Rabri Devi News: बिहार की राजनीति में आवास का मुद्दा एक बार फिर गरमा गया है। पूर्व मुख्यमंत्री राबड़ी देवी ने पटना के 10 सर्कुलर रोड स्थित अपने सरकारी आवास को खाली करने से साफ इनकार कर दिया है। भवन निर्माण विभाग द्वारा बंगला खाली करने के लिए भेजे गए तीसरे नोटिस पर तीखी प्रतिक्रिया देते हुए उन्होंने कहा कि यदि सरकार को बंगला खाली करवाना है, तो वे सम्राट चौधरी फोर्स बुलवाकर इसे खाली करवा लें। यह घटनाक्रम तब सामने आया है जब विभाग ने स्पष्ट किया है कि यह आवास अब पशुपालन मंत्री नंदकिशोर राम को आवंटित कर दिया गया है।
बंगला खाली करने के सवाल पर राबड़ी देवी का कड़ा रुख
बताते चले कि, दिल्ली से पटना लौटने के बाद राबड़ी देवी ने इस मुद्दे पर अपना रुख स्पष्ट करते हुए कहा कि वह किसी भी हाल में 10 सर्कुलर रोड वाला घर नहीं छोड़ेंगी। नोटिस के जवाब में उन्होंने सरकार को खुली चुनौती दी है। उनके इस दो टूक जवाब ने प्रशासनिक गलियारों में हलचल पैदा कर दी है। विभाग का कहना है कि उन्हें बार-बार निर्देश देने के बावजूद उन्होंने घर खाली नहीं किया है, जबकि अब उनके लिए नया आवास निर्धारित कर दिया गया है।
नेता प्रतिपक्ष के लिए आवंटित है 39 हार्डिंग रोड का नया सरकारी बंगला
भवन निर्माण विभाग के आंकड़ों के अनुसार, राबड़ी देवी को नवंबर 2025 में ही विधान परिषद में नेता प्रतिपक्ष के तौर पर 39 हार्डिंग रोड स्थित आवास आवंटित कर दिया गया था। विभाग का तर्क है कि सरकारी नियमों के तहत, जब एक बार नया आवास आवंटित कर दिया जाता है, तो पुराने सरकारी आवास पर कब्जा बनाए रखना उचित नहीं है। हालांकि, नया घर मिलने के बावजूद पूर्व मुख्यमंत्री अभी भी पुराने बंगले में ही रह रही हैं, जिसे लेकर विभाग ने कड़ा रुख अपनाया है।
लालू परिवार और 10 सर्कुलर रोड का पुराना रिश्ता
लालू प्रसाद यादव और उनका परिवार वर्ष 2005 से ही 10 सर्कुलर रोड स्थित इस सरकारी बंगले में निवास कर रहा है। यह आवास लंबे समय से लालू परिवार का प्रमुख राजनीतिक केंद्र रहा है। भवन निर्माण विभाग ने दावा किया है कि पिछले छह महीनों में उन्हें कई बार अनौपचारिक रूप से आग्रह किया गया कि वे नए आवास में शिफ्ट हो जाएं, लेकिन उनके द्वारा इन आग्रहों को अनसुना कर दिया गया, जिसके बाद विभाग को नोटिस भेजने की प्रक्रिया शुरू करनी पड़ी।
नोटिसों का सिलसिला और सामान शिफ्टिंग की धीमी गति
भवन निर्माण विभाग की ओर से यह तीसरा आधिकारिक नोटिस है। लगभग एक महीने पहले भी विभाग ने उन्हें बंगला खाली करने के निर्देश दिए थे। वहीं, सूत्रों की मानें तो 10 सर्कुलर रोड से सामानों को अन्य स्थानों पर शिफ्ट करने की प्रक्रिया बहुत धीमी गति से चल रही है, जिसे विभाग ने अब एक बड़ी समस्या माना है। हालांकि, फिलहाल स्थिति यह है कि पूर्व मुख्यमंत्री अभी भी इसी आवास में बनी हुई हैं, जिससे बिहार की राजनीति में एक नया विवाद उत्पन्न हो गया है










