Sunetra Pawar Oath: महाराष्ट्र की राजनीति एक बार फिर गरमा गई है। कांग्रेस नेता उदित राज ने राज्य में उपमुख्यमंत्री पद की शपथ की तैयारियों को लेकर राष्ट्रवादी कांग्रेस पार्टी (एनसीपी) और दिवंगत अजीत पवार की पत्नी सुनेत्रा पवार पर निशाना साधा है। उन्होंने इस पूरे घटनाक्रम पर तंज कसते हुए कहा कि शपथ ग्रहण से पहले कम से कम 12–13 दिनों का इंतजार किया जाना चाहिए था। उनके इस बयान से राजनीतिक गलियारों में नई बहस शुरू हो गई है।
परंपराओं और सत्ता के टकराव पर उठाए सवाल
शनिवार को दिए गए बयान में उदित राज ने कहा कि जब किसी व्यक्ति का निधन होता है, तो आम तौर पर 12 से 13 दिनों तक परिवार और समाज में किसी भी तरह की गतिविधि नहीं होती। उन्होंने बताया कि कई जगहों पर लोग न आना-जाना करते हैं और कुछ क्षेत्रों में तो पूरे साल त्योहार तक नहीं मनाए जाते। लेकिन उन्होंने अफसोस जताते हुए कहा कि सत्ता ऐसी चीज है, जो तमाम सामाजिक रीति-रिवाजों और परंपराओं को पीछे छोड़ देती है। उनके मुताबिक, यह स्थिति अपने आप में एक बड़ा विरोधाभास है।
13 दिनों का इंतजार न होने पर जताई नाराजगी
उदित राज ने यह भी कहा कि कम से कम 13 दिनों का इंतजार तो किया ही जा सकता था, लेकिन ऐसा नहीं हुआ। हालांकि उन्होंने यह भी जोड़ा कि शपथ ग्रहण करना या न करना संबंधित लोगों का निजी और राजनीतिक फैसला है। इसके बावजूद उन्होंने इसे भारतीय संस्कृति और सामाजिक परंपराओं के संदर्भ में असहज बताया। उन्होंने कहा कि यह सोचने वाली बात है कि सत्ता के सामने परंपराओं की अहमियत कैसे बदल जाती है।
परंपरा, संस्कृति और राजनीति पर टिप्पणी
कांग्रेस नेता ने आगे कहा कि भारत की परंपरा, संस्कृति और सामाजिक रिवाज हमेशा से बेहद महत्वपूर्ण रहे हैं। उन्होंने उदाहरण देते हुए कहा कि कई इलाकों में लोग 13 दिनों तक घर से बाहर नहीं निकलते, जबकि यहां उपमुख्यमंत्री पद की शपथ की तैयारियां हो रही हैं। इसके बावजूद उदित राज ने औपचारिक तौर पर शुभकामनाएं देते हुए कहा कि वे आशा करते हैं कि नई जिम्मेदारी संभालने वाले लोग ठीक से अपने कर्तव्यों का निर्वहन करें। उन्होंने यह भी कहा कि भारत की राजनीति, खासकर महाराष्ट्र की राजनीति को इस घटना से एक बड़ी क्षति पहुंची है।
प्रधानमंत्री मोदी से भ्रष्टाचार आरोपों पर जवाब की मांग
उदित राज ने इस मौके पर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी पर भी सवाल खड़े किए। उन्होंने याद दिलाया कि पीएम मोदी ने खुद अजीत पवार पर 70 हजार करोड़ रुपये के भ्रष्टाचार का आरोप लगाया था। उदित राज ने कहा कि प्रधानमंत्री को यह स्पष्ट करना चाहिए कि वे आरोप आज भी कायम हैं या नहीं। यदि आरोप सही नहीं थे, तो प्रधानमंत्री को सार्वजनिक रूप से माफी मांगनी चाहिए। उनके इस बयान ने केंद्र की राजनीति को भी चर्चा में ला दिया है।
सुनेत्रा पवार की शपथ और एनसीपी की दिशा पर सवाल
सुनेत्रा पवार के उपमुख्यमंत्री पद की शपथ को लेकर उदित राज ने कहा कि अगर शपथ ग्रहण हो रहा है, तो इसके पीछे निश्चित रूप से कोई राजनीतिक रणनीति या कारण होगा। उन्होंने कहा कि यह देखना रोचक होगा कि शरद पवार के नेतृत्व वाली एनसीपी अब किस दिशा में आगे बढ़ती है और पार्टी की भविष्य की राजनीति क्या मोड़ लेती है।
अजीत पवार के निधन पर निष्पक्ष जांच की मांग
विमान हादसे में अजीत पवार के निधन को लेकर पूछे गए सवाल पर उदित राज ने कहा कि इस पूरे मामले की निष्पक्ष और पारदर्शी जांच होनी चाहिए। उन्होंने जोर देते हुए कहा कि ऐसी घटनाओं में सच्चाई सामने आना बेहद जरूरी है, ताकि किसी भी तरह की अटकलों और संदेहों पर विराम लगाया जा सके।









