Devendra Fadnavis on Rahul Gandhi: राहुल गांधी के पुणे कार्यक्रम पर सियासी बवाल, फडणवीस ने लगाए बड़े आरोप

राहुल गांधी के ‘छात्रों की गूंज’ कार्यक्रम को लेकर महाराष्ट्र की राजनीति गरमा गई है। 22 अगस्त को पुणे में होने वाले कार्यक्रम को पुलिस ने 30 शर्तों के साथ मंजूरी दी है। CM देवेंद्र फडणवीस ने आयोजन की मंशा और चयनित छात्राओं की भागीदारी पर सवाल उठाते हुए इसे ‘कंट्रोल्ड एनवायरनमेंट’ बताया है।

Devendra Fadnavis on Rahul Gandhi

Wrriten By :

Chandan Das

Published On :

अगस्त 20, 2026

Devendra Fadnavis on Rahul Gandhi: पुणे में 22 अगस्त को होने वाले कांग्रेस नेता राहुल गांधी के ‘छात्रों की गूंज’ कार्यक्रम को लेकर महाराष्ट्र की सियासत गरमा गई है। पुणे पुलिस ने कड़ी शर्तों के साथ कार्यक्रम को मंजूरी दे दी है। इसी बीच मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस ने कार्यक्रम की मंशा पर सवाल खड़े करते हुए कांग्रेस और राहुल गांधी पर तीखा राजनीतिक हमला बोला है। फडणवीस ने पूछा कि क्या यह वास्तव में छात्रों से संवाद का कार्यक्रम है या राहुल गांधी अपने लिए एक नया राजनीतिक मंच तैयार करने की कोशिश कर रहे हैं?

राहुल गांधी के छात्र संवाद कार्यक्रम पर CM फडणवीस ने लगाए गंभीर आरोप

बताते चले कि, मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस ने दावा किया कि ‘छात्रों की गूंज’ कार्यक्रम में सभी छात्रों को समान रूप से शामिल होने का अवसर नहीं दिया जा रहा है। उनके मुताबिक, कार्यक्रम में मुख्य रूप से कांग्रेस से जुड़े शैक्षणिक संस्थानों की छात्राओं को शामिल करने की तैयारी की जा रही है। फडणवीस ने आरोप लगाया कि पुणे और आसपास के इलाकों में कांग्रेस समर्थित संस्थानों की छात्राओं के रजिस्ट्रेशन पर विशेष जोर दिया जा रहा है।

‘कंट्रोल्ड एनवायरनमेंट’ में राहुल गांधी का कार्यक्रम कराने का आरोप

फडणवीस ने आरोप लगाया कि राहुल गांधी का यह कार्यक्रम एक ‘कंट्रोल्ड एनवायरनमेंट’ में आयोजित किया जा रहा है। उन्होंने कहा कि जिन छात्राओं का चयन किया जाएगा, केवल उन्हीं को कार्यक्रम स्थल में प्रवेश की अनुमति मिलने की बात सामने आ रही है। मुख्यमंत्री के मुताबिक, ऐसी स्थिति में यह कार्यक्रम छात्रों के साथ खुले और स्वतंत्र संवाद के बजाय पहले से तय लोगों के बीच राजनीतिक संबोधन जैसा नजर आता है।

राहुल गांधी के ‘छात्रों की गूंज’ पर बोले फडणवीस- संवाद या एकतरफा भाषण?

मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस ने कार्यक्रम की प्रकृति पर भी सवाल उठाया। उन्होंने कहा कि अगर केवल चुनिंदा छात्राओं को ही कार्यक्रम में शामिल होने की अनुमति होगी, तो इसे वास्तविक छात्र संवाद कहना मुश्किल होगा। फडणवीस के अनुसार, यह आमंत्रित लोगों के सामने कांग्रेस की ओर से दिया जाने वाला एकतरफा भाषण बन सकता है। उनके इस बयान के बाद महाराष्ट्र में कांग्रेस और बीजेपी के बीच राजनीतिक बयानबाजी और तेज होने की संभावना है।

22 अगस्त को पुणे में राहुल गांधी का बड़ा छात्र कार्यक्रम

दरअसल, राहुल गांधी की राष्ट्रीय स्तर पर चल रही ‘छात्रों की गूंज’ मुहिम के तहत 22 अगस्त को पुणे में बड़ा कार्यक्रम आयोजित किया जाना है। यह कार्यक्रम आरटीओ चौक के पास एसएसपीएमएस कॉलेज मैदान में प्रस्तावित है। कार्यक्रम में छात्राओं के साथ शिक्षा, सुरक्षा, प्रतिस्पर्धी परीक्षाओं और रोजगार जैसे मुद्दों पर चर्चा की जानी है। कांग्रेस इस आयोजन के जरिए युवाओं और छात्रों से जुड़े मुद्दों को सामने रखने की कोशिश कर रही है।

पुणे पुलिस ने ‘छात्रों की गूंज’ कार्यक्रम को 30 शर्तों के साथ दी मंजूरी

राहुल गांधी के ‘छात्रों की गूंज’ कार्यक्रम को पुणे पुलिस ने करीब 30 शर्तों के साथ अनुमति दी है। पुलिस की ओर से जारी दिशा-निर्देशों में आपत्तिजनक चित्रों, पोस्टर या बैनर के प्रदर्शन पर रोक लगाई गई है। इसके अलावा आयोजकों को यह भी सुनिश्चित करना होगा कि कार्यक्रम के दौरान किसी भी व्यक्ति या समुदाय की धार्मिक भावनाओं को ठेस न पहुंचे।

राहुल गांधी के पुणे कार्यक्रम में 8 से 10 हजार लोगों के जुटने का अनुमान

पुलिस की अनुमति के अनुसार, राहुल गांधी का यह कार्यक्रम शाम करीब साढ़े चार बजे से रात साढ़े नौ बजे तक आयोजित किया जाना है। आयोजन स्थल पर बड़ी संख्या में लोगों के पहुंचने की संभावना है। अनुमान है कि कार्यक्रम में करीब 8,000 से 10,000 लोगों की भीड़ जुट सकती है। ऐसे में पुलिस और प्रशासन की ओर से सुरक्षा और व्यवस्था को लेकर विशेष तैयारियां की जा रही हैं।

‘छात्रों की गूंज’ पर बढ़ी सियासी गर्मी

राहुल गांधी के पुणे दौरे से पहले ही ‘छात्रों की गूंज’ कार्यक्रम राजनीतिक बहस का मुद्दा बन गया है। एक तरफ कांग्रेस इसे छात्रों और युवाओं से जुड़े महत्वपूर्ण सवालों पर संवाद का मंच बता रही है, वहीं मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस ने इसकी निष्पक्षता और आयोजन की मंशा पर सवाल उठा दिए हैं। अब नजर इस बात पर रहेगी कि कांग्रेस फडणवीस के आरोपों का क्या जवाब देती है और 22 अगस्त को पुणे में होने वाला राहुल गांधी का कार्यक्रम किस तरह राजनीतिक संदेश देता है।