Bakrid 2026: आज देश भर में ईद-उल-अजहा (बकरीद) का पावन त्योहार बेहद अकीदत और उत्साह के साथ मनाया जा रहा है। इस मुबारक मौके पर देश की शीर्ष राजनीतिक हस्तियों ने मुस्लिम समुदाय सहित सभी देशवासियों को बधाई दी है। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी, राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मु और बहुजन समाज पार्टी (बसपा) की सुप्रीमो मायावती ने सोशल मीडिया के जरिए अपने संदेश साझा कर देश में अमन, चैन और भाईचारे की कामना की है।
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प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी का संदेश
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म पर एक पोस्ट के जरिए देशवासियों को बकरीद की शुभकामनाएं दीं। अपने संदेश में प्रधानमंत्री ने समाज की एकजुटता और लोगों के बेहतर जीवन पर जोर दिया। “ईद-उल-अजहा की हार्दिक शुभकामनाएं। मेरी प्रार्थना है कि यह त्योहार हमारे समाज में भाईचारे, सौहार्द और खुशियों की भावना को और अधिक मजबूत करे। मैं सभी देशवासियों की सफलता और उनके अच्छे स्वास्थ्य के लिए मंगलकामना करता हूँ।”
राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मु की बधाई
महामहिम राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मु ने भी इस मुकद्दस मौके पर मुस्लिम भाई-बहनों को विशेष रूप से बधाई दी। राष्ट्रपति भवन के आधिकारिक ‘एक्स’ हैंडल से जारी संदेश में उन्होंने बकरीद के मूल सिद्धांतों को याद किया। राष्ट्रपति ने कहा कि ईद-उल-अजहा का यह त्योहार सिर्फ एक उत्सव नहीं, बल्कि गहरे समर्पण, आत्मत्याग और बलिदान का प्रतीक है। उन्होंने अपने संदेश में आगे कहा कि यह पवित्र पर्व हम सभी को अपने स्वार्थों से ऊपर उठकर पूरी मानवता की नि:स्वार्थ सेवा करने की प्रेरणा देता है।
बसपा सुप्रीमो मायावती ने दी दिली मुबारकबाद
उत्तर प्रदेश की पूर्व मुख्यमंत्री और बहुजन समाज पार्टी की राष्ट्रीय अध्यक्ष मायावती ने भी दुनिया भर में रहने वाले भारतीय मुस्लिम समुदाय को अपनी शुभकामनाएं भेजीं। उन्होंने ‘एक्स’ पर पोस्ट कर सभी के खुशहाल जीवन की कामना की।
मायावती ने त्योहारों के सामाजिक और आर्थिक महत्व को रेखांकित करते हुए लिखा, “ईद-अल-अजहा, जिसे आम बोलचाल की जुबान में बकरीद कहा जाता है, इस पर्व की दुनिया भर में रहने वाले सभी भारतीय मुस्लिम भाई-बहनों व उनके परिवार वालों को दिली मुबारकबाद तथा उनके साथ-साथ सभी देशवासियों की खुशहाल जिंदगी की शुभकामनाएं।”
देश के विकास पर दिया जोर
मायावती ने अपने संदेश में देश की तरक्की और आपसी सद्भाव को लेकर एक महत्वपूर्ण बात कही। उन्होंने लिखा कि यदि हमारे देश के सभी पर्व और त्योहार पूरी शांति, आपसी सौहार्द और भाईचारे के साथ संपन्न होते हैं, तो यह हमेशा देश व जनहित में बेहतर साबित होता है। ऐसा शांतिपूर्ण माहौल होने से देश-प्रदेश के विकास और यहाँ के नागरिकों की तरक्की पर सरकार की पूरी ऊर्जा, शक्ति और संसाधनों को लगाया जा सकता है, जो कि राष्ट्र निर्माण के लिए बेहद जरूरी है।
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