
Shraddha Dubey News: उत्तर प्रदेश की राजधानी लखनऊ में कारोबारी शिवा शर्मा की मौत के मामले में मॉडल श्रद्धा शुक्ला, उसकी बहन रश्मि और ड्राइवर दानिश को अदालत से बड़ा झटका लगा है। प्रभारी मुख्य न्यायिक मजिस्ट्रेट (सीजेएम) आलोक वर्मा की अदालत ने तीनों आरोपियों की जमानत अर्जी खारिज कर दी है।
अदालत ने कहा कि मामला गंभीर प्रकृति का है और इसका परीक्षण सत्र न्यायालय में किया जाना है। ऐसे में आरोपियों को जमानत देने का कोई उचित आधार नहीं बनता। इससे पहले श्रद्धा की ओर से उसके अधिवक्ता ने सीजेएम कोर्ट में जमानत अर्जी दाखिल की थी। फिलहाल, अदालत के फैसले के बाद तीनों आरोपियों को जेल में ही रहना होगा।
नागपुर से गिरफ्तारी के बाद लखनऊ लाई गई थी श्रद्धा

शिवा शर्मा की मौत के मामले में हजरतगंज पुलिस ने श्रद्धा शुक्ला, उसकी बहन रश्मि और ड्राइवर दानिश को नागपुर से गिरफ्तार किया था। पुलिस के मुताबिक, तीनों को मंगलवार दोपहर नागपुर के बेतलारोड़ी इलाके में स्थित एक फ्लैट से पकड़ा गया था। गिरफ्तारी के बाद पुलिस टीम तीनों को लखनऊ लेकर पहुंची। गुरुवार सुबह करीब पौने 10 बजे उन्हें हजरतगंज कोतवाली लाया गया। इसके बाद पुलिस उपायुक्त मध्य अर्पित विजयवर्गीय के सर्विलांस कार्यालय में उनसे पूछताछ की गई। करीब साढ़े छह घंटे तक पूछताछ चली।
पूछताछ के बाद तीनों आरोपियों का सिविल अस्पताल में मेडिकल परीक्षण कराया गया। फिर उन्हें अदालत में पेश किया गया, जहां से 10 दिन की न्यायिक हिरासत में जेल भेजने की जानकारी सामने आई थी।
जिला जेल में श्रद्धा की तलाशी, बहन के साथ क्वारंटाइन बैरक में रखा गया
गुरुवार रात करीब साढ़े आठ बजे श्रद्धा शुक्ला, उसकी बहन रश्मि और चालक तनवीर अली उर्फ दानिश को लखनऊ जिला जेल में दाखिल कराया गया। जेल के मुख्य गेट पर तीनों के नाम दर्ज किए गए। इसके बाद जेल अधिकारियों की मौजूदगी में उनकी तलाशी ली गई. रिपोर्ट के मुताबिक, तलाशी के दौरान श्रद्धा ने कुछ ऐतराज जताया, लेकिन महिला जेलकर्मियों ने निर्धारित प्रक्रिया के तहत तलाशी पूरी की। इसके बाद जेल के डॉक्टरों और फार्मासिस्ट ने तीनों का मेडिकल परीक्षण किया। जेल रिकॉर्ड में उनकी व्यक्तिगत और पारिवारिक जानकारी के साथ पहचान संबंधी निशान भी दर्ज किए गए।

जेल में दाखिले की औपचारिकताएं पूरी होने के बाद श्रद्धा और उसकी बहन रश्मि को महिला बैरक के क्वारंटाइन हिस्से में अन्य महिला बंदियों से अलग रखा गया। वहीं, चालक दानिश को पुरुष बैरक में भेज दिया गया।
क्या है लखनऊ का शिवा शर्मा हत्याकांड?
यह मामला लखनऊ के बालू अड्डा स्थित अवध ग्रीन अपार्टमेंट से जुड़ा है। नौ अक्टूबर की रात चिकन कारोबारी और कैफे संचालक शिवा शर्मा की चौथी मंजिल से संदिग्ध परिस्थितियों में गिरने के बाद मौत हो गई थी। शिवा अलीगंज के कपूरथला इलाके में रहते थे और करीब एक साल से मॉडल श्रद्धा दुबे के साथ लिव-इन रिलेशनशिप में थे।

शिवा की मां रंजना ने श्रद्धा पर गंभीर आरोप लगाए थे। उनका आरोप था कि श्रद्धा उनके बेटे को झूठे मुकदमे में फंसाने की कोशिश करती थी और उसे सिगरेट से जलाया जाता था। उन्होंने यह भी आरोप लगाया कि माफिया और कुछ नामचीन लोगों के जरिए धमकियां दिलाई गईं। शिवा की मां की शिकायत पर हजरतगंज कोतवाली में श्रद्धा, उसकी बहन रश्मि समेत चार लोगों के खिलाफ हत्या का मुकदमा दर्ज किया गया था। घटना के बाद आरोपी फरार हो गए थे, जिनमें से तीन को बाद में नागपुर से गिरफ्तार किया गया।
फिलहाल, मामले में अदालत ने जमानत देने से इनकार कर दिया है। शिवा की मौत की परिस्थितियों और आरोपों पर अंतिम फैसला न्यायिक प्रक्रिया के बाद ही होगा। आरोपियों के खिलाफ लगाए गए आरोप अभी अदालत में साबित होना बाकी हैं।











