं पर गहरा दुख व्यक्त किया है और मांग की है कि चुनाव के समय हिंदुओं की सुरक्षा सुनिश्चित की जाए और दोषियों को कड़ी से कड़ी सजा दी जाए।









