UP News: योगी सरकार का बड़ा फैसला, यूपी के शहरों में तेजी से बढ़ेंगे पिंक टॉयलेट

UP News: उत्तर प्रदेश में शहरी स्वच्छता व्यवस्था को महिलाओं और बालिकाओं के लिए अधिक सुरक्षित, सुविधाजनक और सम्मानजनक बनाने की दिशा में योगी सरकार ने एक बड़ा कदम उठाया है। स्वच्छ भारत मिशन-नगरीय के तहत प्रदेश के अलग-अलग शहरों में महिला केंद्रित स्वच्छता सुविधाओं का विस्तार किया जा रहा है। अब तक नगरीय निकायों में करीब 950 पिंक टॉयलेट तैयार किए जा चुके हैं। यूपी में पिंक टॉयलेट का विस्तार, महिलाओं की जरूरतों पर फोकस बताते चले कि, प्रदेश सरकार का जोर ऐसी सार्वजनिक स्वच्छता सुविधाएं विकसित करने पर है, जहां महिलाओं और बालिकाओं को सुरक्षा के साथ बेहतर

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Wrriten By :

Aanchal Singh

Published On :

अक्टूबर 7, 2026

UP News: उत्तर प्रदेश में शहरी स्वच्छता व्यवस्था को महिलाओं और बालिकाओं के लिए अधिक सुरक्षित, सुविधाजनक और सम्मानजनक बनाने की दिशा में योगी सरकार ने एक बड़ा कदम उठाया है। स्वच्छ भारत मिशन-नगरीय के तहत प्रदेश के अलग-अलग शहरों में महिला केंद्रित स्वच्छता सुविधाओं का विस्तार किया जा रहा है। अब तक नगरीय निकायों में करीब 950 पिंक टॉयलेट तैयार किए जा चुके हैं।

यूपी में पिंक टॉयलेट का विस्तार, महिलाओं की जरूरतों पर फोकस

बताते चले कि, प्रदेश सरकार का जोर ऐसी सार्वजनिक स्वच्छता सुविधाएं विकसित करने पर है, जहां महिलाओं और बालिकाओं को सुरक्षा के साथ बेहतर सुविधा मिल सके। इसके लिए शहरों के बाजारों, सार्वजनिक स्थलों, प्रमुख मार्गों और भीड़भाड़ वाले इलाकों में पिंक टॉयलेट विकसित किए जा रहे हैं। सरकार का मानना है कि सार्वजनिक स्थानों पर महिलाओं के लिए स्वच्छ और सुरक्षित शौचालय उपलब्ध होना शहरी जीवन की बुनियादी जरूरतों में शामिल है।

189 नगरीय निकायों में 275 पिंक टॉयलेट ब्लॉक्स पर काम

विभागीय जानकारी के अनुसार, प्रदेश के 189 नगरीय निकायों में करीब 275 पिंक टॉयलेट ब्लॉक्स के निर्माण की प्रक्रिया आगे बढ़ रही है। इन प्रस्तावित ब्लॉक्स में कुल 1,100 सीटें होंगी। वर्ष 2025 में प्रदेश के नगरीय निकायों में पिंक टॉयलेट ब्लॉक्स के निर्माण के लिए आवंटन किया गया था। अब इन परियोजनाओं को आगे बढ़ाया जा रहा है।

महिलाओं के लिए सुरक्षित और सुविधाजनक पिंक शौचालय

पिंक टॉयलेट्स को सामान्य सार्वजनिक शौचालयों से अलग महिलाओं की जरूरतों को ध्यान में रखते हुए विकसित किया जा रहा है। इनका उद्देश्य महिलाओं को सार्वजनिक स्थानों पर ऐसी स्वच्छता सुविधा उपलब्ध कराना है, जहां उन्हें सुविधा के साथ सुरक्षा और सम्मान का अनुभव हो। खासतौर पर बाजारों और भीड़भाड़ वाले सार्वजनिक क्षेत्रों में इन सुविधाओं की उपलब्धता बढ़ाने पर जोर दिया जा रहा है।

जेंडर-फ्रेंडली स्वच्छता सुविधाओं पर सरकार का जोर

नगर विकास विभाग की ओर से नगरीय निकायों को जेंडर-फ्रेंडली स्वच्छता सुविधाओं का विस्तार करने के निर्देश दिए गए हैं। इसके साथ ही पहले से मौजूद स्वच्छता परिसंपत्तियों के बेहतर रखरखाव और उन्हें लगातार उपयोग योग्य स्थिति में बनाए रखने पर भी ध्यान देने को कहा गया है। यानी सरकार का फोकस केवल नए पिंक टॉयलेट बनाने तक सीमित नहीं है, बल्कि मौजूदा सुविधाओं की गुणवत्ता बनाए रखना भी प्राथमिकता में है।

950 पिंक टॉयलेट से बदलेगी शहरी स्वच्छता व्यवस्था

प्रदेश में अब तक करीब 950 पिंक टॉयलेट का निर्माण महिला-अनुकूल सार्वजनिक स्वच्छता व्यवस्था की दिशा में महत्वपूर्ण कदम माना जा रहा है। सरकार की योजना के तहत महिलाओं और बालिकाओं को सार्वजनिक स्थलों पर स्वच्छ एवं सुरक्षित वातावरण उपलब्ध कराने का प्रयास किया जा रहा है। इससे शहरी क्षेत्रों में महिला केंद्रित सार्वजनिक सुविधाओं का नेटवर्क मजबूत होने की उम्मीद है।

महिलाओं के लिए सम्मानजनक और समावेशी स्वच्छता मॉडल

पिंक टॉयलेट्स के विस्तार से नगरीय स्वच्छता व्यवस्था को अधिक सुरक्षित, सुविधाजनक, सम्मानजनक और समावेशी बनाने में मदद मिलने की उम्मीद है। सार्वजनिक स्थानों पर महिलाओं की आवश्यकताओं को स्वच्छता नीति के केंद्र में रखने से शहरों में महिला-अनुकूल सुविधाओं का विस्तार होगा। इससे खासतौर पर बाजारों, प्रमुख मार्गों और अन्य व्यस्त सार्वजनिक स्थानों पर महिलाओं को राहत मिल सकती है।

मांग के अनुसार पिंक टॉयलेट बनाने को तैयार योगी सरकार

नगर विकास विभाग के सचिव अनुज कुमार झा ने कहा कि महिला सम्मान और सुरक्षा को ध्यान में रखते हुए स्वच्छ भारत मिशन के तहत जरूरत के अनुसार पिंक शौचालयों के निर्माण के लिए विभाग प्रतिबद्ध है। उन्होंने कहा कि जिन नगरीय निकायों में ऐसी सुविधाओं की आवश्यकता होगी, वहां मांग के आधार पर पिंक टॉयलेट उपलब्ध कराने के लिए नगर विकास विभाग तत्पर है।

शहरों में महिला-अनुकूल स्वच्छता सुविधाओं का बढ़ेगा दायरा

सरकार की इस पहल का लक्ष्य शहरी स्वच्छता व्यवस्था में महिलाओं और बालिकाओं की जरूरतों को प्राथमिकता देना है। करीब 950 तैयार पिंक टॉयलेट और 1,100 सीटों वाले प्रस्तावित नए ब्लॉक्स के जरिए यह नेटवर्क और विस्तृत होने जा रहा है। आने वाले समय में जरूरत वाले नगरीय निकायों में पिंक टॉयलेट की संख्या बढ़ाकर महिलाओं के लिए सुरक्षित और सम्मानजनक सार्वजनिक स्वच्छता व्यवस्था को और मजबूत करने पर जोर रहेगा।