UP News: नवरात्रि पर CM योगी का संदेश, महिला शक्ति और खेल प्रतिभाओं पर कही बड़ी बात

शारदीय नवरात्रि की षष्ठी पर मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने मां कात्यायनी को नारीशक्ति और पराक्रम का प्रतीक बताया। उन्होंने उत्तर प्रदेश में बेटियों की सुरक्षा, खेल सुविधाओं और ‘पदक लाओ, पद पाओ’ नीति का जिक्र किया। पारुल चौधरी, अन्नू रानी, दीप्ति शर्मा और वंदना कटारिया जैसी खिलाड़ियों की उपलब्धियों को भी सराहा।

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Wrriten By :

Aanchal Singh

Published On :

अक्टूबर 16, 2026

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UP News: उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने शारदीय नवरात्रि की षष्ठी तिथि पर प्रदेशवासियों को शुभकामनाएं दीं। इस मौके पर उन्होंने मां कात्यायनी को नारीशक्ति, अदम्य साहस, अटूट संकल्प और अजेय पराक्रम का प्रतीक बताया। मुख्यमंत्री ने कहा कि मां कात्यायनी सभी बाधाओं और आसुरी प्रवृत्तियों का संहार करने वाली हैं। उनके आदर्श महिलाओं को मुश्किलों से लड़ने, अपने लक्ष्य पर डटे रहने और आगे बढ़ने की प्रेरणा देते हैं।

CM योगी ने गिनाईं महिला सशक्तिकरण की उपलब्धियां

CM योगी ने गिनाईं महिला सशक्तिकरण की उपलब्धियां

मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने नवरात्रि के अवसर पर प्रदेश में महिलाओं की सुरक्षा, खेल और विकास के क्षेत्र में हुए बदलावों का भी जिक्र किया। उन्होंने कहा कि राज्य में बेटियों को आगे बढ़ने के लिए बेहतर अवसर दिए जा रहे हैं। खास तौर पर खेलों में महिला खिलाड़ियों की भागीदारी और उनकी उपलब्धियों को प्रोत्साहित किया जा रहा है। सरकार की ओर से खिलाड़ियों को सम्मान देने के साथ उनके भविष्य को सुरक्षित बनाने की दिशा में भी कदम उठाए गए हैं।

2017 से पहले बेटियों के सपनों पर थीं बंदिशें: योगी

मुख्यमंत्री ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर पोस्ट करते हुए वर्ष 2017 से पहले की स्थिति पर निशाना साधा। उन्होंने कहा कि उस समय प्रदेश में भय और अराजकता का माहौल था। बेटियों के सपनों पर पहरे थे, उनके हौसलों पर बंदिशें थीं और प्रतिभा को आगे बढ़ने के लिए पर्याप्त अवसर नहीं मिल पाते थे।

सीएम योगी ने कहा कि खेल के मैदानों पर माफिया का कब्जा होने और जरूरी संसाधनों की कमी के कारण खिलाड़ियों को परेशानियों का सामना करना पड़ता था। बेटियों की प्रतिभा को निखारने के बजाय उनके सपने चारदीवारी तक सीमित रह जाते थे। मुख्यमंत्री के मुताबिक, उस दौर में खिलाड़ियों को आगे बढ़ने के लिए जिस तरह के संसाधनों और प्रोत्साहन की जरूरत थी, उनकी कमी साफ दिखाई देती थी।

योगी सरकार में सुरक्षा और खेल सुविधाओं से बदली तस्वीर

मुख्यमंत्री ने कहा कि वर्ष 2017 के बाद प्रदेश में बदलाव की नई गाथा लिखी गई है। उनके मुताबिक, अब भय की जगह सुरक्षा, उपेक्षा की जगह प्रोत्साहन और संसाधनों की कमी की जगह बेहतर खेल सुविधाओं ने ली है। उन्होंने बताया कि गांवों के खेल मैदानों और ब्लॉक स्तर के मिनी स्टेडियम से लेकर जिला स्तरीय स्टेडियम और मंडल स्तर के स्पोर्ट्स कॉलेज तक सुविधाओं का विस्तार किया जा रहा है। मेरठ में मेजर ध्यानचंद खेल विश्वविद्यालय को भी खेल प्रतिभाओं को आगे बढ़ाने के लिए अहम कदम के तौर पर पेश किया। इन सुविधाओं का उद्देश्य खिलाड़ियों को बेहतर प्रशिक्षण और अपनी प्रतिभा दिखाने के मौके उपलब्ध कराना है।

‘पदक लाओ, पद पाओ’ योजना से खिलाड़ियों को सीधी भर्ती का मौका

योगी आदित्यनाथ ने कहा कि प्रदेश में खिलाड़ियों को उनकी उपलब्धियों के आधार पर सम्मानित किया जा रहा है। ओलंपिक, कॉमनवेल्थ और एशियन गेम्स में पदक जीतने वाले खिलाड़ियों को लाखों और करोड़ों रुपये तक की पुरस्कार राशि दी जाती है। इसके साथ ही ‘पदक लाओ, पद पाओ’ नीति के तहत योग्य खिलाड़ियों को सरकारी सेवाओं में सीधी भर्ती का अवसर भी दिया जा रहा है।

‘पदक लाओ, पद पाओ’ योजना से खिलाड़ियों को सीधी भर्ती का मौका

मुख्यमंत्री के अनुसार, इन कदमों से खिलाड़ियों को अपनी प्रतिभा के दम पर आगे बढ़ने और खेलों में करियर बनाने का प्रोत्साहन मिल रहा है। सरकार का जोर खिलाड़ियों की उपलब्धियों को सम्मान देने के साथ उनके भविष्य को सुरक्षा प्रदान करने पर भी है।

यूपी की बेटियों ने बढ़ाया देश का मान

मुख्यमंत्री ने अंतरराष्ट्रीय खेल प्रतियोगिताओं में शानदार प्रदर्शन करने वाली महिला खिलाड़ियों का भी जिक्र किया। उन्होंने एथलेटिक्स में पारुल चौधरी, प्रियंका गोस्वामी, प्राची चौधरी और अन्नू रानी की उपलब्धियों को सराहा। वहीं, जूडो में अस्मिता डे, क्रिकेट में दीप्ति शर्मा और मेघना सिंह, हॉकी में वंदना कटारिया और कुश्ती में दिव्या काकरान के प्रदर्शन का उल्लेख किया।

योगी ने कहा कि इन खिलाड़ियों ने कॉमनवेल्थ और एशियन गेम्स जैसे अंतरराष्ट्रीय मंचों पर अपने प्रदर्शन से देश और प्रदेश का गौरव बढ़ाया है। मुख्यमंत्री का संदेश है कि बेटियों को सुरक्षित माहौल, बेहतर सुविधाएं और सही प्रोत्साहन मिले, तो वे खेल समेत हर क्षेत्र में अपनी प्रतिभा का लोहा मनवा सकती हैं।