Akhilesh Yadav News: उत्तर प्रदेश विधानसभा चुनाव से पहले बहुजन समाज पार्टी के संस्थापक कांशीराम को भारत रत्न देने की माँग पर समाजवादी पार्टी ने भी समर्थन जताया है। सपा अध्यक्ष अखिलेश यादव ने कहा कि कांशीराम के अनुयायी लंबे समय से यह माँग करते रहे हैं और हम भी उनके साथ खड़े हैं। उन्होंने याद दिलाया कि एक समय समाजवादी पार्टी और बसपा ने मिलकर भारतीय जनता पार्टी को हराया था और देश को नई दिशा दी थी।
UP News: ‘योगी आदित्यनाथ को बदनाम करने की कोशिश’ – आचार्य प्रमोद कृष्णम का कड़ा बयान
राहुल गांधी की पहल

इससे पहले कांग्रेस सांसद राहुल गांधी ने प्रधानमंत्री को पत्र लिखकर कांशीराम को भारत रत्न देने की माँग की थी। उन्होंने कहा कि कांशीराम ने दलितों, पिछड़ों और बहुजन राजनीति को नई दिशा दी और उन्हें सामाजिक न्याय का महान योद्धा माना जाता है। राहुल गांधी ने यह पत्र सोशल मीडिया पर साझा करते हुए केंद्र सरकार से आग्रह किया कि कांशीराम को भारत रत्न से सम्मानित किया जाए।
मायावती का बयान
बहुजन समाज पार्टी की मुखिया मायावती ने भी कांशीराम जयंती पर उन्हें श्रद्धांजलि देते हुए कहा कि जिस तरह कांग्रेस ने लंबे समय तक संविधान निर्माता डॉ. भीमराव अंबेडकर को भारत रत्न से सम्मानित नहीं किया था, वैसी गलती भाजपा या एनडीए सरकार को नहीं करनी चाहिए। उन्होंने कहा कि कांशीराम का योगदान समतामूलक समाज बनाने में अतुलनीय है और उन्हें भारत रत्न मिलना चाहिए।
तीनों दलों की एकजुटता
कांशीराम को भारत रत्न देने की माँग पर अब सपा, बसपा और कांग्रेस एक साथ दिख रहे हैं। यह पहली बार है जब तीनों दल एक ही मुद्दे पर सुर में सुर मिला रहे हैं। राजनीतिक विश्लेषकों का मानना है कि यह कदम आगामी विधानसभा चुनावों से जुड़ा है, क्योंकि यूपी में दलित वोटबैंक अहम भूमिका निभाता है।
चुनावी समीकरण
सियासी जानकारों का कहना है कि कांग्रेस और सपा की नजर बहुजन समाज पार्टी के दलित वोटबैंक पर है। इस वोटबैंक को साधने के लिए दोनों दलों ने कांशीराम को भारत रत्न देने की माँग का समर्थन किया है। इससे चुनावी समीकरण में दिलचस्प बदलाव देखने को मिल सकते हैं।










