ईरान में शोक सभा के बीच अमेरिका विरोधी माहौल, ट्रंप को लेकर भड़के नारे

नई दिल्ली ईरान के दिवंगत सुप्रीम लीडर अयातुल्ला अली खामेनेई के जनाजे के दौरान तेहरान की सड़कों पर रविवार को माहौल उस वक्त बेहद गरमा गया, जब मंच संभाल रहे एक आयोजक ने सरेआम अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप को जान से मारने की अपील कर दी। न्यूज एजेंसी एसोसिएटेड प्रेस (AP) के मुताबिक, खामेनेई की मौत के बाद यह पहला मौका है, जब आधिकारिक मंच से सीधे ट्रंप की मौत का आह्वान किया गया है। इस नारे के गूंजते ही जनाजे में मौजूद लाखों की भीड़ ने चिल्लाकर इसका समर्थन किया। 'दुनिया का सबसे खराब इंसान अब तक जिंदा क्यों

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Published On :

जुलाई 5, 2026

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नई दिल्ली
ईरान के दिवंगत सुप्रीम लीडर अयातुल्ला अली खामेनेई के जनाजे के दौरान तेहरान की सड़कों पर रविवार को माहौल उस वक्त बेहद गरमा गया, जब मंच संभाल रहे एक आयोजक ने सरेआम अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप को जान से मारने की अपील कर दी। न्यूज एजेंसी एसोसिएटेड प्रेस (AP) के मुताबिक, खामेनेई की मौत के बाद यह पहला मौका है, जब आधिकारिक मंच से सीधे ट्रंप की मौत का आह्वान किया गया है। इस नारे के गूंजते ही जनाजे में मौजूद लाखों की भीड़ ने चिल्लाकर इसका समर्थन किया।

'दुनिया का सबसे खराब इंसान अब तक जिंदा क्यों है?'
यह पूरी घटना रविवार को उस वक्त हुई, जब तेहरान में खामेनेई के लिए एक विशाल शोक सभा चल रही थी। गौरतलब है कि इसी साल 28 फरवरी को अमेरिका और इजरायल के एक साझा हमले में 86 साल के खामेनेई मारे गए थे, जिसके बाद ईरान युद्ध की शुरुआत हुई थी।

जनाजे के दौरान लाउडस्पीकर पर मोहम्मद रसूली नाम के एक कवि ने कमान संभाली। रसूली ने पहले तो भीड़ से 'अमेरिका मुर्दाबाद' और 'इजरायल मुर्दाबाद' के पारंपरिक नारे लगवाए, लेकिन इसके तुरंत बाद उन्होंने अपना रुख सीधे डोनाल्ड ट्रंप की तरफ मोड़ दिया

मंच से खुली धमकी देते हुए रसूली ने अमेरिकी राष्ट्रपति का जिक्र करते हुए भीड़ से पूछा, "दुनिया का सबसे खराब इंसान अब तक जिंदा क्यों है?" इस बयान के आते ही वहां मौजूद लाखों लोगों ने शोर मचाकर अपनी सहमति जताई।

इसी बीच सोशल मीडिया पर एक और वीडियो तेजी से वायरल हो रहा है, जिसमें एक शख्स रोते और चिल्लाते हुए कह रहा है, "हम उसे क्यों नहीं मार देते जिसने हमारे इमाम को मारा? यह हमारा फर्ज है। अगर हमने तुम्हारे कातिल को नहीं मारा, तो आगे हमारे लिए सिर्फ कफन ही बचेगा। मैं तुम्हारे खून की कसम खाता हूं कि हम ट्रंप को मार डालेंगे।" हालांकि, अभी यह साफ नहीं है कि वीडियो में दिख रहा शख्स वही कवि है या कोई और।

तेहरान की सड़कों पर उमड़ा जनसैलाब
शनिवार के मुकाबले रविवार को तेहरान की सड़कों पर कहीं ज्यादा भारी भीड़ देखी गई। काले कपड़ों में लिपटे लाखों लोग खामेनेई की तस्वीरें, बैनर और झंडे लेकर बढ़ रहे थे। भीड़ में कई लोग ऐसे पोस्टर भी थामे हुए थे जिन पर ट्रंप को मारने की बात लिखी थी। पूरे ईरान में इस वक्त ट्रंप और इजरायली प्रधानमंत्री बेंजामिन नेतन्याहू को मारने की मांग करने वाले पोस्टर और ग्रैफिटी (दीवारों पर लिखे नारे) नजर आ रहे हैं।

उधर, जिस वक्त तेहरान में ट्रंप को मारने की कसमें खाई जा रही थीं, ठीक उसी वक्त वाशिंगटन में डोनाल्ड ट्रंप अमेरिका की स्थापना की 250वीं वर्षगांठ के जश्न में शामिल हो रहे थे। वहां अमेरिकी सेना की तारीफ करते हुए ट्रंप ने ईरान पर तीखा तंज कसा। ट्रंप ने कहा, "हमें जबरदस्त कामयाबी मिली है। आप वेनेजुएला को देखिए, आप ईरान को देखिए। हमने सब खत्म कर दिया, हमने उनकी मिलिट्री को पूरी तरह मिटा दिया।"

बातचीत के बीच नए सुप्रीम लीडर का शक्ति प्रदर्शन
खामेनेई की मौत के बाद ईरान के शासकों के लिए यह जनाजा एक बड़े शक्ति प्रदर्शन का जरिया बन गया है। इसके जरिए देश के नए सुप्रीम लीडर अयातुल्ला मुजतबा खामेनेई के लिए जनसमर्थन जुटाने की कोशिश की जा रही है।

यह सब ऐसे नाजुक समय पर हो रहा है जब ईरान, युद्ध को हमेशा के लिए रोकने के लिए वाशिंगटन के साथ पर्दे के पीछे बातचीत की मेज पर बैठा है। ईरान इस बातचीत में होर्मुज जलडमरूमध्य पर अपने रणनीतिक दबदबे का इस्तेमाल कर अमेरिका पर दबाव बनाने की कोशिश में है। हालांकि, ईरान के भीतर इस बात का डर अब भी बना हुआ है कि इजरायल कभी भी उस पर दोबारा सैन्य कार्रवाई कर सकता है। जंग चलने की वजह से ही इस जनाजे को पहले टाल दिया गया था, और जब तक यह युद्ध पूरी तरह खत्म नहीं होता, तब तक शांति समझौते की उम्मीदें अधर में लटकी हुई हैं।

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