कैच छोड़ने पर आपा खो बैठीं शेफाली वर्मा, ICC ने सुनाई सजा; गलती भी की स्वीकार

नई दिल्ली  भारतीय महिला क्रिकेट टीम की स्टार बल्लेबाज शेफाली वर्मा पर आईसीसी ने नियम तोड़ने के चलते कड़ा एक्शन लिया है। हालांकि, शेफाली ने अपनी गलती मान ली है और आईसीसी की तरफ से सुनाई गई सजा को स्वीकार कर लिया है। शेफाली ने कैच छूटने पर गेंद को गुस्से को जमीन पर पटक दिया था। इसी वजह से उनके खिलाफ एक्शन लिया गया है। आईसीसी की तरफ से बताया गया कि शेफाली ने खिलाड़ियों और सपोर्ट स्टाफ के लिए आईसीसी की आचार संहिता के आर्टिकल 2.2 का उल्लंघन किया था। यह आर्टिकल अंतर्राष्ट्रीय मैच के दौरान क्रिकेट उपकरण

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Published On :

अक्टूबर 20, 2026

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नई दिल्ली
 भारतीय महिला क्रिकेट टीम की स्टार बल्लेबाज शेफाली वर्मा पर आईसीसी ने नियम तोड़ने के चलते कड़ा एक्शन लिया है। हालांकि, शेफाली ने अपनी गलती मान ली है और आईसीसी की तरफ से सुनाई गई सजा को स्वीकार कर लिया है। शेफाली ने कैच छूटने पर गेंद को गुस्से को जमीन पर पटक दिया था। इसी वजह से उनके खिलाफ एक्शन लिया गया है।

आईसीसी की तरफ से बताया गया कि शेफाली ने खिलाड़ियों और सपोर्ट स्टाफ के लिए आईसीसी की आचार संहिता के आर्टिकल 2.2 का उल्लंघन किया था। यह आर्टिकल अंतर्राष्ट्रीय मैच के दौरान क्रिकेट उपकरण या ड्रेस, मैदान उपकरण या फिक्स्चर और फिटिंग के दुरुपयोग से संबंधित है। इसके बाद शेफाली के डिसीप्लेन रिकॉर्ड में एक डिमेरिट प्वाइंट जोड़ा गया है।

24 महीन में पहली गलती
आईसीसी के रिकॉर्ड के अनुसार पिछले 24 महीने में शेफाली ने पहली बार ऐसी गलती की थी। इस वजह से उनके खिलाफ ज्यादा एक्शन नहीं लिया गया। अगर वह बार-बार ऐसा करती हैं तो उन पर एक मैच का बैन भी लगाया जा सकता है। नियम के अनुसार लेवल 1 का अपराध करने पर आधिकारिक फटाकर लगाई जाती है और ज्यादा सख्ती करने पर मैच फीस का 50 फीसदी जुर्माना और एक या दो डिमेरिट प्वाइंट दिए जा सकते हैं

कब लगता है बैन?
जब कोई खिलाड़ी 24 महीने के समय में चार या उससे ज्दाया डिमेरिट पॉइंट्स तक पहुंच जाता है, तो उन्हें सस्पेंशन पॉइंट्स में बदल दिया जाता है और खिलाड़ी पर बैन लगा दिया जाता है। 2 सस्पेंशन पॉइंट्स होने पर एक टेस्ट या दो वनडे या 2 टी20 मैच से उस खिलाड़ी को बैन किया जाता है। जिस भी फॉर्मेट में टीम पहले खेलती है, उस हिसाब से बैन लगाया जाता है। डिमेरिट पॉइंट्स खिलाड़ी या सपोर्ट स्टाफ के डिसिप्लिनरी रिकॉर्ड में 24 महीने तक रहते हैं। इसके बाद उन्हें हटा दिया जाता है।

रायपुर में हुई थी घटना
यह घटना 18 अक्टूबर, रविवार को रायपुर में भारत और जिम्बाब्वे के बीच खेले गए दूसरे टी20 अंतरराष्ट्रीय मैच की पहली पारी के 12वें ओवर में हुई थी। शेफाली मिड ऑफ पर फील्डिंग कर रही थीं और गेंदबाजी श्री चरणी कर रही थीं। जिम्बाब्वे की बल्लेबाज चिपो मुगेरी-तिरिपानो ने हवा में शॉ खेला और गेंद सीधे शेफाली के पास गई। हालांकि, वह सही तरीके से कैच नहीं पकड़ सकीं और गेंद उनके हाथ से छूट गई। इसके बाद उन्होंने गुस्से में गेंद को जमीन पर पटक दिया। इसी वजह से उनके खिलाफ एक्शन लिया गया है।

शेफाली वर्मा ने मानी गलती
शेफाली वर्मा ने अपनी गलती स्वीकार कर ली है। उन्होंने अमीरात आईसीसी इंटरनेशनल पैनल ऑफ मैच रेफरी की जीएस लक्ष्मी द्वारा प्रस्तावित सजा को भी मान लिया, इसलिए औपचारिक सुनवाई की कोई जरूरत नहीं पड़ी।

सीरीज जीत चुकी है टीम इंडिया
पहले टी20 मैच में कड़ी टक्कर के बाद, भारत ने रायपुर में दूसरे मैच में शानदार प्रदर्शन करते हुए सीरीज में अजेय बढ़त हासिल कर ली। मेहमान टीम 102/8 पर सिमट गई, जिसके बाद भारत ने नौवें ओवर में ही लक्ष्य हासिल कर लिया। शेफाली ने बल्ले से शानदार प्रदर्शन करते हुए मात्र 25 गेंदों में 55 रन बनाए। दोनों टीमों के बीच तीसरा टी20 अंतरराष्ट्रीय मैच 20 अक्टूबर को रायपुर में खेला जाएगा।