Rahul Gandhi ने खटखटाया SC का दरवाजा, इलाहाबाद HC के फैसले को दी चुनौती

राहुल गांधी ने सुप्रीम कोर्ट में याचिका दाखिल कर इलाहाबाद हाई कोर्ट के आदेश को चुनौती देने के साथ-साथ इस पूरे मामले को इलाहाबाद हाई कोर्ट से दिल्ली हाई कोर्ट ट्रांसफर करने की भी मांग की है।

Rahul Gandhi

Wrriten By :

Nivedita Kasaudhan

Published On :

अगस्त 13, 2026

Rahul Gandhi: भारतीय राजनीति के गलियारों में एक बार फिर से बड़ी हलचल देखने को मिल रही है। लोकसभा में विपक्ष के नेता और कांग्रेस सांसद राहुल गांधी ने आय से अधिक संपत्ति के एक मामले में सर्वोच्च न्यायालय यानी सुप्रीम कोर्ट का रुख किया है। उन्होंने इलाहाबाद हाई कोर्ट द्वारा मई और जुलाई 2026 के दौरान दिए गए उस आदेश को चुनौती दी है, जिसमें केंद्रीय जांच एजेंसियों को उनके खिलाफ कानूनी कार्रवाई करने की बात कही गई थी। राहुल गांधी की कानूनी टीम ने सुप्रीम कोर्ट से इस फैसले को पूरी तरह से रद्द करने की जोरदार अपील की है।

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क्या है पूरा मामला और किसकी शिकायत?

यह पूरा कानूनी विवाद कर्नाटक के एक बीजेपी कार्यकर्ता विघ्नेश शिशिर की ओर से दायर की गई शिकायत से जुड़ा हुआ है। शिकायतकर्ता ने राहुल गांधी पर उनकी घोषित आय की तुलना में कहीं अधिक संपत्ति होने का गंभीर आरोप लगाया था।

इस मामले की सुनवाई करते हुए इलाहाबाद हाई कोर्ट ने कड़ा रुख अपनाया था। अदालत ने अपने आदेश में स्पष्ट किया था कि शिकायत में लगाए गए तमाम आरोपों का कानून के दायरे में रहकर निष्पक्ष वैरिफिकेशन (सत्यापन) होना बेहद जरूरी है। इसके साथ ही, हाई कोर्ट ने केंद्रीय अन्वेषण ब्यूरो (CBI) और प्रवर्तन निदेशालय (ED) जैसी प्रमुख जांच एजेंसियों को अपने वैधानिक अधिकारों के तहत इस मामले में आवश्यक कदम उठाने के निर्देश दिए थे।

इलाहाबाद हाई कोर्ट की पिछली कार्यवाहियां और सवाल

इस हाई-प्रोफाइल मामले की सुनवाई के दौरान इलाहाबाद हाई कोर्ट ने कईहम टिप्पणियां की थीं। अदालत ने सीबीआई की अब तक की कार्रवाई और उसके तौर-तरीकों पर भी गंभीर सवाल उठाए थे।

सीबीआई हलफनामे पर नाराजगी: पिछले दिनों 20 जुलाई को सुनवाई के दौरान अदालत ने सीबीआई द्वारा दाखिल किए गए हलफनामे पर गहरी असंतोष जताया था। कोर्ट का कहना था कि यह हलफनामा अदालत द्वारा पहले दिए गए निर्देशों के बिल्कुल अनुरूप नहीं है।

ईडी की कार्रवाई: दूसरी ओर, प्रवर्तन निदेशालय (ED) की तरफ से अदालत को यह जानकारी दी गई थी कि इस मामले में जरूरी कानूनी कार्रवाई की प्रक्रिया पहले ही शुरू की जा चुकी है।

प्रगति रिपोर्ट और अगली तारीख: हाई कोर्ट ने दोनों केंद्रीय जांच एजेंसियों को मामले की जांच से जुड़ी प्रोग्रेस रिपोर्ट भी अदालत में जमा करने के निर्देश दिए थे। इस मामले की अगली सुनवाई के लिए 20 अगस्त की तारीख तय की गई थी।

सुप्रीम कोर्ट में दोहरी याचिका

इलाहाबाद हाई कोर्ट के इन फैसलों और निर्देशों के खिलाफ राहुल गांधी ने सिर्फ आदेश को ही चुनौती नहीं दी है, बल्कि सुप्रीम कोर्ट में एक अलग ट्रांसफर पिटीशन (स्थानांतरण याचिका) भी दाखिल की है।

इस ट्रांसफर याचिका के माध्यम से उन्होंने अदालत से अनुरोध किया है कि इस पूरे मामले की सुनवाई को इलाहाबाद हाई कोर्ट से हटाकर दिल्ली हाई कोर्ट में ट्रांसफर कर दिया जाए। देश की सबसे बड़ी अदालत अब इन दोनों ही महत्वपूर्ण याचिकाओं पर एक साथ आगामी 17 अगस्त को सुनवाई करने जा रही है। इस आगामी सुनवाई पर पूरे देश की राजनीतिक और कानूनी जगत की निगाहें टिकी हुई हैं।

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