Rahul Gandhi Warning: राहुल गांधी की पंजाब कांग्रेस को खुली चेतावनी, ‘टीम प्लेयर बनो वरना मैं ठीक कर दूंगा’

पंजाब कांग्रेस की अंदरूनी कलह से परेशान राहुल गांधी ने अब आर-पार की लड़ाई का मन बना लिया है। चंडीगढ़ में हुई बैठक में उन्होंने नेताओं को दो टूक कहा कि अगर गुटबाजी बंद नहीं हुई तो वह खुद 'इलाज' करेंगे। आखिर राहुल के इस गुस्से का शिकार कौन सा बड़ा नेता होगा?

Wrriten By :

Chandan Das

Published On :

फ़रवरी 28, 2026

Rahul Gandhi Warning:  पंजाब के बरनाला में आयोजित ‘मजदूर महारैली’ के दौरान कांग्रेस सांसद राहुल गांधी ने अपनी ही पार्टी के नेताओं को अनुशासन का पाठ पढ़ाया। पंजाब कांग्रेस में लंबे समय से चल रही गुटबाजी पर कड़ा रुख अख्तियार करते हुए राहुल ने कहा कि कोई भी व्यक्ति पार्टी से बड़ा नहीं है। उन्होंने क्रिकेट का उदाहरण देते हुए कहा, “खेल टीम वर्क से जीता जाता है, एक अकेला खिलाड़ी मैच नहीं जिता सकता।” उन्होंने साफ शब्दों में चेतावनी दी कि जो नेता टीम प्लेयर बनकर काम नहीं करेंगे, उन्हें ‘रिजर्व बेंच’ पर बैठा दिया जाएगा। राहुल ने जोर देकर कहा कि कांग्रेस की असली शक्ति उसके कार्यकर्ता हैं और पंजाब में जो भी निर्णय होगा, वह कार्यकर्ताओं के सम्मान को ध्यान में रखकर ही लिया जाएगा।

भारत-अमेरिका कृषि समझौते पर मोदी सरकार को घेरा

राहुल गांधी ने रैली में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप के बीच हुए हालिया कृषि समझौते पर तीखा हमला बोला। उन्होंने दावा किया कि पिछले चार महीनों से जो डील रुकी हुई थी, उसे पीएम मोदी ने ट्रंप के एक फोन कॉल के बाद महज 15 मिनट में स्वीकार कर लिया। राहुल ने आरोप लगाया कि इस समझौते के तहत भारत ने सोयाबीन, दाल, अखरोट और बादाम का बाजार अमेरिका के लिए खोल दिया है। उन्होंने चेतावनी दी कि इस फैसले से पंजाब, हरियाणा, हिमाचल और मध्य प्रदेश समेत कई राज्यों के किसान पूरी तरह बर्बाद हो जाएंगे। राहुल के अनुसार, ट्रंप के दबाव में आकर पीएम मोदी ने भारतीय किसानों के हितों का सौदा कर दिया है।

मल्लिकार्जुन खड़गे का प्रहार: “नरेंद्र मोदी अब ‘सरेंडर मोदी’ बन गए हैं”

कांग्रेस के राष्ट्रीय अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खड़गे ने केंद्र और पंजाब की ‘आप’ सरकार दोनों पर निशाना साधा। खड़गे ने पीएम मोदी को ‘सरेंडर मोदी’ संबोधित करते हुए कहा कि वे विदेशी ताकतों के सामने सिर झुका रहे हैं और देश के संसाधनों को बेच रहे हैं। उन्होंने कार्यकर्ताओं को आह्वान किया कि उन्हें दो मोर्चों पर जंग लड़नी है—एक तरफ केंद्र की किसान विरोधी नीतियों के खिलाफ और दूसरी तरफ पंजाब की वर्तमान सरकार के खिलाफ। खड़गे ने आरोप लगाया कि मोदी सरकार जल, जंगल और जमीन से जुड़े उन कानूनों को खत्म कर रही है जिन्हें कांग्रेस ने जनता के संरक्षण के लिए बनाया था।

चरणजीत सिंह चन्नी और प्रताप बाजवा की मांगें: MSP और अग्निवीर पर वार

पूर्व मुख्यमंत्री और सांसद चरणजीत सिंह चन्नी ने अरविंद केजरीवाल पर तीखा हमला करते हुए उन्हें “पंजाब को लूटने वाला” बताया। उन्होंने राहुल गांधी को भरोसा दिलाया कि पंजाब की जनता उनकी ओर उम्मीद से देख रही है, विशेषकर MSP की कानूनी गारंटी और मनरेगा के विस्तार के वादों को लेकर। वहीं, नेता प्रतिपक्ष प्रताप सिंह बाजवा ने 2027 के विधानसभा चुनावों का बिगुल फूंकते हुए तीन मुख्य मांगें रखीं। बाजवा ने कहा कि कांग्रेस सरकार आने पर ‘अग्निवीर’ योजना को बंद कर सेना में पुरानी नियमित भर्ती प्रक्रिया बहाल की जाए और अमेरिका के साथ हुए इस किसान विरोधी कृषि समझौते को तुरंत रद्द किया जाए।

Read More:  Pak-Afghan Conflict: संयुक्त राष्ट्र की दखल, महासचिव की चेतावनी- ‘तत्काल थमे यह जंग वरना तबाह होगा क्षेत्र’