
Varanasi News: वाराणसी के मिर्जामुराद में अरविंद मिल की नई इकाई के लोकार्पण की तैयारियां तेज हो गई हैं। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के प्रस्तावित दौरे से पहले मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने बुधवार को फैक्ट्री पहुंचकर तैयारियों का जायजा लिया। इस इकाई में करीब 100 करोड़ रुपये का निवेश प्रस्तावित है और एक हजार से ज्यादा लोगों को रोजगार मिलने की उम्मीद है।
PM मोदी के दौरे से पहले अरविंद मिल पहुंचे CM योगी
वाराणसी में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के हाथों अरविंद मिल की नई इकाई का लोकार्पण प्रस्तावित है। इससे पहले बुधवार को मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ मिर्जामुराद पहुंचे और फैक्ट्री में चल रही तैयारियों को देखा। मुख्यमंत्री का हेलीकॉप्टर खोचवां गांव स्थित जनता इंटर कॉलेज के मैदान में बनाए गए हेलीपैड पर उतरा। यहां से वह सड़क मार्ग से करीब एक किलोमीटर की दूरी तय करके अरविंद मिल की नई इकाई पहुंचे।

मुख्यमंत्री ने वहां की व्यवस्थाओं का जायजा लिया। प्रधानमंत्री के संभावित कार्यक्रम को देखते हुए प्रशासन और कंपनी की ओर से तैयारियां की जा रही हैं। हालांकि, कार्यक्रम से जुड़ी विस्तृत जानकारी देने से कंपनी के अधिकारी बचते नजर आए।
वाराणसी में 100 करोड़ रुपये से तैयार हुई अरविंद मिल की नई इकाई
अरविंद मिल की यह नई इकाई वाराणसी के मिर्जामुराद क्षेत्र में रूपापुर चौराहे के पास खोचवां (भड़ेहरा) गांव में स्थापित की गई है। हाईवे के किनारे सात एकड़ से ज्यादा जमीन पर बनी इस इकाई में करीब 100 करोड़ रुपये का निवेश प्रस्तावित है। इस परियोजना को स्थानीय स्तर पर रोजगार के लिहाज से अहम माना जा रहा है। कंपनी की योजना के मुताबिक, यहां एक हजार से ज्यादा लोगों को रोजगार मिल सकता है। इससे आसपास के गांवों के लोगों को भी काम के नए अवसर मिलने की उम्मीद है। कंपनी में काम करने वाली करीब 300 महिलाओं को फिलहाल प्रशिक्षण दिया जा रहा है।
अरविंद मिल में बनेगा स्पोर्ट्स वियर और अंडरगारमेंट
काशी में स्थापित इस नई इकाई में स्पोर्ट्स वियर और अंडरगारमेंट का उत्पादन किया जाएगा। कंपनी भविष्य में यहां निवेश का दूसरा चरण भी शुरू करने की योजना बना रही है। अरविंद मिल देश में कपड़ों के उत्पादन के लिए जानी जाती है। कंपनी के उत्पादों में जॉकी, यूएस पोलो, एरो जैसे ब्रांडों के कपड़े शामिल हैं। इसके अलावा यहां टी-शर्ट, जींस, पैंट और शर्ट जैसे परिधान भी तैयार किए जाने हैं।
नई इकाई के शुरू होने से वाराणसी के औद्योगिक क्षेत्र को बढ़ावा मिलने और स्थानीय युवाओं के लिए रोजगार के अवसर बढ़ने की उम्मीद है। खास बात यह है कि महिलाओं को भी इस परियोजना से जोड़ने की तैयारी है और उन्हें काम शुरू करने से पहले प्रशिक्षण दिया जा रहा है।
25 अक्टूबर को पीएम मोदी कर सकते हैं अरविंद मिल का लोकार्पण
अरविंद मिल की इस इकाई का भूमिपूजन 25 अप्रैल 2024 को हुआ था। अब इसका लोकार्पण 25 अक्टूबर को प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के हाथों प्रस्तावित है। प्रधानमंत्री के कार्यक्रम को देखते हुए फैक्ट्री के आसपास व्यवस्थाएं दुरुस्त की जा रही हैं। हेलीपैड बनाने के लिए भी साफ-सफाई का काम शुरू कर दिया गया है।

प्रस्तावित कार्यक्रम के दौरान प्रधानमंत्री कंपनी में काम करने वाली महिलाओं से संवाद भी कर सकते हैं। संभावित दौरे को देखते हुए खोचवां स्थित जनता इंटर कॉलेज के मैदान पर इस बार नवरात्र में मां दुर्गा का पंडाल बनाने की अनुमति नहीं दी गई। बताया जा रहा है कि प्रशासन ने कार्यक्रम की तैयारियों को ध्यान में रखते हुए यह फैसला लिया है।
वाराणसी में शिक्षक-स्नातक एमएलसी सम्मेलन में भी पहुंचे योगी आदित्यनाथ
अरविंद मिल की नई इकाई का निरीक्षण करने के अलावा मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ वाराणसी में आयोजित शिक्षक-स्नातक एमएलसी चुनाव सम्मेलन में भी शामिल हुए। संपूर्णानंद संस्कृत विश्वविद्यालय परिसर में आयोजित इस कार्यक्रम में मुख्यमंत्री शाम को मंच पर पहुंचे। इस दौरान उनके साथ मंत्री सुरेश खन्ना और भाजपा के कई वरिष्ठ नेता मौजूद रहे।
सम्मेलन में मुख्यमंत्री ने एमएलसी चुनाव को लेकर पार्टी प्रत्याशियों के पक्ष में माहौल बनाने की कोशिश की। इस तरह वाराणसी दौरे के दौरान मुख्यमंत्री का कार्यक्रम औद्योगिक परियोजना की तैयारियों के निरीक्षण और राजनीतिक सम्मेलन, दोनों से जुड़ा रहा।
कुल मिलाकर, वाराणसी में अरविंद मिल की नई इकाई को लेकर तैयारियां तेज हैं। करीब 100 करोड़ रुपये के प्रस्तावित निवेश और एक हजार से ज्यादा रोजगार के अवसरों के कारण यह परियोजना स्थानीय स्तर पर महत्वपूर्ण मानी जा रही है। हालांकि, प्रधानमंत्री के प्रस्तावित कार्यक्रम और लोकार्पण की अंतिम पुष्टि आधिकारिक घोषणा के बाद ही मानी जानी चाहिए।











