UP International Trade Show 2026: ग्रेटर नोएडा स्थित इंडिया एक्सपो मार्ट में उत्तर प्रदेश इंटरनेशनल ट्रेड शो के चतुर्थ संस्करण का भव्य उद्घाटन हुआ। कार्यक्रम में केंद्रीय गृह एवं सहकारिता मंत्री अमित शाह मुख्य अतिथि के रूप में शामिल हुए, जबकि मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने समारोह की अध्यक्षता की। आयोजन में प्रदेश के उत्पादों, पारंपरिक उद्योगों और कारोबार को अंतरराष्ट्रीय बाजार से जोड़ने पर जोर दिया गया।
यूपी इंटरनेशनल ट्रेड शो में 90 से अधिक देशों की भागीदारी

उद्घाटन समारोह में उपमुख्यमंत्री बृजेश पाठक, औद्योगिक विकास मंत्री नंद गोपाल गुप्ता नंदी, एमएसएमई मंत्री राकेश सचान, केंद्रीय मंत्री जितिन प्रसाद, सांसद डॉ. महेश शर्मा और सुरेंद्र नागर समेत कई जनप्रतिनिधि मौजूद रहे। जापान, बेलारूस, सिंगापुर, वियतनाम, ऑस्ट्रिया और रूस के राजदूतों के साथ 90 से अधिक देशों के 600 से ज्यादा विदेशी बायर्स भी कार्यक्रम में पहुंचे।
उत्तर प्रदेश ट्रेड शो बना लोकल प्रोडक्ट्स का ग्लोबल प्लेटफॉर्म
बताते चले कि, मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने अपने संबोधन में कहा कि उत्तर प्रदेश इंटरनेशनल ट्रेड शो प्रदेश की स्थानीय ताकत और उत्पादों को वैश्विक बाजार में पहचान दिलाने का महत्वपूर्ण मंच बन चुका है। उन्होंने कहा कि उत्तर प्रदेश की परंपरागत औद्योगिक क्षमता को पहचान देकर उसे आधुनिक बाजार से जोड़ना सरकार की प्राथमिकताओं में रहा है।
ODOP से यूपी के पारंपरिक उत्पादों को मिली नई पहचान

सीएम योगी ने कहा कि सरकार ने परंपरागत उद्योगों को वन डिस्ट्रिक्ट वन प्रोडक्ट (ODOP) और वन डिस्ट्रिक्ट वन क्यूजीन के जरिए नई ब्रांड पहचान देने का प्रयास किया है। आज भदोही का कालीन, मुरादाबाद का पीतल, कन्नौज का इत्र और वाराणसी की साड़ी जैसे उत्पाद देश-दुनिया के बाजार में अपनी पहचान बना रहे हैं।
कारीगरों को स्किल और मार्केट से जोड़ने पर जोर
मुख्यमंत्री ने बताया कि पीएम विश्वकर्मा योजना और विश्वकर्मा श्रम सम्मान योजना के जरिए कारीगरों को प्रशिक्षण, टूलकिट, ब्रांडिंग और बाजार से जोड़ने का काम किया गया है। सरकार का जोर स्थानीय हुनर को आधुनिक तकनीक और वैश्विक बाजार की जरूरतों के साथ जोड़ने पर है, ताकि छोटे उद्यमियों को नए बाजार उपलब्ध हो सकें।
2400 से ज्यादा एक्जीबिटर्स दिखाएंगे यूपी की औद्योगिक ताकत
इस वर्ष ट्रेड शो का विस्तार भी किया गया है। मुख्यमंत्री के अनुसार करीब 36 हजार वर्ग मीटर के एक्सपो सेंटर में 2400 से अधिक एक्जीबिटर्स हिस्सा ले रहे हैं। आयोजन में 90 से ज्यादा देशों के 600 से अधिक विदेशी बायर्स और लगभग डेढ़ लाख बी2बी विजिटर्स के पहुंचने की उम्मीद जताई गई है।
यूपी एक्सपोर्ट और इंडस्ट्रियल इंफ्रास्ट्रक्चर पर फोकस

सीएम योगी ने कहा कि प्रदेश में एक्सप्रेसवे, हाईवे, एयरपोर्ट, फ्रेट कॉरिडोर और औद्योगिक बुनियादी ढांचे के विकास से कारोबार के लिए कनेक्टिविटी बेहतर हुई है। उन्होंने कहा कि सरकार टैलेंट और ट्रेडीशन को टेक्नोलॉजी से जोड़कर प्रदेश में आर्थिक गतिविधियों को विस्तार देने की दिशा में काम कर रही है।
GI Tag वाले यूपी प्रोडक्ट्स की बढ़ी पहचान
उत्तर प्रदेश के उत्पादों की पहचान का जिक्र करते हुए मुख्यमंत्री ने बताया कि प्रदेश के 79 उत्पादों को GI टैग प्राप्त है, जबकि 75 नए उत्पादों के लिए आवेदन किया गया है। इससे स्थानीय उत्पादों की विशिष्ट पहचान को संरक्षित करने और उन्हें व्यापक बाजार उपलब्ध कराने की कोशिशों को बल मिलने की बात कही गई।
पार्टनर देशों के साथ व्यापार और टेक्नोलॉजी को बढ़ावा
इस संस्करण में जापान, सिंगापुर, बेलारूस, वियतनाम, रूस और ऑस्ट्रिया पार्टनर कंट्री के रूप में जुड़े हैं। इनके विशेष पवेलियन के जरिए द्विपक्षीय व्यापार, तकनीकी सहयोग, टेक्नोलॉजी ट्रांसफर और ज्वाइंट वेंचर की संभावनाओं को बढ़ावा देने पर फोकस है।
ग्लोबल मार्केट से जुड़कर यूपी के कारोबार को विस्तार
मुख्यमंत्री ने कहा कि भारत के विभिन्न देशों के साथ हुए व्यापार समझौतों का लाभ उत्तर प्रदेश भी उठा रहा है। सरकार अंतरराष्ट्रीय कंपनियों को प्रदेश में निवेश के लिए आमंत्रित कर रही है और स्थानीय उद्यमियों को वैश्विक सप्लाई चेन से जोड़ने का प्रयास किया जा रहा है। कार्यक्रम के अंत में मुख्यमंत्री ने सभी पार्टनर देशों के राजदूतों और मुख्य अतिथि अमित शाह का स्वागत किया।









