इंदौर में डेढ़ महीने में 150 E बसे, रफ्तार का नया दौर शुरू होगा

इंदौर  एमपी में बस यात्रियों को जल्द ही बड़ी सुविधा उपलब्ध होगी। इंदौर में नई ई बसों का संचालन डेढ़ महीने में शुरू हो जाएगा। प्रधानमंत्री ई सेवा योजना के तहत शहर को 150 ई-बसें मिलना है। इसमें से 40 बसें इंदौर आ भी चुकी हैं। खास बात यह है कि नई ई बसें आसपास के जिलों में भी जाएंगी। इन बसों का इंदौर के चारों ओर के बड़े शहरों के लिए रूट तैयार किया गया है। इस प्रकार प्रदेश के करीब एक दर्जन जिलों के बस यात्रियों की सुविधा बढ़ जाएगी। लोक परिवहन व्यवस्था चलाने वाली कंपनी एआइसीटीएसएल ई

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Published On :

अप्रैल 12, 2026

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इंदौर 

एमपी में बस यात्रियों को जल्द ही बड़ी सुविधा उपलब्ध होगी। इंदौर में नई ई बसों का संचालन डेढ़ महीने में शुरू हो जाएगा। प्रधानमंत्री ई सेवा योजना के तहत शहर को 150 ई-बसें मिलना है। इसमें से 40 बसें इंदौर आ भी चुकी हैं। खास बात यह है कि नई ई बसें आसपास के जिलों में भी जाएंगी। इन बसों का इंदौर के चारों ओर के बड़े शहरों के लिए रूट तैयार किया गया है। इस प्रकार प्रदेश के करीब एक दर्जन जिलों के बस यात्रियों की सुविधा बढ़ जाएगी।

लोक परिवहन व्यवस्था चलाने वाली कंपनी एआइसीटीएसएल ई बस के संचालन के लिए दो डिपो तैयार कर रहा है, जिसे पूरा होने में समय लगेगा। इन बसों के टिकट कलेक्शन के लिए नई एजेंसी नियुक्त की जा रही है।

अटल इंदौर सिटी ट्रांसपोर्ट सर्विसेस लिमिटेड (एआईसीटीएसएल) की बोर्ड बैठक में इंदौर संभाग के परिवहन ढांचे का कायाकल्प करने वाले कई दूरगामी निर्णय लिए गए। बोर्ड के अध्यक्ष और मध्यप्रदेश यात्री परिवहन एवं इंफ्रास्ट्रक्चर लिमिटेड (एमपीवायपीआईएल) के एमडी मनीष सिंह की अध्यक्षता में हुई इस बैठक में तय किया गया कि एआईसीटीएसएल का कार्यक्षेत्र अब केवल इंदौर शहर तक सीमित नहीं रहेगा, बल्कि यह संभाग के सभी जिलों में बस सेवाओं के विस्तार और सुदृढ़ीकरण की मुख्य धुरी बनेगी।

प्रधानमंत्री ई-बस सेवा के अंतर्गत इंदौर को प्रथम चरण में 150 इलेक्ट्रिक बसें प्राप्त होने जा रही हैं। इन बसों के वैज्ञानिक रख-रखाव और सुचारू संचालन के लिए अन्तरराज्यीय बस टर्मिनल (आईएसबीटी) नायता मुंडला एवं देवास नाका पर दो हाईटेक इलेक्ट्रिक बस डिपो के निर्माण की प्रक्रिया प्रारंभ कर दी गई है। बैठक में जानकारी दी गई कि द्वितीय चरण के लिए भी एक अतिरिक्त स्थल चिन्हित किया गया है। इसके साथ ही, इंदौर से उज्जैन, भोपाल, खरगोन, खंडवा और मांडव जैसे प्रमुख पर्यटन व व्यावसायिक केंद्रों के लिए 26 लग्जरी इंटरसिटी ई-बसें भी शीघ्र सड़क पर उतरेंगी।

यात्रियों की सुविधा के लिए लास्ट माइल कनेक्टिविटी को सुदृढ़ करते हुए शहर में 500 इलेक्ट्रिक साइकिलों के संचालन हेतु निविदा प्रक्रिया को स्वीकृति दी गई है। पर्यावरण संरक्षण की दिशा में एक और कदम बढ़ाते हुए 64 नए ईवी चार्जिंग स्टेशन भी स्थापित किए जाएंगे। यात्रियों के अनुभव को सुखद बनाने के लिए सरवटे बस स्टैंड, एआईसीटीएसएल परिसर और नायता मुंडला में स्मार्ट टॉयलेट की सुविधा भी जल्द शुरू होगी।

:: सीएनजी स्टेशन से सुदृढ़ होगी आर्थिक स्थिति ::
संस्था को वित्तीय रूप से आत्मनिर्भर बनाने के लिए सिटी बस डिपो में सीएनजी ईंधन सुविधा उपलब्ध कराने हेतु अवंतिका गैस लिमिटेड के साथ अनुबंध को मंजूरी दी गई। इससे कंपनी को अतिरिक्त राजस्व प्राप्त होगा। वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के माध्यम से आयोजित इस बैठक में कलेक्टर शिवम वर्मा, निगमायुक्त क्षितिज सिंघल और संभाग के अन्य वरिष्ठ अधिकारी भी सम्मिलित हुए। एमडी मनीष सिंह ने निर्देश दिए कि सभी विकास परियोजनाओं को निर्धारित समय सीमा में पूर्ण कर आमजन को त्वरित राहत पहुँचाई जाए।

मौजूदा सिस्टम में जितनी बसें अनुबंधित हैं उनके टिकट कलेक्शन का काम ऑपरटेर की टीम ही करती है और कंपनी की टीम निगरानी करती है

एआइसीटीएसएल के मौजूदा सिस्टम में जितनी बसें अनुबंधित हैं उनके टिकट कलेक्शन का काम ऑपरटेर की टीम ही करती है और कंपनी की टीम निगरानी करती है। नई बसों के लिए नई एजेंसी नियुक्त करने की प्रक्रिया भोपाल से चल रही है। भोपाल से ही ऑपरेटर नियुक्त हुए हैं।

कंंपनी के कार्यकारी निदेशक अर्थ जैन के मुताबिक, ऑटोमैटिक फेयर कलेक्शन की एजेंसी को 1 महीने में तय करेंगे। एजेंसी तय होने के बाद ही शुभारंभ होगा। बसों का संचालन दूसरे शहरों के लिए भी होगा प्रधानमंत्री ई-बस सेवा के लिए मिल रही बसों के संचालन के लिए 32 रूट तय किए हैं।

इंदौर से उज्जैन, खंडवा, खरगोन, बुरहानपुर, सेंधवा, भोपाल, धार, मांडव, महेश्वर के बीच भी चलाया जाएगा

अधिकारियों के मुताबिक, नई ई-बसों का संचालन इंदौर के साथ दूसरे शहरों के लिए भी किया जाएगा। सर्वे के बाद रूट तय किए गए हैं। जिस रूट पर बसों की कमी है, लोगों को लोक परिवहन की जरूरत है वहां बसें चलेंगी। हालांकि अभी अंतिम फैसला नहीं हुआ है। इन बसों को इंदौर से उज्जैन, खंडवा, खरगोन, बुरहानपुर, सेंधवा, भोपाल, धार, मांडव, महेश्वर के बीच भी चलाया जाएगा।

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