Amarnath Yatra: दो दिनों में 32,313 श्रद्धालुओं ने किए बाबा बर्फानी के दर्शन, सुरक्षा सख्त

अनुकूल मौसम के बीच श्री अमरनाथ यात्रा पूरी श्रद्धा के साथ जारी है। शुरुआती दो दिनों में ही 32,313 श्रद्धालुओं ने पवित्र गुफा में बाबा बर्फानी के दर्शन कर लिए हैं। इस वर्ष बालटाल मार्ग का चौड़ीकरण कर मजबूत सुरक्षा रेलिंग लगाई गई है। सुरक्षा बलों की कड़ी मुस्तैदी और लंगर सेवाओं के बीच जम्मू बेस कैंप से नया जत्था रवाना हुआ है।

Amarnath Yatra

Wrriten By :

Aanchal Singh

Published On :

जुलाई 5, 2026

Amarnath Yatra: जम्मू-कश्मीर में साफ और सुहावने मौसम के बीच पवित्र श्री अमरनाथ जी की वार्षिक तीर्थयात्रा पूरी श्रद्धा और उत्साह के साथ आगे बढ़ रही है। पारंपरिक पहलगाम ट्रैक से रवाना हुए शिवभक्तों का जत्था भी शनिवार को पवित्र अमरनाथ गुफा तक पहुंचने में सफल रहा। शनिवार को बालटाल और पहलगाम दोनों ही मुख्य रास्तों से कुल 20,145 श्रद्धालुओं ने बाबा बर्फानी के दरबार में हाजिरी लगाई और पवित्र हिमलिंग के दर्शन किए। इस तरह शुरुआती दो दिनों के भीतर ही कुल 32,313 श्रद्धालु बाबा के चरणों में नतमस्तक हो चुके हैं।

भगवती नगर बेस कैंप से रवानगी

तीर्थयात्रियों का उत्साह बढ़ाने के लिए मुख्य पारगमन शिविरों से लगातार नए जत्थे भेजे जा रहे हैं। इसी क्रम में, जम्मू के मुख्य आधार शिविर (Base Camp) से तड़के कड़े सुरक्षा पहरे के बीच 259 वाहनों का एक विशाल काफिला रवाना हुआ। इस नए जत्थे में कुल 4,812 श्रद्धालु शामिल हैं, जो बाबा बर्फानी के दर्शन के लिए कश्मीर की ओर बढ़े हैं। आधिकारिक आंकड़ों के मुताबिक, इस काफिले में से 2,041 यात्रियों ने बालटाल रूट को चुना है, जबकि 2,771 श्रद्धालु पहलगाम के पारंपरिक मार्ग से यात्रा पर आगे बढ़ रहे हैं।

देश-विदेश से पहुंचे यात्रियों का उत्साह

अमरनाथ यात्रा को लेकर देश के कोने-कोने से आए शिवभक्तों में अभूतपूर्व उमंग देखने को मिल रही है। कश्मीर के पहाड़ों में चारों तरफ ‘बम बम भोले’ और ‘जय शिव शंकर’ के गगनभेदी जयघोष गूंज रहे हैं। श्रद्धालुओं की सुविधा के लिए विभिन्न स्थानों पर लंगर कमेटियों द्वारा निस्वार्थ भाव से भोजन और जलपान की व्यवस्था की जा रही है। वहीं, दूसरी ओर भारतीय सुरक्षा बल और स्थानीय पुलिस के जवान अत्यंत मुस्तैदी के साथ दुर्गम पहाड़ियों पर तैनात हैं, ताकि हर एक यात्री की सुरक्षा को पूरी तरह से अचूक और सुनिश्चित बनाया जा सके।

नए बुनियादी ढांचे का विकास

इस वर्ष अमरनाथ श्राइन बोर्ड और स्थानीय प्रशासन द्वारा बुनियादी ढांचे में बड़े सुधार किए गए हैं। बालटाल से लेकर पवित्र गुफा तक के सबसे महत्वपूर्ण रास्ते को पहले की तुलना में काफी चौड़ा किया गया है। यात्रियों को खड़ी ढलानों पर गिरने से बचाने के लिए पूरे पैदल मार्ग के किनारों पर मजबूत लोहे की सुरक्षा रेलिंग लगाई गई है। इस नए सुरक्षा घेरे से बुजुर्ग और महिला श्रद्धालुओं की सुरक्षा काफी मजबूत हुई है और वे बिना किसी भय के अपनी यात्रा पूरी कर पा रहे हैं।

प्रशासनिक व्यवस्था और नागरिक सुविधाएं

श्रीनगर में आयोजित एक प्रेस कॉन्फ्रेंस के दौरान कश्मीर के मंडलायुक्त अंशुल गर्ग और आईजी वीके बिर्दी ने संयुक्त रूप से बताया कि अमरनाथ यात्रियों की सुविधा के लिए घाटी में सभी पुख्ता इंतजाम किए गए हैं। दोनों अधिकारियों ने स्पष्ट किया कि पूरे यात्रा रूट पर पर्याप्त आवास (टेंट), विश्वस्तरीय स्वास्थ्य सेवाएं, स्वच्छ पेयजल, विश्राम स्थल (शेल्टर), आपदा प्रबंधन टीमें (SDRF/NDRF) और रात के समय पर्याप्त रोशनी (फ्लड लाइट्स) की मुकम्मल व्यवस्था की गई है। इसके साथ ही, प्रशासन द्वारा माननीय सर्वोच्च न्यायालय द्वारा निर्धारित प्रतिदिन की यात्रा क्षमता (कपेसिटी) के नियमों का भी पूरी कड़ाई से पालन किया जा रहा है।