New IAF Chief : नए वायुसेना प्रमुख आशुतोष दीक्षित का VAYU विजन, तेजस और AI पर रहेगा खास फोकस

भारतीय वायुसेना को नया प्रमुख मिल गया है। एयर चीफ मार्शल आशुतोष दीक्षित ने कमान संभालते ही भविष्य की हवाई ताकत का रोडमैप सामने रखा। VAYU विजन के जरिए उन्होंने तेजस, AMCA, AI और ड्रोन रोधी तकनीक को प्राथमिकता दी है। आखिर क्या है उनका चार सूत्रीय मंत्र?

New IAF Chief

Wrriten By :

Chandan Das

Published On :

नवम्बर 1, 2026

Advertisements
728x90-Pension-Mission-Shakti-Digital

New IAF Chief : भारतीय वायुसेना को नया नेतृत्व मिल गया है। एयर चीफ मार्शल आशुतोष दीक्षित ने 31 अक्टूबर 2026 को भारतीय वायुसेना के 29वें प्रमुख के रूप में आधिकारिक तौर पर पदभार संभाल लिया। उन्होंने एयर चीफ मार्शल एपी सिंह का स्थान लिया, जो 42 वर्षों की विशिष्ट सेवा के बाद सेवानिवृत्त हुए। कमान संभालने के बाद अपने पहले संबोधन में दीक्षित ने देश की सुरक्षा चुनौतियों, बदलते युद्ध के स्वरूप और वायुसेना के आधुनिकीकरण को लेकर अपनी प्राथमिकताएं स्पष्ट कीं।

राष्ट्रीय युद्ध स्मारक पर शहीदों को दी श्रद्धांजलि

पदभार ग्रहण करने से पहले एयर चीफ मार्शल आशुतोष दीक्षित ने राष्ट्रीय युद्ध स्मारक पहुंचकर देश के लिए सर्वोच्च बलिदान देने वाले वीर जवानों को श्रद्धांजलि अर्पित की। उन्होंने राष्ट्रपति, प्रधानमंत्री और रक्षा मंत्री का आभार जताते हुए कहा कि भारतीय वायुसेना की कमान संभालना उनके लिए सम्मान और गौरव की बात है।

उन्होंने निवर्तमान वायुसेना प्रमुख एपी सिंह को भी धन्यवाद दिया। दीक्षित ने ऑपरेशन सिंदूर के दौरान उनके नेतृत्व की सराहना करते हुए कहा कि इस अभियान में भारतीय वायुसेना ने सटीक और निर्णायक हवाई शक्ति का प्रदर्शन किया। उन्होंने कहा कि उन्हें एक मजबूत और उच्च परिचालन क्षमता वाली वायुसेना की जिम्मेदारी मिली है।

ड्रोन, AI और अंतरिक्ष से बदल रही युद्ध की रणनीति

नए वायुसेना प्रमुख ने कहा कि भारत का सुरक्षा वातावरण लगातार चुनौतीपूर्ण बना हुआ है। इसके साथ ही युद्ध लड़ने के तरीके में भी तेजी से बदलाव हो रहा है। अब युद्ध केवल पारंपरिक हथियारों तक सीमित नहीं है, बल्कि ड्रोन, लंबी दूरी के सटीक हथियार, अंतरिक्ष तकनीक, साइबर क्षमता, आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस और इलेक्ट्रोमैग्नेटिक स्पेक्ट्रम इसकी दिशा तय कर रहे हैं।

उन्होंने कहा कि भारतीय वायुसेना को अगले दशक की जरूरतों के अनुरूप खुद को तैयार करना होगा। हर परिस्थिति में जवाब देने और युद्ध जीतने की क्षमता बनाए रखना जरूरी है।

VAYU विजन से तय होंगी वायुसेना की प्राथमिकताएं

एयर चीफ मार्शल दीक्षित ने अपनी प्राथमिकताओं को VAYU नाम के चार सूत्रों में पेश किया। इसमें V का अर्थ Vigilance, Victory and Readiness यानी सतर्कता, विजय और तत्परता है। उन्होंने कहा कि हर स्क्वाड्रन, रडार, एयर डिफेंस यूनिट और वायु योद्धा को तत्काल कार्रवाई के लिए तैयार रहना होगा। स्वीकृत लड़ाकू स्क्वाड्रनों की संख्या और क्षमता को बहाल करना भी प्राथमिकता होगी।

728x90-Pension-Mission-Shakti-Digital

A का अर्थ आत्मनिर्भरता है। इसके तहत तेजस Mk1A, तेजस MkII, एडवांस्ड मीडियम कॉम्बैट एयरक्राफ्ट (AMCA), स्वदेशी सेंसर और भारतीय हथियारों को प्राथमिकता दी जाएगी। उनका लक्ष्य स्वदेशी तकनीक को पर्याप्त संख्या में शामिल करना है, ताकि लंबे सैन्य अभियानों की जरूरतें पूरी हो सकें।

Y का अर्थ युक्ति या नवाचार है। इसके तहत AI आधारित कमांड एंड कंट्रोल सिस्टम, ड्रोन रोधी रक्षा, बेहतर रखरखाव और नियर-स्पेस के सैन्य उपयोग जैसी क्षमताओं पर काम किया जाएगा। वहीं U का अर्थ Unity of Effort यानी प्रयासों की एकजुटता है। इसके तहत थलसेना, नौसेना और अन्य राष्ट्रीय एजेंसियों के साथ संयुक्त प्रयासों को मजबूत किया जाएगा।

वायु योद्धाओं और उनके परिवारों के कल्याण पर जोर

नए वायुसेना प्रमुख ने एयर वॉरियर्स, अग्निवीरवायु, नागरिक कर्मचारियों, पूर्व सैनिकों, वीर नारियों और उनके परिवारों के कल्याण को भी प्राथमिकता बताया। उन्होंने प्रशिक्षण, मनोबल, सुरक्षा और सम्मान पर विशेष ध्यान देने की प्रतिबद्धता जताई।

अंत में उन्होंने देशवासियों को भरोसा दिलाया कि भारतीय वायुसेना सतर्क, तैयार और संकल्पबद्ध है। राष्ट्र को जब भी उसकी जरूरत होगी, वायुसेना अपनी जिम्मेदारी निभाने के लिए पूरी तरह तत्पर रहेगी।

Read More  :  Delhi BJP Protest March : दिल्ली में INDIA गठबंधन की रैली के जवाब में बीजेपी का मार्च, 1984 दंगों पर कांग्रेस घिरी

2