Punjab Nikay Chunav Result 2026: शहरी वोटर किसके साथ? निकाय चुनाव नतीजों ने BJP का भ्रम तोड़ा, भगवंत मान का बड़ा दावा

पंजाब के नगर निकाय चुनावों में आम आदमी पार्टी ने एकतरफा जीत दर्ज करते हुए विपक्ष को पीछे छोड़ दिया है। मुख्यमंत्री भगवंत मान ने परिणामों को 2027 की बड़ी जीत का संकेत बताया है। निकाय चुनाव में भाजपा और अन्य दलों के खराब प्रदर्शन पर निशाना साधते हुए मान ने कहा कि पंजाब की जनता ने विकास और धर्मनिरपेक्षता पर मुहर लगा दी है।

Wrriten By :

Aanchal Singh

Published On :

मई 29, 2026

Punjab Nikay Chunav Result 2026:  पंजाब में शुक्रवार, 29 मई को घोषित हुए नगर निकाय चुनाव के नतीजों ने राज्य की राजनीतिक तस्वीर साफ कर दी है। इन चुनावों में सत्तारूढ़ आम आदमी पार्टी (AAP) ने अभूतपूर्व सफलता हासिल करते हुए अपना परचम लहराया है। इस बड़ी जीत पर मुख्यमंत्री भगवंत मान ने उत्साह जताते हुए कहा कि स्थानीय निकायों के ये परिणाम स्पष्ट संकेत हैं कि वर्ष 2027 के विधानसभा चुनावों में ‘आप’ और भी बड़े बहुमत के साथ सत्ता में वापसी करेगी। उन्होंने दावा किया कि आने वाले विधानसभा चुनाव के लिए इससे अनुकूल माहौल और कोई नहीं हो सकता।

धर्म-जाति की राजनीति को नकार कर जनता ने चुना विकास

मुख्यमंत्री मान ने जीत का श्रेय पंजाब की जनता को देते हुए कहा कि लोगों ने आम आदमी पार्टी के शासनकाल में किए गए जनहित के कार्यों पर अपनी मुहर लगाई है। उन्होंने कहा कि पंजाब के मतदाताओं ने भारतीय जनता पार्टी (BJP) की नफरत और धर्म-जाति के नाम पर बांटने वाली ‘विभाजनकारी राजनीति’ को पूरी तरह से नकार दिया है। उनके अनुसार, पंजाब की जागरूक जनता ने विकास और धर्मनिरपेक्षता (Secularism) के एजेंडे को अपना समर्थन दिया है।

भाजपा की करारी हार, मुख्य विपक्षी दलों पर भारी ‘आप’

विपक्ष पर सीधा हमला बोलते हुए भगवंत मान ने कहा कि आज की स्थिति यह है कि राज्य में आम आदमी पार्टी का कोई ठोस मुकाबला ही नहीं दिख रहा है। चुनावी आंकड़ों का हवाला देते हुए उन्होंने बताया कि शहरी क्षेत्रों में भाजपा का आधार मजबूत होने का दावा हवा-हवाई साबित हुआ है और वे पांचवें स्थान पर सिमट गए हैं। सीएम ने गर्व के साथ कहा कि ‘आप’ की कुल जीती हुई सीटें कांग्रेस, अकाली दल और भाजपा के सम्मिलित आंकड़ों से भी कहीं अधिक हैं। राज्य की 90 प्रतिशत से अधिक नगर पंचायतों और नगर परिषदों में आम आदमी पार्टी ने एकतरफा जीत हासिल की है।

सरकारी तंत्र और एजेंसियों के दुरुपयोग का आरोप

‘2027 की तैयारी’ पर चर्चा करते हुए मुख्यमंत्री ने कहा कि इस शानदार माहौल को बिगाड़ने के लिए विरोधी दल लगातार साजिशें रच रहे हैं। उन्होंने आरोप लगाया कि उनके नेताओं पर प्रवर्तन निदेशालय (ED) के छापे डलवाए जा रहे हैं, व्यापारियों को अनावश्यक रूप से परेशान किया जा रहा है और पार्टी के राज्यसभा सांसदों को दबाव बनाकर दल-बदल कराया जा रहा है। इन तमाम विपरीत परिस्थितियों के बावजूद, पार्टी ने पंजाब के तीनों प्रमुख क्षेत्रों—माझा, मालवा और दोआबा—में अपनी जीत का झंडा गाड़ा है।

निकाय चुनाव में ऐतिहासिक मतदान

उल्लेखनीय है कि पंजाब के 8 नगर निगमों, 75 नगर परिषदों और 20 नगर पंचायतों के कुल 1977 वार्डों के लिए 26 मई को मतदान प्रक्रिया संपन्न हुई थी। इस चुनाव में भारी मतदान के बाद आए परिणामों ने साबित कर दिया है कि आम आदमी पार्टी का जनाधार ग्रामीण ही नहीं, बल्कि शहरी मतदाताओं के बीच भी तेजी से बढ़ा है। यह जनादेश राज्य सरकार के लिए एक बड़े आत्मविश्वास के रूप में देखा जा रहा है।